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बाहरी व्यक्ति के प्रभाव में थे पूर्व चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा - कुरियन जोसेफ

BhaskarHindi.com | Last Modified - December 04th, 2018 00:47 IST

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बाहरी व्यक्ति के प्रभाव में थे पूर्व चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा - कुरियन जोसेफ

News Highlights

  • सुप्रीम कोर्ट से रिटायर्ड जज कुरियन जोसेफ ने सोमवार को पूर्व चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा को लेकर बड़ा बयान दिया है।
  • कुरियन जोसेफ ने कहा कि दीपक मिश्रा किसी बाहरी व्यक्ति के प्रभाव में काम कर रहे थे।
  • हालांकि जोसेफ ने ये बताने से इनकार कर दिया कि वो बाहरी व्यक्ति कौन था और कौन-कौन से केस इस कारण प्रभावित हुए।


डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट से रिटायर्ड जज कुरियन जोसेफ ने पूर्व चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा को लेकर बड़ा बयान दिया है। कुरियन जोसेफ ने कहा कि दीपक मिश्रा किसी बाहरी व्यक्ति के प्रभाव में काम कर रहे थे। उन्हें बाहर से रिमोट कंट्रोल से ऑपरेट किया जा रहा था। इस कारण न्यायपालिका के प्रशासन पर असर पड़ा। हालांकि जोसेफ ने ये बताने से साफ तौर पर इनकार कर दिया कि वो बाहरी व्यक्ति कौन था और कौन-कौन से केस इस कारण प्रभावित हुए।

बता दें कि जस्टिस कुरियन जोसेफ 29 नवंबर को रिटायर हुए हैं। सुप्रीम कोर्ट के कामकाज को लेकर जिन चार जजों ने 12 जनवरी 2018 को जो प्रेस कॉन्फ्रेंस की गई थी उनमें जस्टिस कुरियन भी शामिल थे। इसमें जस्टिस जोसेफ के अलावा जस्टिस जे चेलमेश्वर, जस्टिस रंजन गोगोई और जस्टिस मदन बी लोकुर थे। जोसेफ ने यह भी कहा कि उन्हें प्रेस कॉन्फ्रेंस करने का कोई मलाल नहीं है। उन्होंने कहा कि जस्टिस दीपक मिश्रा के CJI बनने के बाद बाहरी प्रभाव होने के कई उदाहरण थे, जिसमें जजों की नियुक्ति से लेकर बेंच के मामले भी शामिल रहे। जोसेफ ने कहा कि इस प्रेस कॉन्फ्रेंस का पूर्व सीजेआई मिश्रा के कार्यकाल के बाकी हिस्से में असर पड़ा और कई अच्छे बदलाव हुए। मौजूदा चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अगुआई में भी ये बदलाव जारी हैं। 

मालूम हो कि कुरियन जोसेफ सुप्रीम कोर्ट के तीसरे वरिष्ठतम जज थे। उन्होंने केरल हाई कोर्ट से 1979 से अपने करियर की शुरुआत की थी। सन 2000 में वे केरल हाई कोर्ट के जज नियुक्त किए गए। 8 मार्च 2013 को उन्हें सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस नियुक्त किया गया। देश की उच्चतम न्यायालय में पिछले पांच सालों के दौरान जस्टिस जोसेफ ने कई अहम मामलों में फैसले दिए। इनमें ट्रिपल तलाक, राष्ट्रीय न्यायिक उत्तरदायित्व आयोग और नागराज पुनर्व‍िचार(एससी/एसटी) खास रहे।

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