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एक ऐसा रहस्यमयी आइलैंड जहां साल में सिर्फ एक दिन ही जाने की है इजाजत

October 21st, 2019 16:30 IST
एक ऐसा रहस्यमयी आइलैंड जहां साल में सिर्फ एक दिन ही जाने की है इजाजत

हाईलाइट

  • इस आइलैंड पर साल में महज एक दिन ही जाने की इजाजत है
  • ये द्वीप दिल के आकार का है और अपनी खूबसूरती से हर किसी को अपनी ओर खींचता है

डिजिटल डेस्क। दुनिया में कई ऐसी जगह हैं, जो रहस्यों से भरी हुई हैं। ऐसे ही कई रहस्यमयी आईलैंड भी दुनिया में मौजूद हैं। यहां कई ऐसी चीजें होती हैं, जिन्हें सुनने मात्र से हैरानी होती है देखना तो बहुत दूर की बात है। इसी कड़ी में हम आपको स्कॉटलैंड के एक रहस्यमयी आइलैंड के बारे में बताने जा रहे हैं। 

दरअसल, स्कॉटलैंड में एक ऐसा आइलैंड है जिसका नाम 'आइनहैलो द्वीप' है। आइनहैलो द्वीप ओर्कने आइलैंड से महज 500 मीटर की दूरी पर स्थित है, जहां लोग रहते हैं, लेकिन इसके बावजूद आइनहैलो द्वीप पर आना बिल्कुल भी आसान नहीं है। यहां तक कि नाव के जरिए भी यहां तक पहुंच पाना संभव नहीं है, क्योंकि यहां बहने वाली नदियों में इतने ज्यादा ज्वार भाटे आते हैं कि वो रास्ता ही रोक देते हैं। 

ये द्वीप दिल के आकार का है और अपनी खूबसूरती से हर किसी को अपनी ओर खींचता है। लेकिन इस आइलैंड पर साल में महज एक दिन ही जाने की इजाजत है। मतलब आप साल के 365 दिनों में से 364 दिन यहां नहीं जा सकते। ये द्वीप काफी छोटा है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि इसे मैप में ढूंढना भी बेहद मुश्किल है। वहीं इस द्वीप को लेकर कई रहस्यमयी कहानियां भी प्रचलित हैं। पौरणिक कथाओं के अनुसार, ये द्वीप भूत-प्रेतों का है।

इनके मुताबिक, यहां बुरी आत्माओं का साया है। कोई भी व्यक्ति अगर इस द्वीप पर जाने की कोशिश करता है तो ये बुरी आत्माएं इस द्वीप को हवा में गायब कर देती हैं। कहा तो यहां तक जाता है कि, इस द्वीप पर जलपरियां भी रहती हैं, जो कि गर्मी के मौसम में ही पानी से बाहर आती हैं।

स्कॉटलैंड के हाइलैंड्स विश्वविद्यालय के प्रोफेसर डेन ली की मानें तो यहां हजारों साल पहले लोग रहते थे, लेकिन साल 1851 में यहां प्लेग की बीमारी फैलने के कारण यहां रह रहे लोगों ने इस द्वीप को छोड़ दिया और कहीं और चले गए। वहीं इस द्वीप के बारे में कोई जानकारी जैसे ये कब बना आदि जानकारी किसी के पास नहीं है। लेकिन इन बातों में कितना दम है ये कह पाना थोड़ा मुश्किल है।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।