दैनिक भास्कर हिंदी: क्राईम का बढ़ता ग्राफ : खेत में बाप-बेटे की हत्या, दूसरे मामले में व्यापारी और उसके पिता से ब्लैकमेलिंग पर उतरी महिला

September 1st, 2019

डिजिटल डेस्क, नागपुर। परशिवनी तहसील में रविवार शाम पिता- पुत्र की खेत में लाश मिली। बताया जा रहा है कि अज्ञात आरोपियों ने उनकी हत्या की है। मृतक मेश्राम परिवार से हैं। पुलिस घटनास्थल पर पहुंच गई। खबर है कि दोनो रोजाना की तरह शाम करीब 5.30 बजे खेत पर काम कर रहे थे, इस दौरान उनपर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया। रामटेक पुलिस जब मौके पर पहुंची तो परिवार की महिला वहां लाश के पास रो रही थी। 

 

ब्लैकमेलिंग पर उतरी महिला

एक व्यापारी की फोन पर हुई बातचित की रिकार्डिंग वायरल करने की धमकी देकर लड़की ने एक लाख रुपए वसूल किए,जबकी उसके पिता से भी वसूली करने का प्रयास हुआ है। प्रकरण के उजागर होने से लडकी और उसके साथियों के खिलाफ शनिवार को नंदनवन थाने में प्रकरण दर्ज किया गया है, लेकिन अभी तक पुलिस को लड़की का सुराग नही मिला। राजेंद्र नगर निवासी महाविर किसनजी पवार 31 वर्ष टाइल्स खरेदी-बिक्री करने का काम है। अगस्त 2018 को एक लडकी का महावीर के मोबाइल पर फोन आया। उसने महावीर से प्रेम करने की बात कही थी, जबकी महावीर ने उसे यह बताया था कि वह उसे जानता नहीं है। लडकी का कहना था कि एक बार वह दुकान में खरीदी करने आई थी, तभी उसे प्रेम हुआ था। इसके बाद दोनो में बातचीत का सिलसिला 26 जून 2019 तक चलता रहा। लड़की महावीर पर शादी के लिए दबाव बना रही थी, जबकी महावीर शादीशुदा है और दो बच्चों का पिता है। इसके बाद लड़की ब्लैकमेलिंग पर उतर आई। उसने दोनों के बीच हुई बातचीत मोबाइल में रिकार्ड होने की बात कही। इस रिकार्डिंग के बदौलत महाविर को समाज और रिश्तेदारों में बदनाम करने की धमकी दे डाली। फिल्हाल मामले की जांच जारी है।
 

दोबारा बेच डाला प्लाट

प्लॉट खरीदी-बिक्री में पूर्व जवान की पत्नी के साथ धोखाधड़ी करने के आरोप में तीन लोगों के खिलाफ कोतवाली थाने में प्रकरण दर्ज किया गया है। अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। आरोपियों में शेखर मते, रमेश पुंड और भगवान मोटे शामिल हैं। शेखर और भगवान का शक्तिमाता नगर निवासी पूर्व जवान की पत्नी अमृता संजय रेहपाड़े से परिचय था। बरसों पहले शेखर और भगवान ने अमृता की पहचान प्रापर्टी डीलर के तौर पर महल निवासी रमेश से कराई थी। दरअसल, रमेश का पहले बहादुरा में ले-आउट था, जिसने उसने 2001 में किसी और को बेच दिया। इसके बाद भी रमेश लोगों को इस ले-आउट के पुराने दस्तावेज दिखाकर उसे अपना ही ले-आउट बताते रहा। यह सब पता होने के बावजूद  शेखर और भगवान ने अमृता को प्लॉट दिखाया। सौदा पक्का हुआ। प्लॉट के रुपए भी दिए गए। इसके बाद भी रमेश प्लॉट की रजिस्ट्री में टालमटोल करने लगा। अमृता को यह झांसा दिया कि रजिस्ट्री लगाने का काम बंद होने से वह उसे कब्जा-पत्र बनाकर दे रहा है। अमृता को कब्जा-पत्र दिया भी। इस बीच अमृता का पति सेवामुक्त हो गया। परिवार के साथ रहने वह नागपुर आ गया। वर्ष 2010 में एक बार रेहपाड़े दंपति प्लॉट देखने ले-आउट में गए तो उनके प्लॉट पर किसी और व्यक्ति का बोर्ड लगा था। धोखाधड़ी का खुलासा होते ही सक्करदरा थाने में शिकायत पहुंची, लेकिन प्लॉट का सौदा और लेन-देन महल क्षेत्र में होने से प्रकरण की जांच कोतवाली पुलिस को सौंपी गई है। सहायक उपनिरीक्षक दिपक लांजेवार ने प्रकरण दर्ज किया। जांच जारी है।

