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  • National Minorities Commission chairman said will work for the justice of the victim, old case will be resolved soon

पूर्व आईपीएस अधिकारी: इकबाल सिंह बने राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के नए अध्यक्ष, कहा- पीड़ितों के न्याय के लिए करेंगे काम

September 11th, 2021

हाईलाइट

  • पीड़ितों के न्याय के लिए करेंगे काम, जल्द सुलझाएंगे पुराने मामले : राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग अध्यक्ष

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पूर्व आइपीएस अधिकारी इकबाल सिंह लालपुरा राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के नए अध्यक्ष बनते ही उन्होंने पहले शुक्रवार को अपना कार्यभार संभाला और बिना दिन गवाएं पीड़ित लोगों से मिलना शुरू कर दिया है, उनके अनुसार पैंडिंग मामलों को जल्द सुलझाना ही एक चुनौती रहेगी।

उन्होंने आईएएनएस से खास बातचीत करते हुए कहा कि, अल्पसंख्यक के लिए हम काम करेंगे और कोई गलत नरेटिव सेट न हो इससे बचाएंगे, कई पुराने मामले पड़े हुए हैं, उनका जल्द निपटारा किया जाएगा। क्योंकि लंबे समय से ये पद खाली रहे हैं, इसलिए जिला और राज्य के पीड़ितों को जल्द न्याय दिलाने की ओर कदम बढ़ाया जाएगा। जानकारी के मुताबिक राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग में 500 से अधिक मामले पेंडिंग पड़े हुए हैं। इन सभी पीड़ितों को जल्द न्याय दिलाना ही इकबाल सिंह के सामने बड़े चुनौती होगी।

उन्होंने आगे बताया कि, हमारे पास कुल 524 शिकायतें पेंडिंग पड़ी हुई हैं, वहीं दिल्ली में सबसे ज्यादा 187 पुराने मामले पेंडिंग हैं। इसके अलावा महाराष्ट्र, पंजाब , हरियाणा, बिहार आदि राज्यों के मामले पेंडिंग पड़े हैं, जिनपर हम काम करना शुरू करेंगे। दूसरी ओर अल्पसंख्यक आयोग में रिसर्च स्टडीज बहुत अधूरी रह गई है, उनको भी पूरा करना बाकी है। साथ ही राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग पर लोग भरोसा कर सकें इसके लिए इकबाल सिंह की योजना है कि वो ज्यादा से ज्यादा लोगों से मुलाकात करेंगे, उनकी समस्याओं, भावनाओं को जानेंगे और न्याय दिलाने की कोशिश में जुटेंगे।

इकबाल सिंह ने कहा कि, मैं व्यक्तिगत रूप से लोगों से मिलूंगा, उनसे संपर्क करूंगा ताकि अल्पसंख्यकों में भरोसा कायम हो सके कि उन्हें भारत में न्याय जरूर मिलेगा। दरअसल राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के नए अध्यक्ष इकबाल सिंह लालपुरा सिख समुदाय से ताल्लुक रखते हैं और अबतक भाजपा के प्रवक्ता की भूमिका निभा रहे थे। इसपर उन्होंने कहा कि, मैं इस्तीफा देकर इस पद पर बैठा हूं, इससे पहले मैं कई अन्य पदों पर काम किया है। भाजपा में होना कोई बंदिश नहीं है, मेरा मकसद लोगों को सिर्फ न्याय दिलाना है। हालांकि जो देश का कानून है वो मेरे लिए सबसे ऊपर है।

(आईएएनएस)