दैनिक भास्कर हिंदी: बांग्लादेशी विदेश मंत्री से वांग यी की फोन पर बात

October 23rd, 2020

हाईलाइट

  • बांग्लादेशी विदेश मंत्री से वांग यी की फोन पर बात

बीजिंग, 23 अक्टूबर (आईएएनएस)। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने 22 अक्तूबर को बांग्लादेशी विदेश मंत्री ए.के. अब्दुल मोमिन के साथ फोन पर बातचीत की।

वांग यी ने कहा कि इस वर्ष चीन-बांग्लादेश के बीच राजनयिक संबंध स्थापना की 45वीं वर्षगांठ है। दोनों देशों के नेता निकट संपर्क बनाए रखते हैं। दोनों पक्षों ने चीन-बांग्लादेश रणनीतिक साझेदारी संबंधों को मजबूत करने व बेल्ट एंड रोड सहयोग के सह-निर्माण को गहरा करने पर महत्वपूर्ण सहमति हासिल की, जिससे दोनों पक्षों के सहयोग और समान विकास बढ़ाने में जुटने का स्पष्ट संकेत नजर आ गया। चीन बांग्लादेश के साथ दोनों देशों के नेताओं द्वारा संपन्न महत्वपूर्ण सहमतियों को लागू करने, एक-दूसरे के मूल हितों और प्रमुख चिंताओं से जुड़े मुद्दों पर ²ढ़ता के साथ आपसी समर्थन जारी रखने, बेल्ट एंड रोड और गोल्डन बांग्लादेश के उच्च गुणवत्ता वाले सह-निर्माण को गहराई से जोड़ने और ठोस रूप से बड़ी परियोजनाओं के सहयोग बढ़ाने को तैयार है, ताकि महामारी के बाद बहाली के फास्ट ट्रैक पर कंधे से कंधा मिलाकर चल सके।

वांग यी ने कहा कि कोविड-19 महामारी के प्रकोप के बाद महामारी के संयुक्त मुकाबले में चीन-बांग्लादेश मित्रता को और आगे बढ़ाया गया। चीन के टीके को सफलतापूर्वक विकसित करने और उपयोग में लाने के बाद चीन महामारी पर नियंत्रण करने के लिए बांग्लादेश को हर संभव सहायता देने को तैयार है।

अब्दुल मोमिन ने कहा कि बांग्लादेश-चीन दोस्ती का लंबा इतिहास है। पिछले 45 सालों में दोनों देशों के राजनयिक संबंध निरंतर विकसित और गहरे हो रहे हैं। बांग्लादेश महान चीनी दोस्त के साथ खड़ा होकर एक-चीन नीति का ²ढ़ पालन करेगा और चीन के वैध प्रस्तावों का मजबूती से समर्थन करेगा। वह चीन के साथ सहयोग बढ़ाते हुए दोनों देशों के बीच प्रमुख सहयोग परियोजनाओं को फास्ट ट्रैक में लाकर परिणामों की प्राप्ति बढ़ाने को तैयार है।

वांग यी ने चीन को समर्थन देने के लिए बांग्लादेश को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि चीन के खिलाफ अमेरिका द्वारा लगाए गए विभिन्न आधारहीन आरोप एकतरफा धौंस हैं। चीन पर हमला विकासशील देशों पर हमला है। यह उभरती अर्थव्यवस्थाओं को विकास के अधिकार से वंचित करने का प्रयास है। सभी विकासशील देशों को हाथ मिलाकर हमारे वैध हितों और अंतरराष्ट्रीय न्याय की रक्षा करनी चाहिए।

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)