 

पुलिस ने खोजे 50 मोबाइल   

ग्रामीण क्षेत्रों के थानों में मोबाइल गुमने की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए ग्रामीण पुलिस अधीक्षक राकेश ओला ने एक विशेष अभियान चलाया। इस अभियान के चलते अलग-अलग थानों की पुलिस ने 50 मोबाइल फोन को ट्रेस कर खोज निकाला। करीब 5 लाख रुपए के मोबाइल को ट्रेस करने में ग्रामीण पुलिस को सफलता मिली है। ग्रामीण पुलिस मुख्यालय में मिसिंग मोबाइल वितरण कार्यक्रम के अंतर्गत मोबाइल धारकों को बुलाकर उन्हें मोबाइल फोन वापस दिया गया। ग्रामीण पुलिस अधीक्षक राकेश ओला व अपर पुलिस अधीक्षक मोनिका राऊत के मार्गदर्शन में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। अपराध शाखा विभाग के पुलिस निरीक्षक अनिल जिट्टावार के नेतृत्व में ग्रामीण साइबर सेल के उप-निरीक्षक जावेद शेख, महिला नायब सिपाही  स्नेहलता ढवले, वर्षा खंडाईत, सिपाही संगीता वाघमारे,  सतीश राठोड, योगेश राजगीर, तुलाराम चटप, सचिन किन्हेकर, रविंद्र ठाकरे ने मोबाइल फोन की खोजबीन की। इस कार्य में काटोल, कोंढाली, कन्हान, पारशिवनी, रामटेक, भिवापुर, सावनेर थाने की पुलिस थाने के दस्ते ने भी इस कार्य में सहयोग किया। यह कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को अधीक्षक राकेश ओला के हाथों प्रशस्ति पत्र दिया गया। उपअधीक्षक संजय जोगदंड उपस्थित थे।

 

कार में 22 लाख, हवाला का संदेह

तुकड़ोजी चौक में शनिवार की शाम अपराध शाखा के दस्ते ने छापा मारा। प्रापर्टी डीलर की कार से बड़ी रकम बरामद की गई। रकम हवाला की होने की आशंका व्यक्त की जा रही है। इनकम टैक्स विभाग को भी जानकारी दी गई। समाचार लिखे जाने तक अजनी थाने में किसी के भी खिलाफ प्रकरण दर्ज नहीं किया गया था। शनिवार रात करीब नौ से दस बजे के दौरान अपराध शाखा के दस्ते को गुप्त जानकारी मिली थी कि तुकड़ोजी चौक में खड़ी अर्टिका कार (एमएच 49 एई 5622) में हवाला की रकम है। तत्काल आला पुलिस अधिकारियों को जानकारी दी गई। निर्देश मिलते ही पुलिस ने चौक में कार को घेर लिया। उस वक्त कार में रघुजी नगर निवासी अनिल शंकर बैसवारे (38) बैठा हुआ था। तलाशी के दौरान पुलिस को कार से 22 लाख रुपए की नकदी मिली। पूछने पर अनिल पुलिस को संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। सिर्फ इतना ही बता पाया कि वह प्रापर्टी डीलिंग का काम करता है। नकदी से संबंधित कोई दस्तावेज भी उसके पास नहीं थे। मामला पूरी तरह से संदिग्ध था। नकदी हवाला कारोबार से जुड़े होने का भी संदेह है। मामला नकदी से जुड़ा होने के कारण इनकम टैक्स विभाग को जानकारी दी गई। समाचार लिखे जाने तक किसी के भी खिलाफ प्रकरण दर्ज नहीं किया गया था, पूछताछ जारी थी। अपर पुलिस आयुक्त निलेश भरणे के मार्गदर्शन में निरीक्षक सत्यवान माने, सहायक निरीक्षक किरण चौगुले, दिलीप चंदन, रमेश उमाले, नरसिंह दमाहे, देवेंद्र चव्हाण, अजय रोडे, रवि राऊत, आशीष क्षीरसागर, सतीश निमजे, प्रशांत कोडापे, सचिन तुमसरे और अविनाश ठाकुर ने कार्रवाई की है।

 

