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सैयद सलाहुद्दीन के घर NIA का छापा, मंगलवार को हुई थी बेटे की गिरफ्तारी

October 26th, 2017 16:30 IST
सैयद सलाहुद्दीन के घर NIA का छापा, मंगलवार को हुई थी बेटे की गिरफ्तारी

डिजिटल डेस्क, कश्मीर। नेशनल इन्वेस्टिगेटिव एजेंसी (NIA) ने मंगलवार को ग्लोबल टेररिस्ट और हिजबुल मुजाहिद्दीन के सरगना सैयद सलाहुद्दीन के बेटे शाहिद यूसुफ को गिरफ्तार करने के बाद अब उसके ठिकानों पर छापेमारी भी करनी शुरू कर दी है। गुरुवार सुबह ही NIA की एक टीम ने शाहिद यूसुफ और उसके रिश्तेदारों के घर पर छापेमारी की। NIA ने गुरुवार सुबह जम्मू-कश्मीर के बड़गाम के सोइबाग इलाके में शाहिद यूसुफ के घर पर छापेमारी की है। इस छापेमारी में NIA ने शाहिद यूसुफ के घर से कई इंपोर्टेंट डॉक्यूमेंट्स भी बरामद किए हैं। इससे पहले बुधवार को गिरफ्तार किए गए शाहिद यूसुफ ने कबूला था कि उसने उसके पिता सैयद सलाहुद्दीन के कहने पर हिजबुल मुजाहिद्दीन से फंड लिया था। 

सलाहुद्दीन के कहने पर करता था फंडिंग

मंगलवार को गिरफ्तार किए गए सैयद शाहिद यूसुफ ने पूछताछ में NIA को बताया कि वो अपने पिता के कहने पर घाटी में मौजूद हिजबुल मुजाहिद्दीन के आतंकियों को फंड देता था। इसके साथ ही मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो यूसुफ ने पूछताछ में विदेशों में अपने साथियों के नाम भी बताए हैं, जो हिजबुल मुजाहिद्दीन से जुड़े हुए थे। शाहिद ने बताया कि ये लोग विदेशों में पैसा इकठ्ठा करते थे और फिर भारत भेजते थे। इसी पैसों से कश्मीर में हिजबुल अपने आतंकियों को एक्टिव रखता था और हमले करवाता था। बता दें कि, ग्लोबल टेररिस्ट सैयद सलाहुद्दीन का बेटा सैयद शाहिद यूसुफ जम्मू-कश्मीर सरकार के एग्रीकल्चर डिपार्टमेंट में काम करता है। 

8 से ज्यादा बार विदेशों से आया फंड

वहीं मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि, NIA की पूछताछ में शाहिद यूसुफ ने कबूला है कि, उसके पास सऊदी अरब से कई बार पैसा आया है। बताया जा रहा है कि शाहिद यूसुफ के अकाउंट में 8 से ज्यादा बार विदेशों से फंडिंग की गई। ये फंडिंग सऊदी अरब में रह रहे हिजबूल मुजाहिद्दीन के एक आतंकी एजाज अहमद बट ने की है। शाहिद ने पूछताछ में बताया है कि उसके पिता सैयद सलाहुद्दीन ने अहमद बट के जरिए फंड भिजवाया है। बता दें कि एजाज अहमद बट पहले से ही इस मामले में आरोपी है और उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी हो चुका है। 

NIA के पास हैं सारे सबूत

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो NIA के पास शाहिद यूसुफ के खिलाफ सारे सबूत हैं। बताया जा रहा है कि NIA के पास इस बात के सबूत भी हैं कि सऊदी अरब से भारत में कई बार पैसे ट्रांसफर किए गए। इतना ही नहीं NIA के पास शाहिद और एजाज के बीच बातचीत की कॉल रिकॉर्डिंग भी मौजूद है। कहा जा रहा है कि, विदेशों से आ रहे इस फंड का इस्तेमाल घाटी में टेररिस्ट एक्टिविटी के लिए किया गया था। इसके अलावा NIA के पास फंड ट्रांसफर से जुड़े भी सारे सबूत हैं। इसके बाद ही शाहिद यूसुफ को गिरफ्तार किया गया है। 

कब से चल रही है जांच

दरअसल, एक न्यूज चैनल ने स्टिंग ऑपरेशन टेलीकास्ट किया था, जिसमें एक अलगाववादी नेता ने पाकिस्तान के टेररिस्ट ऑर्गनाइजेशन की तरफ से फंडिंग की बात कबूली थी। इसके बाद से ही अलगाववादी नेताओं पर शिकंजा कसना शुरू हो गया और जांच NIA को सौंप दी गई। इस मामले में NIA ने जून में 24 जगहों पर छापेमारी की कार्रवाई की गई थी, जिसमें कश्मीर में 14, दिल्ली में 8 और हरियाणा के सोनीपत में 2 जगहों पर छापेमारी की गई थी। 

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