दैनिक भास्कर हिंदी: यहां पढ़ें भारत में अब तक के रेपिस्ट बाबाओं की कहानी

August 26th, 2017

डिजिटल डेस्क, चंडीगढ़। डेरा सच्चा सौदा के मुखिया गुरमीत राम रहीम को CBI कोर्ट ने दोषी करार दे दिया है। अब उनका जेल जाना तय हो गया है। भारत में और भी कई ऐसे बाबा रहे हैं, जिन पर रेप समेत धर्म के नाम पर धंधा करने के आरोप लगे हैं। इन बाबाओं ने अपने आश्रमों को अय्याशी का अड्डा बनाया और रेप-सेक्स रैकेट जैसे आरोपों में जेल भी गए। इसी क्रम में शुक्रवार को हरियाणा के डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को रेप के आरोपों में दोषी पाया गया है। इसको लेकर उनके समर्थकों द्वारा लगातार प्रोटेस्ट किया जा रहा है। इस प्रोटेस्ट में अब तक 30 लोगों की जान जा चुकी है। इन बाबाओं के अंधभक्त इन्हें ईश्वर की तरह पूजने लगते हैं। आईए आपको बताते हैं देश के ऐसे बाबाओं के बारे में जो रेप के केस में दोषी पाए गए हैं और कई तो जेल में भी बंद हैं।

  • गुरमीत राम रहीम

हरियाणा के बाबा और डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह पर 2002 में अपने सिरसा डेरे में साध्वियों के साथ रेप का आरोप लगा। इस बात का खुलासा तब हुआ जब एक साध्वी ने तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को एक बेनाम पत्र लिखा और नाम न जाहिर करने का डर भी पत्र में लिखा। उस पत्र ने बाबा राम रहीम की करतूतों पर शक का एक प्रश्नचिंन्ह लगा दिया। इसके साथ इसी खत की एक कॉपी पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट को भी भेजी गई थी, जिसके आधार पर हाईकोर्ट ने CBI को मामले की जांच करने के आदेश दिए।

CBI की जांच में लड़की की शिकायत को सही पाया गया। बाबा की करतूतों से पीड़ित 2 साध्वियों ने CBI की जांच में उनका साथ भी दिया। डेरा सच्चा सौदा पर आरोप लगा कि इस केस को दबाने की नीयत से उन्होंने एक शिकायतकर्ता साध्वी के भाई की हत्या भी करवा दी। इसके बाद इस केस की रिपोर्टिंग कर रहे एक पत्रकार संपादक की भी हत्या हो गई। इस मामले में भी मुख्य आरोपी डेरा सच्चा सौदा प्रमुख राम रहीम ही हैं। मामले में सुनवाई 17 अगस्त 2017 तक चली। 25 अगस्त 2017 को इस मामले में पंचकुला की विशेष CBI कोर्ट ने राम रहीम को दोषी मान लिया। जिसके बाद पूरे पंचकूला शहर में उपद्रव का माहौल बन गया। कोर्ट में बाबा गुरमीत राम रहीम पर 28 अगस्त 2017 को सज़ा का ऐलान होगा।

पीड़िता ने प्रधानमंत्री को लिखे पत्र में अपनी आप बीती बताई थी, जिसमें पीड़िता ने कहा कि मैंने जब शारीरिक संबंध बनाने से बाबा को मना किया तो बाबा ने कहा था कि श्री कृष्ण भगवान थे, उनके यहां 360 गोपियां थीं। जिनसे वह हर रोज प्रेम लीला करते थे। फिर भी लोग उन्हें परमात्मा मानते हैं। यह कोई नई बात नहीं है। हम चाहें तो इस रिवॉल्वर से तुम्हारे प्राण पखेरू उड़ाकर दाह संस्कार कर सकते हैं। तुम्हारे घर वाले हर प्रकार से हमारे पर विश्वास करते हैं व हमारे गुलाम हैं। वह हमारे से बाहर जा नहीं सकते, यह बात आपको अच्छी तरह पता है।

  • गुजरात के बाबा आसाराम बापू

देश में 400 से भी ज्यादा आश्रमों के मालिक गुजरात के बाबा आशाराम बापू को अपने ही आश्रम की एक नाबालिग लड़की से बलात्कार के मामले में 1 सितंबर 2013 में गिरफ्तार किया गया था। तब से लेकर अब तक आशाराम जोधपुर की एक जेल में बंद हैं। बाबा के फॉलोअर्स ने हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से उसकी जमानत की मांग की लेकिन उनकी अर्जी खारिज हो चुकी है। आसाराम के अलावा उसका बेटा नारायण साईं भी महिला श्रद्धालुओं के उत्पीड़न के आरोप में जेल में बंद है। इस साल जनवरी में ही सुप्रीम कोर्ट में अंतरिम जमानत याचिका दाखिल की थी।

