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टीनएजर्स लड़कियों में ऐसा हो मेकअप

October 04th, 2019 11:30 IST
टीनएजर्स लड़कियों में ऐसा हो मेकअप

नई दिल्ली, 4 अक्टूबर (आईएएनएस)। ब्यूटी और कॉस्मेटिक्स की दुनिया में अपना पहला कदम रखने वाली टीनएज (किशोरी) लड़कियां मेकअप के लिए बेहद उत्साहित और रोमांचित रहती हैं। ऐसे में यह जरूरी है कि आप अपनी बच्चियों से इस बारे में बात करें और उन्हें हेल्दी-मेकअप हैबिट्स या आदतों की सही जानकारी दें।

रेवलॉन इंडिया के एक विशेषज्ञ ने टीनएज में मेकअप को लेकर कई सारे सवालों के जवाब दिए।

1. मेकअप करने की सही उम्र क्या है?

टीनएज स्किन पर मेकअप शुरू करने की सही उम्र सामान्यत: 15-16 है और वो भी बहुत लाइट मेकअप, क्योंकि इस उम्र में मेकअप के लिए स्किन नई होती है और ऐसे में भारी-भरकम प्रोडक्ट्स के इस्तेमाल से इसके डैमेज होने की संभावना बनी रहती है।

2. टीनएज लड़कियां सही प्रोडक्ट्स को कैसे चुनें?

मेकअप प्रोडक्ट्स के लिए टीनएज स्किन नाजुक और सेंसिटिव हो सकती है। इन प्रोडक्ट्स के अधिक इस्तेमाल से स्किन खराब हो सकती है और इसमें वक्त से पहले ही ऐजिंग आने की संभावना रहती है, लेकिन सही प्रोडक्ट्स का उचित मात्रा में इस्तेमाल करने से त्वचा को कोई नुकसान नहीं पहुंचता है। टीनएज में एक्ने या पिपंल का होना कोई असामान्य बात नहीं है। ऐसे में शुरुआत के तौर पर अपनी त्वचा के हिसाब से एक फुल कवरेज कंसीलर और कॉम्पेक्ट का इस्तेमाल करें और इसे लगाने के बाद एक बेहतरीन लुक पाने के लिए एक स्मज फ्री काजल और लिप बाम या लिप ग्लॉस को लगाए।

3. इस उम्र के लिए सही प्रोडक्ट्स कौन से हैं?

टीनएजर्स को हेवी मेकअप का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। यह बताना सही नहीं होगा कि स्किन पर ढेर सारा फाउंडेशन लगाकर उसकी एक परत बना ले। इसके साथ ही लिपस्टिक के डार्क शेड्स का इस्तेमाल न करें, बल्कि इससे बेहतर लाइट या न्यूड शेड्स के लिपस्टिक का ही इस्तेमाल करें।

4. पेरेंट्स मेकअप की अच्छी आदतों के बारे में अपनी बच्चियों को कैसे शिक्षित कर सकते हैं?

टीनएजर्स के साथ-साथ उनके माता-पिता के लिए भी यह समझना बेहद आवश्यक है कि वयस्कों की तुलना में टीनएज मेकअप अलग होती है। पेरेंट्स को अपने बच्चों को इस बारे में जागरूक करना चाहिए कि नाजुक त्वचा में मेकअप का इस्तेमाल करने से आने वाले समय में उनकी त्वचा खराब हो सकती है।

मेकअप से पहले टीनएजर्स को स्किन केयर रूटीन के बारे में सिखाना ज्यादा जरूरी है, क्योंकि शुरुआत से ही अपने स्किन की देखभाल करना महत्वपूर्ण है। क्लीनिंग और मॉश्च्यूराइजिंग से इसकी शुरुआत की जा सकती है।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।