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महिला कांग्रेस में अध्यक्ष पद को लेकर मचा घमासान, आलाकमान को दिए सात नाम

महिला कांग्रेस में अध्यक्ष पद को लेकर मचा घमासान, आलाकमान को दिए सात नाम



डिजिटल डेस्क छिंदवाड़ा।  कांग्रेस में चल रही संगठन की सर्जरी के लिए कवायद के बीच महिला नेत्रियां लामबंद हो गई हैं। गुरुवार को महिला नेत्रियों ने बैठक कर अपने बीच के 7 नामों की सूची तैयार की है। हस्ताक्षर युक्त उक्त सूची प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष को प्रेषित की है। महिला नेत्रियों ने कहा है कि सात में से किसी को भी जिला अध्यक्ष का दायित्व दिया जाए। यदि इन्हें छोड़कर अन्य किसी को जिम्मेदारी दी जाती है तो वे सभी घर बैठने मजबूर हो जाएंगी।  
भास्कर से चर्चा में उक्त जानकारी देते हुए महिला नेत्रियों ने कहा कि वे विरोध नहीं कर रही हैं, बल्कि अपने हक की बात कर रही हैं। संगठन में बदलाव को लेकर बनी कोर कमेटी ने महिला कांग्रेस के लिए परासिया, जामई और इमलीखेड़ा की एक महिला नेत्री का नाम चर्चा के बाद पैनल में रखा है। बताया जा रहा है कि यह बात बाहर आने पर जिला मुख्यालय में महिला नेत्रियां लामबंद हुई हैं। गुरुवार को गुलाबरा क्षेत्र में महिला कांग्रेस की कार्यवाहक अध्यक्ष के निवास पर हुई बैठक में 33 महिला नेत्रियां शामिल हुईं। सभी ने अपने में से 7 सक्रिय चेहरों के नाम सुझाए हैं। भास्कर से चर्चा में कार्यवाहक अध्यक्ष मीना कोरी ने कहा कि सक्रिय चेहरों को ही जिम्मेदारी दी जानी चाहिए। ग्रामीण महिला कांग्रेस अध्यक्ष मनीषा पाल ने कहा कि वे सभी विरोध नहीं कर रही हैं, बल्कि अपने हक की बात रख रही हैं। नंदा ठाकरे ने कहा कि जिला अध्यक्ष चयन के लिए महिलाओं की मीटिंग रखकर उनसे भी सलाह ली जानी चाहिए। उधर मोहखेड़ ब्लॉक अध्यक्ष लखीचंद पवार के इस्तीफे के ऐलान के बाद गुरुवार को वरिष्ठ नेताओं ने उनसे संपर्क साधा है।
ये सात नाम सुझाए: प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ को प्रेषित पत्र में महिला नेत्रियों ने साथ नाम सुझाए हैं। जिसमें कामिनी शाह, मीना कोरी, मंजू बैस, माया पटेल, मनीषा पाल, कुसुम कराड़े और नंदा ठाकरे का नाम शामिल है। इन सात नामों में से ही किसी एक को महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष पद पर नियुक्त करने की मांग रखी है।
यूथ कांग्रेस के लिए उम्र का फैक्टर: यूथ कांग्रेस अध्यक्ष के लिए पैनल में शामिल नए नामों को लेकर नाराजगी के स्वर कांग्रेस के गलियारों में सुनाई दे रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक बैठक में भी उक्त विषय पर चर्चा हुई। खासतौर पर उम्र के फैक्टर पर बैठक में विचार हुआ। साथ ही यूथ कांग्रेस की चुनाव प्रक्रिया में भी पैनल के नाम फिट बैठने पर विचार हुआ।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।