comScore

 नजूल की भूमि पर गड़ीं दबंगों की निगाहें - कई गरीबों को ठगा जा रहा, प्लॉटिंग के नाम पर वसूल रहे राशि 

 नजूल की भूमि पर गड़ीं दबंगों की निगाहें - कई गरीबों को ठगा जा रहा, प्लॉटिंग के नाम पर वसूल रहे राशि 

डिजिटल डेस्क जबलपुर । मदन महल पहाड़ी पर हजारों की संख्या में कब्जे किए गए थे। लोगों ने पहाड़ी को तोड़ा, खोदा और वृक्षों का कत्लेआम करते हुए पहाड़ की चोटी तक वे बस गए। समय बदला और न्यायालय ने सभी कब्जों को हटाने का आदेश दिया। आज मदन महल की पहाड़ी फिर से पुराने स्वरूप को प्राप्त हो रही है, लेकिन काँचघर से लगी छुई खदान में दिनों दिन कब्जे बढ़ते ही जा रहे हैं। यहाँ नीचे से लेकर पहाड़ी के ऊपर तक अवैध मकान बन रहे हैं और प्लॉटों की बिक्री की जा रही है। इस मामले में प्रशासन कोई कदम नहीं उठा रहा है और बाद में जब कब्जे बढ़ जाएँगे तो प्रशासन के लिए परेशानी होगी। 
बर्न कम्पनी के आगे और काँचघर के पीछे की ओर छुई खदान है। यहाँ एक ओर रेलवे की भूमि है तो दूसरी ओर जीसीएफ का भी कुछ क्षेत्र आता है। पहाड़ी और आसपास की भूमि नजूल की मानी जाती है। यही कारण है कि यहाँ कब्जे लगातार बढ़ रहे हैं और लोग पहाड़ी को नुकसान भी पहुँचा रहे हैं। सबसे बड़ी बात तो यह है कि यहाँ कई दबंग सक्रिय हैं और ये गरीबों से रुपए हड़प कर उन्हें सरकारी जमीन बेच रहे हैं। जब कभी अतिक्रमण हटाए जाएँगे तब गरीबों का क्या होगा, उनकी मेहनत की कमाई तो बर्बाद हो जाएगी। 

कमेंट करें
2BbPF