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रिमोट एरिया में नहीं होगी महिला कर्मियों की तैनाती, कुछ ही घंटों में पहुंच जाएंगी अपने घर

रिमोट एरिया में नहीं होगी महिला कर्मियों की तैनाती, कुछ ही घंटों में पहुंच जाएंगी अपने घर

डिजिटल डेस्क,  नागपुर। मतदान के दिन महिला कर्मचारियों की ड्यूटी दूरदराज (रिमोट) के इलाकों में नहीं लगाई जाएगी। मतदान खत्म होने के कुछ घंटे में ही महिला कर्मचारी अपने घर पहुंच सकें, इसलिए यह व्यवस्था की जा रही है। जिले की 12 विधानसभा सीटों के लिए करीब 40000 कर्मचारी व अधिकारी तैनात होंगे, जिनमें से 24000 कर्मचारी सीधे पोलिंग बूथ की व्यवस्था संभालेंगे। इसमें पुलिस कर्मचारी शामिल नहीं है। एक बूथ पर चार कर्मचारी होते हैं। चुनाव ड्यूटी में 3000 से ज्यादा महिला कर्मचारी लगाए गए है।

मतदान शाम 5 बजे खत्म होगा। 5 बजे तक जो वोटर बूथ परिसर में प्रवेश करते हैं, उनके वोट पड़ने तक 6 बज जाते हैं। जरूरी प्रक्रिया निपटाने के बाद कंट्रोल यूनिट, बैलेट यूनिट तय जगह पर जमा करने होते हैं। ईवीएम में लगी बैटरी निकालकर उसे लाक करना होता है। मशीनें जमा करने के बाद प्रमाणपत्र लिया जाता है और उसके बाद ही ड्यूटी खत्म होती है। इस काम में 3 से 4 घंटे का समय लगता है। घर पर छोड़ने के लिए सरकारी वाहन नहीं होते। दूरदराज और देहातों में समय पर परिवहन उपलब्ध नहीं होता और ऐसी सूरत में महिलाओं को घर पहुंचने में काफी समय हो जाता है। कई बार आधी रात के बाद घर पहुंचना पड़ता है। महिलाओं काे इस फजीहत से बचाने के लिए घर से थोड़ी दूर पर ही ड्यूटी दी जाएगी। जैसे शहर में हर जगह परिवहन की व्यवस्था है। 

रात में नहीं मिलते साधन
ग्रामीण क्षेत्र में तैनात महिलाएं भी ऐसी ही जगह तैनात होंगी, जहां से कुछ घंटे में ही घर पहुंच सके। यानी सार्वजनिक परिवहन की व्यवस्था उपलब्ध हो। जिले में कई ऐसी जगह हैं, जहां रात को सार्वजनिक परिवहन की व्यवस्था नहीं है। कुही तहसील के कई गांवों में रात को परिवहन व्यवस्था नहीं है। रामटेक के तहत आनेवाले फिरंगीसर्रा में रात को परिवहन की कोई व्यवस्था नहीं है। वन विभाग के एरिया में जहां पोलिंग बूथ है, वहां भी परिवहन व्यवस्था का संकट है। 

महिलाओं को ज्यादा दूर ड्यूटी नहीं देंगे 
रिमोट एरिया में महिलाओं को चुनाव ड्यूटी में नहीं लगाने के हमारे प्रयास है। मतदान खत्म होने के बाद कुछ घंटे में ही महिलाएं घर पहुंच जाना चाहिए। संभवत: महिला कर्मचारी जिस जगह रहती है, उस एरिया के आसपास ही ड्यूटी दी जा सकती है। जिस जगह घर है, उस विधानसभा क्षेत्र के बाहर चुनाव ड्यूटी पर लगाया जा सकता है। घर पहुंचने में देर रात न हो, इसका ख्याल रखा जा रहा है।
- रवींद्र ठाकरे, जिलाधीश व जिला चुनाव निर्णय अधिकारी, नागपुर
 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।