सुप्रीम कोर्ट ने इस दस्तावेज को जाली करार दिया। इस फर्जी दस्तावेज का संज्ञान लेते हुए चीफ जस्टिस जेएस खेहर और जस्टिस एनवी रामन्ना की पीठ ने 1 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया। जाली दस्तावेज के लिए कोर्ट ने नया मुकदमा दर्ज करने का भी आदेश दिया था। अब तक इस मामले से जुड़े तीन लोगों की हत्या हो चुकी है, जबकि सात लोगों पर जानलेवा हमले हो चुके हैं। बाबा के अंधभक्तों में बाबा के प्रति आज भी इतनी श्रद्धा है कि जब भी बाबा को पेशी के लिए कोर्ट ले जाया जाता है तो उनके फॉलोअर्स उनको घेर लेते हैं और प्रोटेस्ट करते हैं। 

  • हरियाणा के बाबा संत रामपाल

नवंबर 2014 में हरियाणा के बाबा रामदेव की रेप, यौन शोषण जैसे कई आरोपों को लेकर गिरफ्तारी हुई। जब बाबा रामदेव की गिरफ्तारी हुई और पुलिस ने आश्रम पर छापा मारा तो कई चौंकाने वाली सामग्री पुलिस के हाथ लगी थी। जिसमें 700 कट्टे कई हजार किलो घी, दूघ पाउडर सहित अश्लील सामग्री मिली थी। रामपाल अपने आश्रम में रहने वाली लड़कियों को एक किले में बंधक बनाकर रखता था। वो इन्हें साधिकाएं बुलाता था। इनमें से कुछ को वो अपने कमरे में बुलाता और कथित तौर पर शारीरिक संबंध बनाता था। 27 साल की बबिता कुमारी रामपाल की सबसे खास साधिका थीं।

जानकारी के अनुसार बबिता का रामपाल के लड़के से भी संबंध था। सिर्फ बाबा तक की अश्लीलता और अय्याशी की कहानी सीमित नहीं थी बल्कि बाबा का बेटा भी बराबर का भागीदार था। यहां तक भी कहा जाता रहा कि बाप बेटे दोनों मिलकर आश्रम की लड़कियों से शारीरिक संबंध बनाते थे। बाप-बेटे के साथ रिश्ते के कारण बबिता का रामपाल पर पूरा कंट्रोल हो गया था। सूत्रों का कहना है कि रामपाल ने बबिता के नाम पर बैंक में 10 लाख का फिक्स डिपॉजिट भी कर रखा था। कहते हैं कि बबिता जब कमरे में होती थी तो रामपाल किसी को अंदर नहीं आने देते थे।

पुलिस ने जब पड़ताल की थी तो रामपाल के कमरे से प्रेग्नेंसी किट और सेक्स पावर बढ़ाने वाली दवाइयां मिली थीं। दौरान देशद्रोह व हत्‍या के आरोपी कबीरपंथी बाबा रामपाल के बरवाला (हिसार, हरियाणा) स्थित सतलोक आश्रम में महिला टॉयलेट में CCTV कैमरा लगा था। इतना ही नहीं, कैमरे का मुंह भी टॉयलेट के अंदर की ओर था। रामपाल खुद सिंहासन पर बैठता था और लिफ्ट से मंच पर प्रकट होता था। 5 लाख रुपए का मसाजर भी उसके कमरे से मिला था। इसके अलावा, कंडोम और अश्लील साहित्य भी बरामद किया गया था

  • कर्नाटक के बाबा नित्यानंद

कर्नाटक का बाबा नित्यानंद बंगलुरु के अधीनम मठ के प्रधान था। जून 2012 बंगलुरु के बिदारी में स्थित अधीनम मठ के 293वें प्रधान नित्यानंद को रेप और यौन शोषण के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। बाबा के अड्डे पर जब पुलिस ने छापा मारा तो वहां कई इस्तेमाल किए हुए कंडोम और गांजा मिला था। कर्नाटक के तत्कालीन मुख्यमंत्री डीवी सदानंद गौड़ा ने नित्यानंद की गिरफ्तारी के आदेश दिए थे, वो भी तब जब नित्यानंद से पीड़ित उनके कई चेलों ने एक प्राइवेट चैनल पर शोषण का आरोप लगाया था। नित्यानंद की एक शिष्या ने उनका पूरा काला चिट्ठा खोल दिया था। उसने बताया था कि उसके साथ नित्यानंद ने कई बार रेप किया। किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी भी दी। उसका ये भी दावा था कि नित्यानंद के जो एक तमिल हिरोइन के साथ सेक्स टेप सामने आए थे, वो उसी ने शूट किए थे।

