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बेंगलुरु: कर्नाटक कांग्रेस प्रमुख डीके शिव कुमार और भाई सुरेश के ठिकानों पर CBI का छापा, 50 लाख कैश बरामद

बेंगलुरु: कर्नाटक कांग्रेस प्रमुख डीके शिव कुमार और भाई सुरेश के ठिकानों पर CBI का छापा, 50 लाख कैश बरामद

डिजिटल डेस्क, बेंगलुरू। कर्नाटक कांग्रेस के प्रमुख डीके शिवकुमार (DK Shivakumar) के कई ठिकानों पर आज सोमवार को सीबीआई की छापेमारी चल रही है। बेंगलुरु में डीके शिवकुमार के अलावा उनके भाई कांग्रेस सांसद डीके सुरेश (DK Suresh) के घर पर भी छापा मारा गया। कथित भ्रष्टाचार के मामले में छापेमारी की गई।

सीबीआई की टीम डीके शिवकुमार और उनके भाई सुरेश के 15 से अधिक ठिकानों पर छापा मार रही है। इसमें उनके बेंगलुरू में स्थित पूर्व निवास डोड्डालहल्ली, कनकपुरा और सदाशिव नगर भी शामिल हैं।  सोमवार सुबह 6 बजे कनकपुरा विधानसभा क्षेत्र के डोड्डल्लाहल्ली गांव में स्थित डीके शिवकुमार के घर से सीबीआई की छापेमारी शुरू हुई।

शिवकुमार कनकपुरा से विधायक हैं। उनके भाई डीके सुरेश बेंगलुरु ग्रामीण से सांसद हैं। जिन आवासों पर छापेमारी हो रही है, उनमें से एक शिवकुमार के करीबी इकबाल हुसैन का भी बताया जा रहा है।

रेड बीजेपी की कपटपूर्ण चाल- सुरजेवाला
कांग्रेस नेताओं के खिलाफ सीबीआई की कार्रवाई को लेकर कांग्रेस प्रवक्ता सुरजेवाला ने ट्वीट कर मोदी और कर्नाटक की सरकार पर हमला बोला है। सुरजेवाला का कहना है कि, 'मोदी और येदियुरप्पा की जोड़ी डराने-धमकाने का खेल अपनी कठपुतली सीबीआई के द्वारा डीके शिवकुमार के यहां छापेमारी करवाकर कर रही है, लेकिन ये हमें नहीं रोक सकते। सीबीआई को येदियुरप्पा सरकार में भ्रष्टाचार की परतों का पता लगाना चाहिए, लेकिन 'रेड राज' उनकी एकमात्र 'कपटपूर्ण चाल' है।

पार्टी प्रवक्ता सुरजेवाला ने कहा, मोदी और येदियुरप्पा सरकार और बीजेपी के फ्रंटल संगठनों यानी सीबीआई-ईडी-इनकम टैक्स को पता है कि इस तरह के कुटिल प्रयासों के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं को न तो डराया जा सकता है और न ही झुकाया। इससे लोगों के लिए लड़ने और बीजेपी की कुप्रथा को उजागर करने का हमारा संकल्प केवल मजबूत हो जाता है।

सिद्धारमैया ने की निंदा
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सिद्धारमैया ने ट्वीट कर सीबीआई रेड की निंदा करते हुए कहा, बीजेपी ने हमेशा से ही प्रतिशोधी राजनीति में लिप्त होने और जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश की है। डीके शिवकुमार के घर पर सीबीआई का छापा उपचुनावों के लिए हमारी तैयारी को पटरी से उतारने का एक और प्रयास है। 

बता दें कि, पिछले साल सितंबर में, कर्नाटक कांग्रेस के प्रमुख को प्रवर्तन निदेशालय ने उनके खिलाफ आयकर विभाग द्वारा दायर चार्जशीट के आधार पर गिरफ्तार किया था। उन पर दूसरों की मदद से हवाला चैनलों के जरिए बेहिसाब धनराशि के लेनदेन का आरोप है। प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) के तहत, शिवकुमार पर टैक्स चोरी और हवाला से करोड़ों रुपये के लेनदेन का आरोप लगाया गया था।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।