दैनिक भास्कर हिंदी: आतंकी कनेक्शन पर गुजरात में घमासान, नकवी बोले- कांग्रेस का हाथ आतंक के साथ

October 29th, 2017

डिजिटल डेस्क, गांधीनगर। गुजरात में अब IS के आतंकी को लेकर सियासत तेज हो गई है। गुजरात सीएम विजय रुपाणी के बाद अब केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने भी अहमद पटेल पर आरोप दोहराए हैं। नकवी ने सोशल मीडिया ट्विटर पर ट्विट करते हुए कहा, 'अबतक लोग कहते थे कांग्रेस का हाथ करप्शन के साथ लेकिन अब कह रहे हैं कांग्रेस का हाथ आतंकवादियों के साथ।'

 

नकवी ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'कांग्रेस मामले की लीपापोती कर रही है। कांग्रेस के दामन पर यह दाग काला धब्बा साबित होगा। आतंकवाद और आतंकवाद से जुड़े हुए कांग्रेस पार्टी और उनके नेताओं के जो तार हैं उसका दूध का दूध और पानी का पानी होगा। कांग्रेस को आतंकवाद के संरक्षण पर अपनी स्थिति साफ़ करनी चाहिए।'

 

बेटे ने कुछ गलत किया है तो फांसी दे दो

आतंकवाद के आरोप में पकड़े गए कासिम की मां और परिजन ने मीडिया के सामने आकर बड़ा बयान दिया है। आतंकी होने की बात पर आरोपी कासिम की मां ने कहा, 'हमारे लिए देश से बढ़कर कुछ भी नहीं है, अगर कासिम ने कुछ गलत किया है तो उसे फांसी पर चढ़ा दिया जाए।'

 

इससे पहले सीएम विजय रुपाणी ने बुधवार को पकड़े गए 2 IS आतंकियों में से एक का संबंध कांग्रेस सांसद अहमद पटेल से होना बताया है। रुपाणी ने अहमद पटेल पर आरोप लगाया गया कि जिस हॉस्पिटल से IS का आतंकी पकड़ा गया, उसके कर्ताधर्ता अहमद पटेल ही हैं। उन्होंने कांग्रेस प्रेसिडेंट सोनिया गांधी, वाइस प्रेसिडेंट राहुल गांधी और अहमद पटेल से इस्तीफे की मांग की है। वहीं विजय रुपाणी के इस आरोप को कांग्रेस ने 'बेबुनियाद' और 'निराधार' बताया है। बता दें कि, बुधवार को ही गुजरात के एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने 2 IS आतंकी उबेद और कासिम को गिरफ्तार किया था।

 

विजय रुपाणी ने क्यों लगाए आरोप? 

गुजरात के सीएम विजय रुपाणी ने कांग्रेस सांसद अहमद पटेल पर इसलिए आरोप लगाए हैं, क्योंकि IS का एक आतंकी कासिम सरदार पटेल हॉस्पिटल में बतौर इको कार्डियोग्राम टेक्नीशियन काम करता था। इसी हॉस्पिटल के ट्रस्टी अहमद पटेल थे। हालांकि कांग्रेस का कहना है कि अहमद पटेल ट्रस्टी के पद से 2014 में ही इस्तीफा दे दिया था और अब उनका इस हॉस्पिटल से कोई संबंध नहीं है। वहीं हॉस्पिटल ने भी कहा है कि अब अहमद पटेल या उनका कोई फैमिली मेंबर ट्रस्टी नहीं है, जबकि पकड़ा गया दूसरा आतंकी उबेद सूरत की डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में एडवोकेट था। 

 

विजय रुपाणी ने क्या लगाए आरोप? 

सीएम विजय रुपाणी ने अहमद पटेल पर आरोप लगाया कि जिस हॉस्पिटल से आतंकी कासिम को गिरफ्तार किया गया, उसके कर्ताधर्ता अहमद पटेल ही हैं। विजय रुपाणी ने आगे कहा कि, 23 अक्टूबर 2016 को सरदार पटेल हॉस्पिटल में प्रोग्राम था। यहां अहमद पटेल के इन्विटेशन पर राष्ट्रपति भी आए थे और मंच पर भी अहमद पटेल मौजूद थे। उन्होंने आगे कहा कि, भले ही अहमद पटेल ने इस हॉस्पिटल के ट्रस्टी के तौर पर इस्तीफा दे दिया हो, लेकिन प्रोग्राम के होस्ट वो ही थे। हम बस इतना चाहते हैं कि कांग्रेस और अहमद पटेल इस पर सफाई दें। 

 

अहमद पटेल ने क्या कहा? 

विजय रुपाणी के इस आरोप पर कांग्रेस सांसद अहमद पटेल ने जवाब देते हुए कहा कि, 'मेरे ऊपर लगाए जा रहे सभी आरोप निराधार हैं। कांग्रेस और मैं आतंकियों की गिरफ्तारी के लिए गुजरात ATS की तारीफ करता हूं। इसके साथ ही आतंकियों के खिलाफ कड़ी और जल्द कार्रवाई की मांग करता हूं।' इसके आगे अहमद पटेल ने बीजेपी से फूट न डालने को भी कहा। उन्होंने कहा कि, 'आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई की आड़ में शांतिप्रिय गुजरातियों में फूट न डाली जाए। हम अपील करते हैं कि नेशनल सिक्योरिटी के मुद्दे का राजनीतिकरण न किया जाए।'

 

हॉस्पिटल का क्या है कहना? 

इस मामले में सरदार पटेल हॉस्पिटल ने भी बयान जारी कर सफाई दी है। हॉस्पिटल का कहना है कि, अहमद पटेल या उनकी फैमिली का कोई भी मेंबर अब हॉस्पिटल का ट्रस्टी नहीं है। हॉस्पिटल ने ये भी कहा कि, आतंकी मोहम्मद कासिम को नियमानुसार परीक्षा के बाद ही हॉस्पिटल में नौकरी मिली थी और उसने 4 अक्टूबर को ही इस्तीफा दे दिया था, जिसे हॉस्पिटल ने मंजूर भी कर लिया था। 

 

बीजेपी अपनी कमियों को छिपाने के लिए लगा रही है आरोप: कांग्रेस

 

वहीं इस पर कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने भी कहा कि, 'बीजेपी और गुजरात के सीएम अपनी कमियों को छिपाने के लिए इस तरह के निराधार आरोप लगा रहे हैं।' उन्होंने ये भी कहा कि, 'चुनाव से पहले हताश बीजेपी अब ओछी राजनीति करने पर उतर आई है। अहमद पटेल ने साल 2014 में हॉस्पिटल से इस्तीफा दे दिया था और इसके बाद वो हॉस्पिटल से किसी भी तरह से नहीं जुड़े हुए हैं। ऐसे में अगर कोई शख्स किसी आरोप में अब पकड़ा जाता है, तो 2014 के हॉस्पिटल के ट्रस्टी को जिम्मेदार कैसे ठहराया जा सकता है?' इसके अलावा गुजरात कांग्रेस अध्यक्ष भरत सिंह सोलंकी ने भी कहा कि, 'अगर कोई गुनहगार है, आतंकी है और देश के खिलाफ काम कर रहा है, तो ऐसे लोगों को फांसी की सजा दी जानी चाहिए। बीजेपी इस पर राजनीति न करें और आतंकियों पर कड़ी कार्रवाई करे।'