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Corona : अस्पतालों और कोविड केयर सेंटर में 562 मरीज भर्ती, जानिए - विदर्भ के ताजा आंकड़े

Corona : अस्पतालों और कोविड केयर सेंटर में 562 मरीज भर्ती, जानिए - विदर्भ के ताजा आंकड़े

डिजिटल डेस्क, नागपुर। जिले में कोरोना की दूसरी लहर का प्रकोप कम होने लगा है। नए मरीजों के साथ ही मृतकों की संख्या भी कम हो चुकी है। इसके साथ ही एक्टिव मरीजों व अस्पतालों में भर्ती मरीजों की संख्या में भी काफी कमी आई है। गुरुवार को जिले में 2356 एक्टिव मरीज थे। इनमें से 562 मरीज ही अस्पजालों व कोविड केयर सेंटर में भर्ती है। बाकी मरीज होम आइसोलेट है। गुरुवार को 10749 सैंपल की जांच की गई। इनमें से 91 सैंपल पॉजिटिव पाए गए। इस दिन 401 मरीज स्वस्थ हुए है। रिकवरी दर 97.62 पर पहुंच चुकी है। पिछले 24 घंटे में 10 लोगों की मौत हाे चुकी है। कोरोना का प्रकोप कम होने से प्रशासन और आम जनता राहत महसूस कर रहे है। जिले में 10749 सैंपल की जांच की गई है। इनमें से 9006 सैंपल की आरटीपीसीआर जांच हुई। इसमें शहर के 7035 और ग्रामीण के 1971 शामिल है। जिले में 1743 नमूनों की रैपिड एंटीजन टेस्ट की गई। इनमें शहर के 846 और ग्रामीण के 897 है। जांच के बाद 91 सैंपल पॉजिटिव पाए गए है। इनमें शहर के 49, ग्रामीण के 38 और जिले के बाहर के 4 का समावेश है। अब तक कुल 2055117 सैंपल की जांच आरटीपीसीआर पद्धति से और 845823 सैंपल की रैपिड एंटीजन टेस्ट की गई है। कुल मिलाकर अब तक 2900940 सैंपल की जांच की गई है। इनमें से अब तक 476179 पॉजिटिव पाए गए। निजी लैब में 4888 सैंपल की जांच हुई। वहीं एम्स में 1239, मेडिकल में 1400, मेयो में 1121, नीरी में 92, आरटीएम नागपुर विश्वविद्यालय में 231 सैंपल की जांच की गई। इसके अलावा एंटीजन पद्धति से 1743 सैंपल की जांच की गई। कुल 10749 सैंपल की जांच में 10658 सैंपल निगेटिव और 91 सैंपल पॉजिटिव पाए गए है। इसी के साथ कुल मरीजों की संख्या 476179 हो गई है। पिछले 24 घंटे में कोरोना से 6 लोगों की मौत हुई है। इनमें शहर के 5, ग्रामीण के 1 और जिले के बाहर के 4 लोगों मौत हुई है। अब तक जिले में 8988 लोगों की मौत हो चुकी है। इनमें शहर के 5283, ग्रामीण के 2300 और जिले के बाहर के 1405 मृतक है।

सात जिलों में 840 हुए स्वस्थ 

विदर्भ के सात जिलों में गुरुवार को कुल 840 मरीज स्वस्थ हुए जबकि 378 नए मरीज पाए गए। इस बीच चार जिलों में कुल 10 लोगों की मृत्यु हुई। गुरुवार को स्वस्थ होनेवालों में  अमरावती के 288, वर्धा के 120, यवतमाल के 75, चंद्रपुर के 177, गड़चिरोली के 61, गोंदिया के 36 तथा भंडारा के 83 मरीज शामिल हैं। दूसरी ओर अमरावती में 126, वर्धा में  60, यवतमाल में 30, चंद्रपुर में 88, गड़चिरोली में 51, गोंदिया में 19 और भंडारा में 4 नए मरीज पाए गए। इस बीच अमरावती के 4 और यवतमाल, चंद्रपुर व गड़चिरोली के 2-2, इस तरह कुल 10 मरीजों की मृत्यु हो गई। 

अकोला, बुलढाणा, वाशिम में 5 मृत; 3,169 एक्टिव केस

अकोला जिले में गुरुवार को 1 कोरोना मरीज की मौत होने से मृतकों की संख्या 1,106 तक पहुंच गई है। 81 नए संक्रमित पाए जाने से कुल संक्रमित बढ़कर 56,958 हो गए हैं। 278 लोगों के स्वस्थ हो जाने से यह संख्या अब 53,923 हो गई है। 1,929 एक्टिव मरीजों का इलाज जारी है। 

बुलढाणा जिले में गुरुवार को 1 मरीज की मौत होने से मृतकों की संख्या बढ़कर 640 हो गई है। 42 नए संक्रमित केस मिलने से मरीजों की कुल संख्या 85,825 हो गई है। 339 लोगों के स्वस्थ हो जाने से अब ठीक होने वालों की संख्या 84,719 हो गई है। 466 सक्रिय मरीजों का उपचार प्रारम्भ है।

वाशिम जिले में गुरुवार को 3 मरीजों की मौत होने से मृतकों की संख्या बढ़कर 596 तथा 75 नए पॉजिटिव पाए जाने से संक्रमितों की कुल संख्या 40,901 हो गई है। 110 मरीजों के ठीक हो जाने से अब तक 39,530 लोग स्वस्थ हो चुके हैं। 774 एक्टिव मरीजों का उपचार जारी है। 

 


 

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।