Women’s Reservation Bill: महिला आरक्षण बिल पर लोकसभा में आज होगी वोटिंग, पास होने के लिए दो-तिहाई बहुमत जरूरी

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। लोकसभा में महिला आरक्षण अधिनियम में बदलाव और परिसीमन से जुड़े तीनों अहम बिलों पर आज शाम 4 बजे (शुक्रवार, 17 अप्रैल) वोटिंग होगी। इससे पहले गुरुवार को लोकसभा में तीनों बिल पेश किए गए। कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने ‘संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026’ और परिसीमन विधेयक पेश किया, जबकि गृह मंत्री अमित शाह ने संघ राज्य विधि (संशोधन) विधेयक सदन के पटल पर रखे।
तीन दिन तक चलने वाले संसद के विशेष सत्र के पहले दिन जैसे ही कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने परिसीमन बिल पेश किया, सदन का माहौल गरमा गया। विपक्षी सांसदों द्वारा विपक्ष का भारी विरोध किया गया। विपक्ष का कहना है कि वह महिला आरक्षण बिल का सपोर्ट करती है, लेकिन सरकार ने इसे परिसीमन से जोड़ दिया है, इस वजह से वो इसका विरोध कर रहा है। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस का कहना है कि अगर सरकार को महिलाओं को आरक्षण देना ही है तो वह आज की स्थिति यानि 543 सीटों पर ही उसे लागू कर दे।
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बिल पास कराने के लिए कितना बहुमत चाहिए?
131वां संविधान संसोधन बिल पास कराने के लिए सरकार को दो तिहाई बहुमत यानि 540 में से 360 वोटों की आवश्यकता होगी। दरअसल, लोकसभा की 543 सीटों में से अभी तीन खाली हैं। इसलिए 540 सांसद ही इसके लिए वोट कर सकेंगे।
एनडीए के पास कुल 293 सांसद हैं, वहीं विपक्ष गठबंधन (इंडिया) के पास 232। निर्दलीय सांसदों की संख्या 7 और अन्य छोटी पार्टियों के 8 सांसद हैं। बात करें राज्यसभा की तो वहां बहुमत का आंकड़ा 163 है, जबकि एनडीए के सांसदों की संख्या 142 है। यानि उच्च सदन में भी सरकार बहुमत से 21 वोट दूर है। ऐसे में अगर सरकार को विपक्षी सांसदों का समर्थन नहीं मिला तो बिल को पास कराने में उसे कठनाई होगी।
Created On :   17 April 2026 1:18 AM IST












