जबलपुर न्यूज: जय माता दी… जय श्रीराम के जयघोष से गूंज उठी संस्कारधानी

मां दुर्गा को विदाई, झांकियों के बीच गोविंदगंज रामलीला की प्रस्तुति ने मोहा मन, जगह-जगह हुआ रावण दहन के साथ मना विजयादशमी का पर्व

डिजिटल डेस्क जबलपुर। नौ दिन तक मां जगदंबा की आराधना में लीन रही संस्कारधानी विजयादशमी पर आस्था, उल्लास और उत्सव के रंगों से सराबोर नजर आई। सुबह से ही घरों और दुर्गा पंडालों में हवन-पूजन का सिलसिला चलता रहा। मंत्रोच्चार के बीच आहुतियां अर्पित कर श्रद्धालुओं ने सुख-समृद्धि की कामना की। शाम होते ही शहर में दशहरे की रौनक छा गई। कहीं रावण दहन देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी, तो कहीं मां दुर्गा की विदाई के लिए विसर्जन चल समारोह निकले। पूरा शहर धर्म, आस्था और परंपरा के रंग में रंगा नजर आया।

एक से बढ़कर एक संदेश देती झांकियों की प्रस्तुति -

मुख्य विसर्जन चल समारोह नगर निगम के सामने स्थित तीन पत्ती चौक से निकला। इसमें शामिल आकर्षक झांकियां लोगों के आकर्षण का केंद्र रहीं। कहीं सजी-धजी झांकियां थीं, तो कहीं भक्ति संगीत और जयकारों के बीच आगे बढ़ते श्रद्धालु। गोविंदगंज रामलीला की प्रस्तुति ने विशेष रूप से लोगों का मन मोह लिया। भगवान श्रीराम के प्रसंगों की प्रस्तुति ने विजयादशमी के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को जीवंत कर दिया।

लोगों ने बरसाए पुष्प -

चल समारोह के मार्ग पर जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। सड़क किनारे खड़े लोग मां दुर्गा के दर्शन करते नजर आए। 'जय माता दी' और 'जय श्रीराम' के जयघोष से वातावरण गूंजता रहा। मां की विदाई के साथ ही नौ दिनों तक चले नवरात्र उत्सव का समापन हुआ।

रावण दहन के बाद गूंजे जयघोष

रावण दहन के साथ बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश

विजयादशमी पर विभिन्न स्थानों पर रावण दहन के आयोजन किए गए। शाम ढलते ही मैदानों में लोगों की भीड़ जुटने लगी। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में रावण दहन देखने का उत्साह दिखाई दिया। भगवान श्रीराम के जयकारों और आतिशबाजी के बीच रावण के पुतले का दहन होते ही मैदान तालियों और जयघोष से गूंज उठे। आसमान में उठती आग की लपटों के बीच लोगों ने बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक पर्व का उत्सव मनाया। दशहरे के इन आयोजनों ने भगवान श्रीराम की विजय के प्रसंग को जीवंत कर दिया।


Created On :   21 Oct 2026 7:08 PM IST

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