दैनिक भास्कर हिंदी: 'मोदी गरीब हैं इसलिए कांग्रेस उनसे नफरत करती है'

December 18th, 2017

डिजिटल डेस्क, गांधीनगर। गुजरात विधानसभा चुनाव में मतदान खत्म होने के बाद अब लोगों की नजरें रिजल्ट पर लगी हुईं हैं। गुजरात में किसकी सरकार बनेगी इसका फैसला 18 दिसंबर को साफ हो जाएगा। पिछले चुनावों की तरह ही इस बार भी बीजेपी के चुनाव अभियान की बागडोर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने हाथ में ले ली हुई थी। याद हो कि इस प्रचार के दौरान पीएम मोदी ने कांग्रेस द्वारा लगातार उनके चाय बेचने को लेकर दिए जा रहे बयानों पर पलटवार करते हुए सोमवार 27 नंवबर को कहा था कि वे एक गरीब परिवार से हैं और चाय बेचकर बड़े हुए हैं लेकिन देश नहीं बेचा है।

पीएम मोदी ने राजकोट के जसदान में कहा था कि कांग्रेस उन्हें इसलिए पसंद नहीं करती क्योंकि वे गरीब परिवार से हैं और इसी कारण कांग्रेस अपनी घृणा छिपा नहीं सकी। उन्होंने कहा कि वे कांग्रेस से अनुरोध करते हैं कि गरीबों का और उनके परिवार का गरीबी के कारण उपहास न उड़ाया जाए।

 

राजकोट में मोदी ने कांग्रेस के साथ आम आदमी पार्टी पर भी जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि एक नई पार्टी दिल्ली से आई है और केवल दूसरों को कोसना जानती है और कोसती है, भाग जाती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस भी अब ऐसी राजनीति में पड़ गई है। मोदी ने कहा कि पहले उन्हें लगता था कि कांग्रेस पुरानी पार्टी है ऐसी राजनीति नहीं करेगी लेकिन दो महीनों से ऐसी राजनीति पर उतर आई है।

नरेंद्र मोदी ने सौराष्ट्र इलाके में रैली में विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस पटेलों को नापंसद करती है कांग्रेस ने सौराष्ट्र के बेटे केशुभाई पटेल को सीएम पद से हटाने की कोशिश की और ऐसा ही पटेल समुदाय की बेटी आनंदी बेन पटेल के साथ भी किया। पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने सरदार पटेल और मोरारजी देसाई के साथ जो किया वो किसी से नहीं छिपा। बीजेपी ने चिमन भाई पटेल को अपना समर्थन दिया।


कच्छ की चुनावी जनसभा में नरेंद्र मोदी ने कहा कि गुजरात में जहां एक ओर विकास में विश्वास है वहीं दूसरी ओर वंशवाद है। गुजरात की जनता ने कभी कांग्रेस को स्वीकार नहीं किया है। कच्छ में आए भूकंप के बाद अटल जी ने मुझे गुजरात भेजा था। मैंने कच्छ में काफी वक्त बिताया और सीखा कि प्रशासन कैसे चलाया जाता है। मोदी ने राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वो गुजरात आते हैं और गुजरात के बेटे के बारे में झूठ फैलाते हैं। उन्होंने पहले सरदार पटेल के बारे में भी ऐसा ही किया था। गुजरात और गुजराती ये कभी स्वीकार नहीं करेंगे।