152 लीटर महुआ शराब जब्त

पांचपावली क्षेत्र में पुलिस ने विशेष अभियान के तहत 5 आरोपियों को धर-दबोचा। इनसे 152 लीटर महुआ शराब सहित करीब 15 हजार रुपए का माल जब्त किया गया। पांचपावली पुलिस ने कार्रवाई के दौरान आरोपी राजू लांजेवार (लष्करीबाग), कुणाल बिनेकर (तांडापेठ), निखिल बिनेकर (तांडापेठ), रानी सांबरे (बांगलादेश, नाइक तालाब, माता मंदिर के पीछे पांचपावली) और ओमप्रकाश निनावे को गिरफ़्तार किया। पुलिस ने राजू से 8 लीटर, कुणाल से  40 लीटर, निखिल से 90 लीटर, रानी से 8 लीटर और ओमप्रकाश से 6 लीटर अवैध महुआ शराब जब्त की गई। आरोपी 100 रुपए प्रति लीटर के हिसाब से महुआ शराब बेच रहे थे। वरिष्ठ अधिकारियों के आदेश पर उक्त आरोपियों के खिलाफ पांचपावली थाने के   वरिष्ठ थानेदार अशोक मेश्राम, द्वितीय पुलिस निरीक्षक महेश धवन, सहायक पुलिस निरीक्षक सुरोशे, उपनिरीक्षक गोडबोले, एएसआई अशोक पुंड, हवलदार राजकुमार शर्मा, छगन शिंगणे, नायब सिपाही जितेंद्र खरपुरिया, दीपक सराटे, राकेश तिवारी, विश्वास व अन्य ने कार्रवाई में सहयोग किया। 

 

बार का गल्ला लूटने वाले तीन आरोपी पकड़े गए

बार में तोड़-फोड़ कर गल्ला लूटने वाले तीन आरोपियों को घटना के कुछ देर बाद ही दबोच लिया गया है, शेष फरार आरोपियों की तलाश जारी है। वाकया पोले की रात नंदनवन थाना क्षेत्र में रमाश्री बार में हुआ था। नंदनवन थाने की हद में रमाश्री बियर बार है। पोले की रात मुफ्त में बियर पीकर जा रहे दो व्यक्तियों को बार कर्मियों ने बिल के लिए टोका था। बिल को लेकर उनमें विवाद हुआ। बार के बाहर आकर उन लोगों ने बिल तो दिया, लेकिन इसके कुछ देर बाद अपने तीन  से चार साथियों के साथ बार में हमला बोल दिया। पथराव कर कांच फोड़ दिए। शराब के बोतलों की भी तोड़-फोड़ की गई। इस बीच प्रबंधक पीतांबर कोहाट (47) से धक्का-मुक्की कर गल्ले से  8 से  9 हजार रुपए की नकदी छीनकर भाग गए थे। सुनील बोरकर नामक कर्मचारी की पिटाई भी की थी। इससे मौजूद ग्राहकों में अफरा-तफरी मची रही। इस बीच सूचना मिलते ही संबंधित थाने का दस्ता मौके पर पहुंचा। 

 

फरार आरोपी ने मचाया उत्पात, चाकू जब्त

पांचपावली में शनिवार की शाम को छोटा पोला के दौरान एक आरोपी को चाकू की नोक पर बस्ती में उत्पात मचाते हुए धर दबोचा गया है। वह हत्या के आरोप में फरार आरोपी था। आरोपी शुभम उर्फ शुभु संजय लोखंडे (20) लष्करीबाग निवासी है। शनिवार को जब संबंधित थाने का दस्ता बड्ग्या और छोटा पोला के बंदोबस्त में था, तभी उन्हें भनक लगी कि चाकू की नोक पर शुभम बस्ती में उत्पात मचा रहा है। पुलिस बस्ती में पहुंची और शुभम को घेर लिया गया। उसे दबोच कर उससे चाकू भी जब्त किया गया। गत चार महीने से शुभम जरीपटका थाने से फरार है। उस पर हत्या के प्रयास का आरोप है। इस बीच प्रकरण दर्ज किया गया है। जांच जारी है। 

 

