हरी झंडी: नागपुर फ्लाइंग क्लब को डीजीसीए की मान्यता, 2017 से था बंद

November 18th, 2021

डिजिटल डेस्क, नागपुर। फ्लाइंग क्लब द्वारा डीजीसीए के विमान  प्रशिक्षण के लिए आवश्यक सभी सुविधाओं की पूर्तता करने पर वैमानिक प्रशिक्षण को मान्यता मिलने की जानकारी विभागीय आयुक्त और नागपुर फ्लाइंग क्लब की अध्यक्ष प्राजक्ता लवंगारे-वर्मा ने दी। डीजीसीए की मान्यता मिलने के कारण जल्द ही प्रत्यक्ष विमान प्रशिक्षण की शुरुआत की जाएगी। नई दिल्ली स्थित नागरी विमान उड्‌डयन महासंचालनालय द्वारा विमान प्रशिक्षण के लिए 15 नवंबर 2023 तक मान्यता दी गई है। फ्लाइंग क्लब में प्रत्यक्ष वैमानिक प्रशिक्षण की शुरुआत करने संदर्भ में मुंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ में जनहित याचिका भी दायर की थी। नागपुर फ्लाइंग क्लब में 2017 से वैमानिक प्रशिक्षण बंद था। वैमानिक प्रशिक्षण की शुरुआत करने के लिए प्रशासकीय स्तर पर लगातार प्रयास शुरू थे। प्रशिक्षण के लिए आवश्यक विशेषज्ञ मनुष्यबल और क्लब के पास मौजूद सेसना चारों विमान को तैयार करने की दृष्टि से प्राथमिकता दी गई थी। उपमुख्य उड्डान निर्देशक पद भरने के लिए उच्च न्यायालय की ओर से विशेष अनुमति ली गई थी। इस अनुसार आवश्यक सभी पदों की भर्ती विमानों के फिटनेस और मेंटेनंेस (एफटीओ) लाइसंेस प्राप्त होने के बाद नागरी विमान उड्‌डयन महासंचालनालय द्वारा प्रशिक्षण के लिए मंजूरी मिलने की जानकारी विभागीय आयुक्त ने दी है। प्राजक्ता लवंगारे ने नागपुर फ्लाइंग क्लब प्रशिक्षण के लिए और फ्लाइंग क्लब नए से शुरू करने के लिए डीजीसीए और मुंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ द्वारा मिले सहकार्य पर उनका आभार व्यक्त किया। 

महाज्योति संस्था के साथ सामंजस्य करार 

फ्लाइंग क्लब और महाज्योति के साथ विद्यार्थियों को कमर्शियल पायलट (सीपीई) विमान चलाने के प्रशिक्षण के लिए सामंजस्य करार हुआ है। हर साल 20 विद्यार्थियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। नागपुर सहित मध्य भारत के कमर्शियल पायलट के लिए प्रशिक्षण लेने वाले युवकों को भी प्रशिक्षण देने की सुविधा उपलब्ध हुई है। नागपुर फ्लाइंग क्लब के कारण विद्यार्थियों को इस क्षेत्र में अब मौका उपलब्ध होगा।