  • यूपी के बाबा परमानंद

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में एक बाबा था जिसका नाम परमानंद था लेकिन परमानंद उसका असली नाम परमानंद नहीं था। असल में यह नाम इसलिए रख लिया था कि यह नाम बाबाओं जैसा लगता है। असल में उसका नाम राम शंकर तिवारी था। उस पर आरोप लगा था कि बो निसंतान औरतों के साथा बच्चा पैदा करने के नाम पर महिलाओं से रेप करता था और उनके वीडियो बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करता था। पुलिस ने उसे 24 मई 2016 को 12 मुकदमे दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया और जेल भेज दिया, और परमानंद अभी भी रेप के अपराध में जेल की हवा खा रहे हैं।

पुलिस की छापेमारी के दौरान उसके बाराबंकी आश्रम में अश्लील सीडी और अश्लील साहित्य बरामद किया गया था। बाबा के फरार होने के बाद पुलिस ने उसे मध्यप्रदेश के सतना से गिरफ्तार किया गया था। इस मामले का खुलासा तब हुआ, जब उनके आश्रम में बनाया गया एक अश्लील वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। बताया जा रहा था कि आश्रम का कम्प्यूटर खराब हो गया था। बनवाने के लिए उसे एक दुकान पर भेजा गया था। यहां से दुकानदार ने उस वीडियो को वायरल कर दिया। अब भी परमानंद लखनऊ की जेल में बंद है।

  • यूपी के बाबा भीमानंद महाराज

इच्छाधारी कहने वाला पाखंडी बाबा भीमानंद उर्फ राजीव रंजन द्विवेदी पर अंतरराष्ट्रीय सेक्स रैकेट चलाने के आरोप हैं।  जिसके तार कोलकाता से लॉस वेगास तक फैले थे। भगवा चोले की आड़ में इस रास्ते से इसने करोड़ों के वारे-न्यारे किए।  इसके खिलाफ पहले से 5 केस दर्ज हैं। जिनमें से 2 में कोर्ट ने खुद ब खुद संज्ञान लिया। इसके खिलाफ संगठित अपराध में शामिल होने के आरोप हैं। इस बाबा ने धर्म एवं आध्यात्म की आढ़ में सेक्स रैकेट चलाकर पिछले दस साल में 25 हजार करोड़ की कमाई की है। इच्छाधारी बाबा का पिता बांदा के दस्यु सरगना ददुआ का सहयोगी रहा और उस पर हत्या और दहेज उत्पीड़न के मुकदमें चल रहे हैं।

भीमानंद के सेक्स रैकेट में करीब 600 लड़कियां शामिल थीं। इनमें एयर हॉस्टेस, मॉडल से लेकर एमबीए की छात्रा और अभिनेत्री बनने की तमन्ना रखने वाली यवुतियां थीं। इस रैकेट में उसके साथ कई दलाल और कॉलगर्ल भी शामिल थीं। दिल्ली के उसके मंदिर में 14 कमरे, CCTV कैमरे और एक गुफा भी है। जांच से पता चला है कि दिल्ली की सीआर पार्क, आरके पुरम, भिखाजी कामा प्लेस और सफदरजंग एन्क्लेव जैसी पॉश कॉलोनियों में भी वो रैकेट चलाता है। उसके ग्राहकों में दिल्ली आने वाले धनी व्यवसायी और ज्वेलर होते थे, जो एक लाख रुपए रोज तक भुगतान कर सकते थे। उप्र के चित्रकूट में रहने वाले बाबा भीमानंद ने खुद को भगवान का अवतार बताता था और फिर उन्हें सेक्स रैकेट के आरोप में फरवरी 2010 में दो एयरहोस्टेस समेत आठ लोगों को सेक्स रैकेट चलाने के मामले में गिरफ्तार किया गाय।

पुलिस की गिरफ्त में आए लोगों से जब पुलिस ने पूछताछ की तो पता चला कि इस पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड साल का शिवमूरत द्विवेदी है। यह शिवमूरत द्विवेदी कोई और नहीं बल्कि इच्छाधारी संत स्वामी भीमानंद जी महाराज चित्रकूट वाले ही हैं। जिनके नाम पर आश्रम है और जिसके कई भक्त हैं। जिनके उपदेश लोग अपने जीवन में उतारते हैं। उत्तर प्रदेश के चित्रकूट का रहने वाला शिवमूरत 1988 में दिल्ली आ गया था और नेहरू प्लेस के एक 5 स्टार होटल में गार्ड बन गया था। 1997 में लाजपत नगर में मसाज पार्लर में काम करने लगा। 1997 और 1998 में उसे सेक्स रैकेट के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। जेल से बाहर आने के बाद उसने अपना नाम बदल लिया और वह खुद को इच्छाधारी संत स्वामी भीमानंद जी महाराज बताने लगा। एक साईं मंदिर में काम करने के दौरान ही वो सेक्स रैकेट चलाने लगा। 2010 से ही भीमानंद जेल में है और उसकी संपत्ति को ED जब्त कर चुका है।