9 अवैध वेंडरों पर कार्रवाई

लगातार चेकिंग और अन्य अभियानों के बाद भी ट्रेनों में अवैध वेंडरों की समस्या बढ़ती जा रही थी। यात्रियाें ने भी कई बार इनकी शिकायत रेलवे मंे की है। इसलिए दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की ओर टिकट के लिए यात्रियों की सुविधा के लिए जोनल एवं मंडल स्तर पर स्टेशनों, विभिन्न रेल खंडों एवं ट्रेनों मंे 21 से 30 तक  टिकट चेकिंग अभियान चलाया। इसमें अवांछित भीड़ एवं बिना टिकट के यात्रा कर रहे एवं बिना टिकट एवं बिना बुक किए सामानों आदि पर से जुर्माना वसूला जा रहा है, ताकि वास्तविक टिकट धारी यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। विशेष दस दिवसीय टिकट चेकिंग अभियान के दौरान  10  दिनों में कुल 9651 मामले पकड़े गए, जिनमें दंड स्वरूप  24,47,080 रुपए वसूले गए। इसमंे कूड़ा-कचरा फैलाने के 230  मामलों में दंड स्वरूप 22,350 रुपए की वसूली शामिल है। इस दौरान अलग-अलग ट्रेनों मंे 9 अवैध वेंडरों पर कार्रवाई की गई। इस के अलावा गाड़ी क्र 12130 आजाद हिन्द एक्सप्रेस के खानपान यान में पाई गई अनधिकृत ब्रांड की पानी की 48 बोतलें जब्त कर मैनेजर के विरूद्ध कार्रवाई की गई। नैनपुर स्टेशन पर अनियमित रूप से चलाई जा रही टी स्टॉल को  वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक दपूमरे के आदेशानुसार बंद कर दिया गया। अभियान मंडल रेल प्रबंधक शोभना बंदोपाध्याय के मार्गदर्शन, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक के.वी. रमणा के नेतृत्व में वाणिज्य विभाग के अधिकारी अनुराग कुमार सिंह तथा जितेंद्र तिवारी की अगुवाई में टिकट निरीक्षकों, वाणिज्य निरीक्षकों के सहयोग एवं रेल सुरक्षा बल कर्मियों की मदद से चलाया गया।

 

अवैध शराब अड्डे पर छापा, महिला गिरफ्तार

जिले में शराब बंदी कानून लागू किया गया था। जिसके चलते अवैध शराब विक्रेताओं ने एक दिन पहले ही अपने घरों में भरपूर शराब का स्टॉक जमा लिया था। शुक्रवार को कॉम्बिंग ऑपरेशन के दाैरान पुलिस ने कामगार नगर सरकारी शौचालय के पास एक महिला शराब विक्रेता के घर छापा मारकर 10 पेटी देशी शराब की जब्त कर ली। इस मामले में पुलिस ने महिला आरोपी को गिरफ्तार किया। प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार देर रात कामठी के नये थाने का डीबी पथक परिमंडल 5 के डीसीपी निलोत्पल, एसीपी राजेश परदेशी और वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक संतोष बाकल के आदेश व मार्गदर्शन पर काम्बिंग ऑपरेशन कर रहे है। इस बीच डीबी पथक के पुलिस उपनिरीक्षक विनोद धोंगडे को कामगार नगर परिसर में एक महिला के घर बड़ी मात्रा में शराब का स्टॉक रखने की सूचना मिली। खबर मिलते ही ज्ञानचंद्र दुबे, प्रमोद वाघ, मंगेश गिरी, वेद्रप्रकाश यादव और ललित शेंडे के साथ घटनास्थल पर छापा मारा। महिला शराब विक्रेता रजिया बानो मो. असलम (43) के घर 10 पेटी देशी शराब कीमत 24 हजार 960 रुपए का माल बरामद कर लिया। पुलिस ने महिला आरोपी के खिलाफ धारा 65(इ) के मामला दर्ज किया है।
 

फांसी लगाकर की आत्महत्या

उधर कामठी के नया पुलिस थाना अंतर्गत न्यू येरखेड़ा साईं सोसायटी में 41 वर्षीय व्यक्ति ने शनिवार की दोपहर अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार विलास अंबादास बरगट (41) शराब का आदी था। शराब की लत के चलते उसकी पत्नी उसे छोड़कर चली गई थी। बेरोजगार विलास अपना शौक पूरा करने घर का सामान बेचा करता था। शनिवार को भी उसके पास शराब पीने के पैसे नहीं थे, इसलिए वह मिक्सर बेचने जा रहा था। इस पर विलास की मां और बहन ने उसे रोकना चाहा तो विलास ने दोनों की पिटाई कर दी। पिटाई से घबराकर मां बेटी दोनों थाने में आए और अपने बेटी की करतूत बताकर उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग कर घर लौट गए। थोड़ी देर बाद विलास की मां फिर थाने पहुंची और विलास ने फांसी लगाकर खुदकुशी करने की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने तुरंत घटना स्थल पहुंचकर शव नीचे उतारा और कामठी के उपजिला अस्पताल भेजा। जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बहरहाल आकस्मिक मृत्यु के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच एपीआई प्रशांत साखरे कर रहे हैं।

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