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सिंगरौली स्थित एनटीपीसी की सबसे पुरानी इकाई ने चालू वित्त वर्ष में अब तक का सर्वाधिक पीएलएफ दर्ज किया

January 09th, 2021 16:50 IST
सिंगरौली स्थित एनटीपीसी की सबसे पुरानी इकाई ने चालू वित्त वर्ष में अब तक का सर्वाधिक पीएलएफ दर्ज किया

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। विद्युत मंत्रालय सिंगरौली स्थित एनटीपीसी की सबसे पुरानी इकाई ने चालू वित्त वर्ष में अब तक का सर्वाधिक पीएलएफ दर्ज किया एनटीपीसी लिमिटेड की पहली इकाई, जो 38 साल पहले उत्तर प्रदेश के सिंगरौली में चालू की गई थी, ने अप्रैल 2020 से दिसंबर 2020 के दौरान देश की सभी ताप विद्युत इकाइयों की तुलना में100.24प्रतिशत का उच्चतम प्लांट लोड फैक्टर (पीएलएफ) प्राप्त किया है, जो केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए)द्वारा प्रकाशित डेटा से स्पष्ट हुआ है।200 मेगावाट की इकाई 1982 में चालू की गई थी और उच्च पीएलएफ, भारत की सबसे बड़ी बिजली उत्पादक कंपनी में बेहतरीन परिचालन और रख-रखाव दक्षता का प्रतीक है। इकाई नं. 1द्वारा प्राप्त शानदार उपलब्धि के अलावा,एनटीपीसी की तीन और इकाइयां - सिंगरौली इकाई नं. 4और छत्तीसगढ़ में कोरबा इकाई नं. 1 वनं.2शीर्ष 5प्रदर्शन करने वाली इकाइयों में शामिल हैं। बिजली मंत्रालय के तहत सार्वजनिक उपक्रम एनटीपीसी लिमिटेड द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, एनटीपीसी समूह ने अप्रैल से दिसंबर 2020तक 222.4बिलियन यूनिट (बीयू) का उच्चतम सकल उत्पादन हासिल किया, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 3.8प्रतिशत अधिक है। साथ ही साथ, एनटीपीसी के कोयला-बिजली संयंत्रों ने अप्रैल 2020से दिसंबर 2020तक 92.21प्रतिशत की उच्च उपलब्धता बनाए रखी है, जबकि पिछले वर्ष की इसी अवधि में यह 87.64प्रतिशत थी। एनटीपीसी के छह प्रमुख संयंत्र- छत्तीसगढ़ में एनटीपीसी कोरबा (2600मेगावाट) और एनटीपीसी सिपत (2980मेगावाट), उत्तर प्रदेश में एनटीपीसी रिहंद (3000मेगावाट), मध्य प्रदेश में एनटीपीसी विंध्याचल (4760मेगावाट), ओडिशा में एनटीपीसी तालचेर थर्मल (460मेगावाट) और एनटीपीसी तालचेर कनिहा (3000मेगावाट) भी देश के शीर्ष 10बेहतर प्रदर्शन करने वाले थर्मल प्लांटों में शामिल हुए हैं। 62.9 गीगावॉट की कुल स्थापित क्षमता के साथ, एनटीपीसी समूह के पास 71पावर स्टेशन हैं, जिनमें24 कोयला, 7 संयुक्त चक्र गैस/तरल ईंधन, 1 जलविद्युत, 14 नवीकरणीय ऊर्जातथा25 सहायक और संयुक्त उद्यम पावर स्टेशन शामिल हैं। समूह के पास20 गीगावॉट की निर्माणाधीन क्षमता है, जिसमें 5 गीगावॉट की नवीकरणीय/जलविद्युत परियोजनाएं शामिल हैं।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।