दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर: विदेश से महंगा गिफ्ट लेने के चक्कर में गंवा दिए 41.70 लाख

September 17th, 2020

डिजिटल डेस्क, नागपुर| साइबर अपराध का दायरा लगातार बढ़ रहा है। एटीएम क्लोनिंग, ओटीपी पूछकर धोखाधड़ी की शिकायतें तो आती ही थी, अब नए तरह का नेटवर्क काम करने लगा है। खास बात यह है कि इस नेटवर्क में विदेशी भी शामिल हैं। ऐसा ही एक मामला गिट्टीखदान थाने में आया है। विदेश से महंगा गिफ्ट लेने के चक्कर में सेना से रिटायर दंपति ने 41.70 लाख रुपए गंवा दिए। सेना में नर्स से रिटायर पत्नी को विदेशी ने पहले फेसबुक फ्रेंड बनाया, फिर बातचीत शुरू की। इसके बाद उसने हीराजरित आभूषण गिफ्ट भेजने का झांसा दिया। दिल्ली से खुद को कस्टम का अधिकारी बताते हुए कॉल आया और एक-एक कर महिला ने अलग-अलग बैंक खातों में 41.70 रुपए डाल दिए, पर गिफ्ट के नाम पर कुछ नहीं मिला। अब साइबर सेल जांच में जुटी है। 

यह है मामला: कुछ माह पहले की बात है। सेना से रिटायर नर्स की पहचान फेसबुक के माध्यम से लंदन निवासी एक व्यक्ति से हुई। दोनों में चैटिंग भी होने लगी। कभी-कभार दोनों के बीच फोन पर भी बात होती थी। इस बीच लंदन निवासी ने महिला को हीराजरित सोने का तोहफा भेजने की बात कही। महिला ने मना किया, पर वह जिद पर अड़ गया। 
ऐसे फंसी जाल में : 15 जुलाई से 15 सितंबर के बीच अलग-अलग नंबरों से नर्स के पास फोन आए। फोन करने वालों ने नर्स को बताया कि वह दिल्ली एयरपोर्ट के कस्टम विभाग के अधिकारी हैं। नर्स को बताया गया कि उसके नाम का पार्सल आया है। इसकी कस्टम ड्यूटी व अन्य शुल्क भरने के बाद पार्सल लेने की बात बताई गई। नर्स को लगा कि लंदन वाले दोस्त ने गिफ्ट भेज दिया है। मजबूरी में वह शुल्क भरने को तैयार हो गई। इस तरह वह साइबर अपराधियों के जाल में फंस गई।

बैंकों के खाता नंबर दिए: फर्जी कस्टम अधिकारी बनकर फोन करने वालों ने महिला को विजया बैंक, यूको बैंक, केनरा बैंक और एचडीएफसी बैंक का खाता नंबर दिया। एक-एक कर महिला ने इन खातों में 41.70 लाख रुपए जमा कर दिए। इसके बाद भी किसी तरह का तोहफा नहीं मिला। खास बात यह है कि शुल्क नहीं भरने पर दिल्ली पुलिस में शिकायत करने तक की धमकी साइबर अपराधियों ने महिला को दी थी। बाद में महिला को अहसास हुआ कि उसके साथ धोखाधड़ी हो गई है। उसके पति सेना से कैप्टन पद से रिटायर हुए हैं। अंतत: दोनों गिट्टीखदान थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज कराई।