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भारत लौटे सिद्धू, वाघा-अटारी बॉर्डर पर हुआ विरोध, अमरिंदर ने भी लगाई फटकार

August 20th, 2018 15:35 IST

हाईलाइट

  • भारत लौटने पर अटारी-वाघा बॉर्डर पर नवजोत सिंह सिद्धू को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा।
  • सिद्धू का सबसे ज्यादा विरोध इस बात को लेकर हो रहा है कि उन्होंने पाकिस्तान के सेना प्रमुख कमर जावेद बावजा को गले लगाया।
  • अमरिंदर सिंह ने कहा, "जहां तक ​​पाकिस्तान सेना प्रमुख को गले लगाने का सवाल है, मैं उसके पक्ष में नहीं हूं।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पाकिस्तान के वजीर-ए-आजम इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के बाद पूर्व क्रिकेटर और पंजाब सरकार के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू रविवार को भारत लौट आए। अटारी-वाघा बॉर्डर पर सिद्धू को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। सिद्धू का सबसे ज्यादा विरोध इस बात को लेकर हो रहा है कि उन्होंने पाकिस्तान के सेना प्रमुख कमर जावेद बावजा को गले लगाया। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भी इसे गलत ठहराया है। वहीं सिद्धू ने अपनी सफाई में कहा कि इस मामले को इतना तूल नहीं देना चाहिए।

अमरिंदर सिंह ने कहा, "जहां तक ​​पाकिस्तान सेना प्रमुख को गले लगाने का सवाल है, मैं उसके पक्ष में नहीं हूं। उन्होंने (नवजोत सिंह सिद्धू) पाकिस्तान के सेना प्रमुख के साथ स्नेह दिखाकर गलत किया। अमरिंदर ने कहा कि हर रोज हमारे जवान शहीद हो रहे हैं। ये बात किसी भी व्यक्ति को समझना चाहिए। उन्होंने कहा, 'मेरी अपनी रेजिमेंट ने कुछ महीने पहले एक मेजर और दो जवानों को खो दिया। हर रोज किसी को गोली लग रही है। क्या जो इंसान ट्रिगर दबा रहा उसका दोष है या वह शख्स इसके लिए जिम्मेदार है जो चीफ है और वह चीफ जनरल बाजवा हैं।



कैप्टन अमरिंदर सिंह ने आगे कहा कि जहां तक सिद्धू के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने की बात है तो वो वहां व्यक्तिगत तौर पर गए थे और पंजाब सरकार से इसका कोई लेना-देना नहीं। पीओके के प्रेसिडेंट के पास बैठने को लेकर उन्होंने कहा कि हो सकता है कि उन्हें (सिद्धू) पता न हो कि वह (पीओके के राष्ट्रपति मसूद) कौन थे।

इधर सिद्धू ने जनरल बाजवा को गले लगाने पर सफाई देते हुए कहा अगर कोई (जनरल बाजवा) मेरे पास आता है और कहता है कि हमारी संस्कृति एक है और हम गुरु नानक देव के 550वें प्रकाश पर्व पर करतारपुर बॉर्डर खोल देंगे, तो मैं और क्या कर सकता था? सिद्धू ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के शपथ ग्रहण समारोह में पीओके के राष्ट्रपति मसूद खान के साथ पहली पंक्ति में बैठने पर भी सफाई दी और कहा कि अगर आपको कहीं गेस्ट के रूप में आमंत्रित किया जाए, तो आप वहीं बैठेंगे जहां आपके लिए सीट की व्यवस्था की गई हो। मैं शपथ ग्रहण समारोह में किसी अन्य सीट पर बैठा था, लेकिन उन्होंने मुझे वहां बैठने को कहा। 


 

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MAHIPAL SINGH TOMAR August 20th, 2018 12:23 IST

Siddhu aur shtrughan sinha jaise gaddar neta india me hi ho sakte hai