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बुद्ध के विचार अपनाएंगे तो युद्ध के विचार ही नहीं आएंगे : भंते संघकीर्ति थेरो

बुद्ध के विचार अपनाएंगे तो युद्ध के विचार ही नहीं आएंगे : भंते संघकीर्ति थेरो

डिजिटल डेस्क, नागपुर। वाड़ी दाभा, न्यू शांति नगर स्थित महाप्रज्ञा बुद्ध विहार बुद्ध धम्म प्रशिक्षण केंद्र में रविवार को वर्षावास का समापन किया गया। बुद्ध के विचार अपनाएंगे तो मन में युद्ध के विचार कदापि नही आएंगे। यह विचार भंते संघमित्र महाथेरो नेे उपस्थित बौद्ध उपासक व उपासिका का मार्गदर्शन करते हुए  व्यक्त किए। उन्होंने कहा विश्व को बुद्ध के विचार ही ऊंचाई पर ले जा सकते हैं। घर-घर, विहार-विहार और गांव-गांव में बुद्ध के विचारों का प्रचार-प्रसार करने के जरूरत है।

भदन्त सरणंकर थेरो के हस्ते धम्मदेशना दी गई। रविवार को सुबह धम्मध्वज, महापरित्रण पाठ, कठिन चिवरदान तथा मुफ्त स्वास्थ्य जांच व  रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इसमें 50 युवकों ने रक्तदान किया। 90 भन्तेजी को चीवरदान व करीब 10 हजार उपासकों को भोजनदान दिया गया। कार्यक्रम में भदन्त सदानंद महाथेरो, भदन्त सत्यशील महाथेरो, भदन्त संघरत्न मानके, भदन्त महापंथ महाथेरो, भदन्त धम्मदीप महाथेरो, भदन्त शीलधन महाथेरो, भदन्त संघानंद महाथेरो, भदन्त धम्मसेन महाथेरो, भदन्त सारिपुत्त महाथेरो, भदन्त प्रियदर्शी महाथेरो, भदन्त सुगत महाथेरो प्रमुखता से उपस्थित थे। कार्यक्रम में बौद्ध उपासक व उपासिका भारी संख्या में उपस्थित थे।

भीम-बुद्ध गीतों की प्रस्तुति

प्रबोधन पर अमरावती ज़िले के चांदूर तहसील स्थित सातेफल गांव के प्रसिद्ध गायक अनिल इंगोले व गायिका ममता घोडेस्वार ने भीम-बुद्ध गीत प्रस्तुत कर समां बांध दिया। इस अवसर पर भदन्त संघकीर्ति थेरो ने समाज कार्य करने वाले भंतेगण के माता-पिता को सम्मानित किया।

महिलाओं के लिए फ्री स्तन कैंसर जांच शिविर 

अंतरराष्ट्रीय महिला स्वास्थ्य माह के अंतर्गत इंडियन कैंसर सोसायटी के तत्वावधान में म्यूर मेमोरियल हास्पिटल के सहयोग से स्तन कैंसर माह को अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। संस्था के कार्यकारी सदस्य नरेंद्र सतीजा ने बताया  कि इस अभिनव आयोजन के अंतर्गत सीताबर्डी स्थित म्यूर मेमोरियल हास्पिटल में हर मंगलवार और गुरूवार को सुबह 10 से 11 बजे स्तन कैंसर की संपूर्ण जांच नि:शुल्क की जा रही है। साथ ही मार्गदर्शक पुस्तिका का नि:शुल्क वितरण किया जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि संस्था का स्वतंत्र जांच केंद्र स्थापित किया गया है जहां विशेषज्ञ महिला चिकित्सक सेवाएं दे रही हैं। यहां कैंसर प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया है प्रदर्शनी सुबह 10 से 2 बजे तक खुली रहती है। इंडियन कैंसर सोसायटी की नागपुर शाखा पिछले तीन दशकों से कैंसर के क्षेत्र में निरंतर सेवारत है। सचिव डॉ मनमोहन राठी ने महिला संगठनों से इस अभियान में सहयोग की अपील की है। महिलाओं से स्वयंस्फूर्त होकर जांच करवाने का अनुरोध किया है। जांच से संभावित खतरे से बचा जा सकेगा। 

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।