comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

पेट्रोल पर साथ आए, राफेल पर खींच लिया हाथ,कांग्रेस में गुटबाजी का झटका

September 12th, 2018 17:04 IST
पेट्रोल पर साथ आए, राफेल पर खींच लिया हाथ,कांग्रेस में गुटबाजी का झटका

डिजिटल डेस्क, नागपुर। शहर कांग्रेस में नेताओं की टशन कम नहीं हो रही है। पेट्रोलियम पदार्थों को लेकर सरकार के विरोध में प्रमुख गुट साथ आए थे। लेकिन एक दिन बाद ही वह साथ छूट गया। राफेल के मामले पर बुधवार को सरकार के विरोध में प्रदर्शन हुआ तो असंतुष्ट गुट शामिल नहीं हो पाया। दावा तो यह तक किया जा रहा है कि अब गुटबाजी का प्रदर्शन नए सिरे से सामने नजर आने लगेगा। गौरतलब है कि शहर कांग्रेस के नेताओं को गुटबाजी से दूर रहकर सरकार विरोधी कार्यक्रमों में पूरी ताकत के साथ सहयोग करने को कहा गया था। 10 सितंबर को भारत बंद प्रदर्शन के तहत नागपुर बंद के लिए कांग्रेस के अखिल भारतीय सचिव आशीष दुआ को पार्टी की ओर से नागपुर में नेताओं में समन्वय के लिए भेजा गया था। शहर की राजनीति से दूर रहने वाले रामटेक के पूर्व सांसद व कांग्रेस के महासचिव मुकुल वासनिक को भी बंद प्रदर्शन की विशेष जिम्मेदारी दी गई थी। लिहाजा बंद प्रदर्शन के दौरान एकजुटता दिखाने का प्रयास किया गया। 

हर कांग्रेस में एक असंतुष्ट गुट के नेता व अखिल भारतीय कांग्रेस में एससी सेल के अध्यक्ष डा.नितीन राऊत अपने समर्थकों के साथ बंद प्रदर्शन में शामिल हुए थे। जिले में कांग्रेस के एकमात्र विधायक सुनील केदार,पूर्व सांसद गेव आवारी, पूर्व विधायक अशोक धवड़ जैसे अन्य नेता भी शामिल हुए थे। असंतुष्ट गुट के एक अन्य नेता पूर्व मंत्री डॉ.अनीस अहमद भले ही प्रदर्शन में शामिल नहीं हुए, लेकिन उनके समर्थक अतुल कोटेचा के साथ अन्य कार्यकर्ता शामिल थे। शहर कांग्रेस की कमान संभाल रहे शहर अध्यक्ष विकास ठाकरे व पूर्व केंद्रीय मंत्री विलास मुत्तेमवार के नेतृत्व में शहर के विविध क्षेत्रों में बंद प्रदर्शन का आव्हान करने सभी प्रमुख नेता पहुंचे थे। लेकिन बुधवार को संविधान चौक पर केंद्र सरकार के विरोध में राफेल विमान सौदा मामले को लेकर किए गए प्रदर्शन में असंतुष्ट गुट के नेता नजर नहीं आए।

नितीन राऊत, अनीस अहमद, सुनील केदार विरोध प्रदर्शन से दूर रहे। दावा किया जा रहा है कि असंतुष्ट गुट के नेताओं का सरकार के विरोध में अलग से प्रदर्शन होते रहेगा। पार्टी आलाकमान के निर्देशों का भी पालन नहीं होने से कांग्रेस कार्यकर्ताओं में फिर से निराशा बनने लगी है।

क्यों बिगड़ी बात
कांग्रेस में गुटबाजी दूर करने का प्रयास एक दिन में ही क्यों विफल हो गया,आखिर एकजुटता की बात क्यों बिगड़ गई,इन प्रश्नों का उत्तर जानने की सबमें उत्सुकता है। बताया जा रहा है कि असंतुष्ट गुट का गुस्सा शहर अध्यक्ष ठाकरे को लेकर है। भारत बंद प्रदर्शन के दौरान मनपा में नेता प्रतिपक्ष तानाजी वनवे ने शहर अध्यक्ष पर धक्कामुक्की करने के आरोप लगाए थे। बकायदा पुलिस थाने में शिकायत दी थी। कांग्रेस के अखिल भारतीय स्तर के पदाधिकारियों को भी शिकायत पत्र भेजा गया।

वनवे का कहना है कि बंद प्रदर्शन के तहत पैदल रैली के दौरान उन्हें शहर अध्यक्ष ने धमकाया। अपमानजनक लहजे में कहा कि तेरे को यहां किसने बुलाया है। वनवे ने इस मामले की शिकायत कांग्रेस महासचिव वासनिक से भी की है। हालांकि श्री ठाकरे साफ कह चुके हैं कि वनवे के आरोप निराधार है। उधर असंतुष्ट गुट के नेता यह कहने लगे हैं कि पार्टी कार्यक्रम में मनपा के नेता प्रतिपक्ष के साथ ही अपमानजनक व्यवहार होने लगे तो कार्यक्रम में जाने का क्या औचित्य रह जाता है। अन्य कार्यकर्ताओं व नेताओं के साथ भी वैसा ही व्यवहार हो सकता है। वनवे के आरोपों के मामले को सामने रखकर ही असंतुष्ट गुट फिर से दूरी बनाए हुए है।

कमेंट करें
XQ8OY
कमेंट पढ़े
jpg September 15th, 2018 10:55 IST

फ्लॉफ,बस गुन्डई का असर !

NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।