दैनिक भास्कर हिंदी: डॉक्टर ने कहा म्यूजिक थैरेपी दो, संगीत सुन कोमा से बाहर आई महिला

December 14th, 2018

हाईलाइट

  • कोलकाता में सामने आया कुदरत का करिश्मा
  • कुछ ही दिन में कोमा से बाहर आ गईं संगीता
  • वॉयलिन के संगीत से मरीज को मिली नई जिंदगी

डिजिटल डेस्क, कोलकाता। पश्चिम बंगाल के कोलकाता शहर में कुदरत का एक करिश्मा सामने आया है। यहां अस्पताल में भर्ती एक महिला संगीत सुनकर कोमा से बाहर आ गई है। कोमा से बाहर आई महिला कोलकाता के एसएसकेएम अस्पताल में भर्ती थी।


कोमा में जा चुकीं 21 वर्षीय संगीता दास को जब उनके परिवार ने अस्पताल में भर्ती कराया था, तब उनकी हालत बेहद खराब थी। डॉक्टरों ने संगीता के परिवार को सलाह दी थी कि वो उन्हें दिग्गज वॉयलिन वादक एन. राजम का दरबारी कनाड़ा संगीत सुनाएं। इसके बाद उनके परिवार ने उन्हें राजम का संगीत सुनाना शुरू कर दिया। कुछ ही दिनों में वो कोमा से पूरी तरह बाहर आ गईं। 
 

इस घटना की जानकारी जब वॉयलिन वादक राजम को लगी तो वो भी हैरान रह गईं और उन्होंने खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि मैंने कभी नहीं सोचा था कि मेरे वॉयलिन के संगीत से किसी को नई जिंदगी मिल सकती है। मैंने बहुत पैसे कमाए, बहुत से अवॉर्ड भी जीते, लेकिन ये मेरे लिए एक अलग तरीके का अनुभव है। मैं इतना ज्यादा खुश हूं कि उसे व्यक्त भी नहीं कर पा रही हूं। उन्होंने संगीता को जल्द स्वस्थ्य होने की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि संगीता के स्वस्थ्य होने पर मैं उससे मिलूंगी और उन डॉक्टरों से भी मुलाकात करूंगी जिन्होंने मरीज के परिजनों को ये सलाह दी। 


बता दें कि संगीता को म्यूजिक थैरेपी की सलाह देने वाले डॉक्टर संदीप कुमार खुद एक वॉयलिन वादक हैं। एसएसकेएम अस्पताल में कार्डियक ऐनिस्थीसिया विशेषज्ञ संदीप ने कहा कि हमें संगीत के पूरी तरह होश में आने का इंतजार करना चाहिए।