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  • The statue of former CM in Bhopal has not been removed yet; the statue of former PM Indira Gandhi in Chhindwara

दैनिक भास्कर हिंदी: भोपाल में पूर्व सीएम की प्रतिमा अभी हटी नहीं, छिंदवाड़ा में हो गया पूर्व पीएम इंदिरा गांधी की प्रतिमा का अनावरण

December 4th, 2019

सुप्रीम कोर्ट के दिशा निर्देशों का पालन न होने पर हाईकोर्ट ने जताई कड़ी नाराजगी, मुख्य सचिव को 5 दिसम्बर तक जवाब पेश करने के निर्देश

जिटल डेस्क जबलपुर। भोपाल में प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. अर्जुन सिंह की प्रतिमा हटाए जाने को लेकर दायर मामले के विचाराधीन रहते छिंदवाड़ा में पूर्व प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गांधी की प्रतिमा का अनावरण होने पर हाईकोर्ट ने मंगलवार को कड़ी नाराजगी जताई। जस्टिस संजय यादव और जस्टिस अतुल श्रीधरन की युगलपीठ ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा मूर्तियों की स्थापना को लेकर जारी दिशा निर्देशों का राज्य में पालन न होने पर प्रदेश के मुख्य सचिव को 5 दिसम्बर तक जवाब पेश करने कहा है।
गौरतलब है कि जबलपुर के अधिवक्ता ग्रीष्म जैन ने हाईकोर्ट में यह जनहित याचिका दायर करके भोपाल के टीटी नगर लिंक रोड पर चौक के बीचों-बीच प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह की दस फीट की मूर्ति लगाये जाने को चुनौती दी है। आवेदक का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने सड़कों या सरकारी जगहों पर नेताओं की मूर्ति लगाने पर रोक लगाई है। ग्वालियर हाईकोर्ट ने भी चीफ सेक्रेटरी को इस आदेश का पालन सुनिश्चित करते हुए आवश्यक कार्यवाही के निर्देश पूर्व में जारी किए थे। यातायात और ट्रैफिक व्यवस्था का हवाला देते हुए पूर्व में जिस जगह से चन्द्रशेखर आजाद की मूर्ति हटाई गई थी वहीं पर अब पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह की मूर्ति लगाना सुप्रीम कोर्ट के आदेश की अवहेलना है। मामले पर गत दिवस हुई सुनवाई के बाद युगलपीठ ने सरकार को  मंगलवार तक जवाब पेश करने कहा था।
मंगलवार को आगे हुई सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता सतीश वर्मा और राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता शेखर शर्मा हाजिर हुए। सुनवाई के दौरान श्री वर्मा ने युगलपीठ को बताया कि इस जनहित याचिका पर नोटिस जारी होने के बाद हाल ही में प्रदेश के मुख्यमंत्री ने
छिंदवाड़ा में पूर्व प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गांधी की प्रतिमा का अनावरण किया है। इस दलील के समर्थन में उन्होंने कुछ फोटो ग्राफ्स भी पेश किए। इन दलीलों को गंभीरता से लेते हुए युगलपीठ ने श्री वर्मा को शपथ-पत्र पेश करने और प्रदेश के मुख्य सचिव को भी जवाब पेश करने के
निर्देश दिए हैं।
 

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