comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

गौतमबुद्धनगर : 12 साल की निहारिका गुल्लक में बचे 17 हजार रुपये भी जरूरतमंदों पर खर्चना चाहती हैं

June 02nd, 2020 17:01 IST
 गौतमबुद्धनगर : 12 साल की निहारिका गुल्लक में बचे 17 हजार रुपये भी जरूरतमंदों पर खर्चना चाहती हैं

हाईलाइट

  • गौतमबुद्धनगर : 12 साल की निहारिका गुल्लक में बचे 17 हजार रुपये भी जरूरतमंदों पर खर्चना चाहती हैं

गौतमबुद्धनगर (नोएडा), 2 जून (आईएएनएस)। कोरोनावायरस के प्रकोप से आम जन जीवन कितना प्रभावित हुआ है, इसका अंदाजा हर किसी को है। लेकिन इस संकट की घड़ी में लोग एक-दूसरे का हाथ भी बंटा रहे हैं। नोएडा की एक 12 साल की बच्ची ने झारखंड के रहने वाले एक श्रमिक परिवार अपने गुल्लक के पैसों से फ्लाइट के जरिए घर भेजा, और अब वह गुल्लक के बचे 17 हजार रुपये भी जरूरतमंदों पर खर्च कर देना चाहती है।

निहारिका द्विवेदी की उम्र महज 12 साल है। वह नोएडा सेक्टर-50 में रहती हैं, और कक्षा सातवीं की छात्रा हैं। निहारिका ने आईएएनएस को बताया, मैं लॉकडाउन में न्यूज देख रही थी। हर जगह माइग्रेंट्स के बारे में दिखा रहे थे। देखते देखते मुझे मेरी दादी की एक बात याद आ गई। मेरी दादी कहती हैं कि किसी के इमोशन जानने हैं तो उसकी आंखों मे देखो, तुम्हें उनका दुख पता चलेगा।

निहारिका ने कहा, प्रवासी श्रमिकों ने हमारी सोसाइटी डेवलप करने के लिए बहुत कुछ किया है, अब जब उन्हें जरूरत है तो हमें उनकी मदद करनी चाहिए। इस बारे में मैंने अपने माता-पिता से बात की तो उन्होंने मुझे सहयोग किया। फिर हमने एक एनजीओ से संपर्क किया और कुछ फोन किए तो मुझे झारखंड के एक परिवार के बारे में पता चला, जिसमें पति-पत्नी और उनकी बेटी थी, जो कि दिल्ली के एक शेल्टर होम में रह रहे थे और घर जानना चाहते थे।

दरअसल, झारखंड के इस परिवार के तीन सदस्य प्यारी कोल, उसकी पत्नी शुशीला और बेटी काजल नोएडा में रहकर मजदूरी करते थे, और अपना गुजर-बसर करते थे। प्यारी कोल कैंसर से पीड़ित था और उसका इलाज चल रहा था। लॉकडाउन में काम बंद होने की वजह से तीनों बेरोजगार हो गए। किसी तरह दिल्ली पहुंचे, लेकिन आगे का कोई साधन नहीं मिल पाया। जिसकी वजह से वे शेल्टर होम में दिन गुजार रहे थे।

निहारिका ने बताया, मुझे पता चला कि लड़की के पिता को कैंसर है, जिसकी वजह से उनकी जमीन तक बिक गई है। इसके बाद मैंने अपनी गुल्लक तोड़ी और उनके घर भेजने के लिए रांची तक फ्लाइट के टिकट बुक किए।

निहारिका के पिता गौरव द्विवेदी ने कैब बुक कर इस परिवार को शेल्टर होम से एयरपोर्ट तक पहुंचाया। रविवार शाम 5.30 बजे तीनों ने दिल्ली से रांची के लिए उड़ान भरी।

गौरव द्विवेदी ने बताया, गुल्लक में कुल 48,530 रुपये थे। लगभग 20000 रुपये टिकट में लगे और हमने उनको 10 हजार रुपये नकद भी दिए, साथ ही खाने के पैकेट भी।

निहारिका ने आगे कहा, मेरी गुल्लक में अभी लगभग 17 हजार रुपये बचे हुए हैं, और मैं इन पैसों से मैं किसी और जरूरतमंद की मदद करूंगी। मेरी मां ने मुझे कहा है कि हम फिर से गुल्लक में पैसे जमा करने शुरू करेंगे।

समाजसेवा का उदाहरण पेश करने वाली निहारिका बड़े होकर आईएएस ऑफिसर बनना चाहती हैं, और लोगों की सेवा करना चाहती हैं। वह सेना में भी जाने की इच्छा रखती हैं।

कमेंट करें
XCNsK
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।