मारबर्ग वायरस: कोरोना के खतरे के बीच एक और जानलेवा वायरस की दस्तक, हो चुकी है दो की मौत, जानिए क्या है वायरस और उसके लक्षण

July 19th, 2022

हाईलाइट

  • घाना में पहले दो मामलों की पुष्टि हुई है

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अभी भी कोरोना महामारी से जूझ रही दुनिया पर अब नए-नए वायरस का खतरा मंढराने लगा है। पहले ही मंकीपॉक्स ने चिंताएं बढ़ा रखी थी कि अचानक अफ्रीकी देशों में एक नए वायरस की दस्तक से एक्सपर्ट्स हिल गए है। इस वायरस का नाम है 'मारबर्ग वायरस'। 

एक रिपोर्ट के मुताबिक, अफ्रीकी देश घाना के स्वास्थ्य अधिकारियों ने मारबर्ग वायरस ( Marburg Virus) के पहले दो मामलों की पुष्टि की है, जहां देश के आशांती क्षेत्र के दो लोगों में इस वायरस के लक्षण दिखाई दिए थे। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया। 

घाना के इसी इलाके में जांच के स्थानीय अधिकारियों ने डब्ल्यूएचओ (WHO) विशेषज्ञों के साथ अपनी एक टीम भेजी है, जो इस खतरनाक वायरस के समन्वय (coordination), जोखिम मूल्यांकन (risk assessment) और संक्रमण की रोकथाम (prevention measures) के उपायों के बारे में पता करेगी। 

लेकिन जिससे पहले ये बीमारी विकराल रूप घायल करे, आइये जानते है कि ये क्या है और इसके लक्षण क्या है - 

मारबर्ग वायरस क्या है?

डब्ल्यूएचओ (WHO) के अनुसार, मारबर्ग एक संक्रामक वायरल बीमारी है, जिससे खून संबंधित बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। यह बीमारी कितनी खतरनाक है, आप इस बात का अंदाजा इसी चीज से लगा सकते है कि इससे संक्रमित होने के बाद व्यक्ति के मौत का खतरा 88% तक बढ़ जाता है। यह बीमारी बिल्कुल इबोला वायरस की तरह है और यह उतनी ही खतरनाक है क्योंकि अभी तक इसका भी कोई इलाज या इसकी रोकथाम के लिए कोई वैक्सीन नहीं बना है।  

यह वायरस अफ्रीकी देशों में काफी प्रभावशाली है। वायरस से केन्या, कांगो, अंगोला, दक्षिण अफ्रीका और युगांडा जैसे देश काफी प्रभावित हुए है और यहां बड़ी संख्या में मौतें भी देखने को मिली है। 

कहां से आया है वायरस 

डब्ल्यूएचओ (WHO) के मुताबिक, यह वायरस राउसेटस बैट कॉलोनियों (जहां बहुत ज्यादा चमगादड हो), जैसे गुफा या खदान से आया है। अगर इस वायरस से कोई व्यक्ति संक्रमित हो जाता है तो वह खून, स्पर्म और शरीर के अन्य तरल पदार्थ के जरिये बड़ी ही आसानी से दूसरे व्यक्ति को यह वायरस दे सकता है।  

क्या है लक्षण - 

  • तेज बुखार
  • तेज सिर दर्द
  • मांसपेशियों में दर्द
  • पेट दर्द और ऐंठन 
  • संक्रमण के तीसरे दिन मतली और उल्टी भी शुरू हो सकती है
  • दस्त एक सप्ताह तक बना रह सकता है
  • सुस्ती 
  • बिना खुजली वाले चकते 

बता दे, घातक मामलों में, मृत्यु आमतौर पर शुरुआत के 8 से 9 दिनों के बीच हो जाती है।