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अशोक तंवर ने जजपा को दिया समर्थन, कहा- अब टूटेगा कांग्रेस का गुरूर


हाईलाइट

  • 5 अक्टूबर को कांग्रेस से दे दिया था त्याग पत्र
  • 88 सीटों पर 21 अक्टूबर को किया जाएगा मतदान
  • तंवर ने कहा- कांग्रेस में मेहनती कार्यकर्ताओं की अनदेखी हुई

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। कांग्रेस में बगावत कर त्यागपत्र देने के बाद हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष अशोक तंवर ने हरियाणा विधानसभा चुनाव में जननायक जनता पार्टी (जजपा) को समर्थन देने की घोषणा की है। तंवर ने बुधवार को नई दिल्ली में जजपा नेता दुष्यंत चौटाला के सा​थ प्रेसवार्ता के दौरान यह जानकारी दी। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अशोक तंवर ने कहा कि हरियाणा में कांग्रेस अब तीसरे या चौथे नंबर की लड़ाई लड़ेगी। जहां-जहां जजपा मजबूती से लड़ेगी, वहां उनकी ताकत को बढ़ाने का काम करुंगा। मैं कांग्रेस के गुरूर और घमंड तोड़ने का काम करुंगा। 

ज्ञात हो कि हरियाणा विधानसभा चुनाव में सभी 88 सीटों पर 21 अक्टूबर को मतदान किया जाएगा। ऐसे में अशोक तंवर का कांग्रेस छोड़कर जजपा में जाना कांग्रेस के लिए बढ़ा झटका है। गौरतलब है कि 5 अक्टूबर को कांग्रेस से त्यागपत्र दे दिया था। अशोक तंवर अपने करीबी नेताओं को विधानसभा चुनाव का टिकट नहीं दिए जाने से नाराज थे। उन्होंने खुलकर कांग्रेस पार्टी के सामने अपनी नाराजगी भी जताई थी। 

माना जा रहा है कि हरियाणा में टिकट बंटवारे में कांग्रेस पार्टी के हुड्डा गुट के लोगों को ज्यादा टिकट दिए हैं, जबकि अशोक तंवर गुट के बहुत कम लोगों को टिकट दिया है। टिकट बंटवारे से नाराज होकर अशोक तंवर ने कांग्रेस पार्टी से त्यागपत्र दे दिया था और अब दुष्यंत चौटाला की जननायक जनता पार्टी को समर्थन का ऐलान किया है। हालांकि अशोक तंवर ने यह भी साफ किया है कि वे दुष्यंत चौटाला की पार्टी में शामिल नहीं हो रहे, सिर्फ उनको समर्थन दिया है।

उन्नेहोंने कहा कि कांग्रेस का घमंड चूर-चूर होने जा रहा है। कांग्रेस में मेहनती कार्यकर्ताओं की अनदेखी हुई है। तवंर ने कहा कि सारी पार्टियों ने उन्हें फोन किया। भाजपा के लोग भी आए लेकिन हमने निर्णय लिया था कि हम धक्के से किसी का समर्थन नहीं करेंगे। यदि किसी को समर्थन मांगना है तो खुले में मांगों हम जरुर देंगे। दुष्यंत ने समर्थन मांगा तो उन्हें समर्थन दे रहे हैं।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।