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West Bengal Politics: देउचा पचामी परियोजना पर सियासत तेज, कुणाल घोष का भाजपा पर निशाना, कहा - बंगाल की अर्थव्यवस्था मजबूत नहीं होने देना चाहती पार्टी

डिजिटल डेस्क, कोलकाता। पश्चिम बंगाल की बहुचर्चित देउचा पचामी कोयला परियोजना को लेकर तृणमूल कांग्रेस (TMC) और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी. किशन रेड्डी के बयान पर TMC विधायक कुणाल घोष ने प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा पर राजनीतिक कारणों से परियोजना को लेकर सवाल उठाने का आरोप लगाया। घोष ने दावा किया कि यह परियोजना ममता बनर्जी सरकार की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में शामिल है और इससे राज्य के आर्थिक विकास को गति मिल सकती है।
देउचा पचामी की तय तारीख को लेकर क्या कहा गया?
केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी ने संसद में देउचा पचामी कोयला ब्लॉक से जुड़ी जानकारी देते हुए बताया कि परियोजना के संचालन की निर्धारित तारीख 27 सितंबर 2027 है। यह परियोजना पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में स्थित है।
कुणाल घोष ने कहा कि देउचा पचामी को आगे बढ़ाने के लिए ममता बनर्जी सरकार ने काफी प्रयास किए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नहीं चाहती कि पश्चिम बंगाल की अर्थव्यवस्था मजबूत हो।
हमलों को लेकर भी भाजपा पर आरोप
कुणाल घोष ने हाल में हुगली और कोलकाता के बेलीआघाटा इलाके में अपनी कार पर हुए कथित हमलों का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि चुनाव के बाद उन्हें कई बार निशाना बनाया गया है।
शनिवार को ममता बनर्जी के कार्यक्रम में शामिल होने के लिए जाते समय हुगली के उत्तरपाड़ा में उनकी कार पर अंडे और पत्थर फेंके गए और वाहन के शीशे क्षतिग्रस्त हुए। घटना के लिए घोष ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर आरोप लगाए हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक घटना के लिए जिम्मेदारी पुलिस की ओर से तय नहीं की गई थी और भाजपा की ओर से भी इन आरोपों पर आपत्ति जताई गई है।
इसके अगले दिन बेलीआघाटा में घोष ने एक और हमले का आरोप लगाया। उनका दावा था कि बाइक सवार लोगों ने उनकी कार का पीछा किया और वाहन के शीशे तोड़ दिए। इस मामले में भी उन्होंने हमलावरों को भाजपा से जुड़ा बताया।
मिलन प्रधान को जमानत मिलने पर जताई खुशी
नंदीग्राम उपचुनाव से जुड़े मामले में कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को अंतरिम जमानत मिलने पर भी कुणाल घोष ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधान की गिरफ्तारी राजनीतिक बदले की कार्रवाई के तहत की गई थी। घोष ने दावा किया कि ममता बनर्जी की ओर से उम्मीदवार को समर्थन देने की घोषणा के बाद ही उन्हें गिरफ्तार किया गया। हालांकि, यह कुणाल घोष का आरोप है।
नितिन नवीन के बयान पर भी साधा निशाना
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पर निशाना साधते हुए घोष ने उनके बयानों को लेकर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि भाजपा की ओर से किए जा रहे राजनीतिक प्रयासों के बावजूद ममता बनर्जी के नेतृत्व में TMC मुकाबले के लिए तैयार है।
घोष ने चुनाव आयोग, चुनाव के बाद कानून-व्यवस्था और TMC नेताओं को निशाना बनाए जाने को लेकर भी भाजपा पर कई आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि इन परिस्थितियों के बावजूद ममता बनर्जी पश्चिम बंगाल की राजनीति में प्रभावी बनी हुई हैं।
बता दें, कुणाल घोष द्वारा भाजपा पर लगाए गए हमलों और अन्य आरोपों को यहां उनके दावे के रूप में रखा गया है। उपलब्ध रिपोर्टों में हमले की जिम्मेदारी को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं।
Created On :   30 Sept 2026 2:00 AM IST













