दैनिक भास्कर हिंदी: भगवान को मिले ठंडक, वैद्य ने जगन्नाथ स्वामी को लगाया लेप

July 27th, 2017

टीम डिजिटल, रीवा. भगवान जगन्नाथ स्वामी बीमार चल रहे हैं. परंपरानुसार 15 दिनों तक उन्हें आयुर्वेदिक काढ़ा दिया जाता है. बलभद्र एवं बहन सुभद्रा को लक्ष्मणबाग स्थित जगन्नाथ स्वामी मंदिर में पहुंचकर वैद्य ओमप्रकाश पंसारी ने दवाई और ठंडई दी है. 

वैद्य ओमप्रकाश पंसारी ने बताया, ये परंपरा प्राचीनकालीन है हर साल भगवान बीमार होते हैं और बीमार भगवान को इलाज के रूप में ठंडई दी जाती है, जिससे उनके शरीर का ताप कम हो और वे जल्दी स्वस्थ्य हो सके. इसलिए भगवान को लेप दिया गया है.

ऐसी मान्यता है कि बीमारी हालत में भगवान जगन्नाथ को इलाज के रूप में ठंडई दी गई थी जिससे उनके शरीर का ताप कम हुआ और धीरे.धीरे करके उनके स्वास्थ्य में सुधार होने लगा था. इस दवा के बाद से भगवान को काफी राहत मिलती है. इसलिए अब भी उन्हें दवा के रुप में ठंडई का ही लेप दिया जाता है. बाद में सभी इसी को प्रसाद के रुप मंे ग्रहण करते हैं.

जगन्नाथ धाम से लाए मूर्तियां
रीवा में भी ओड़िसा की तर्ज पर एक भव्य जगन्नाथ मंदिर स्थित हैं जिसे रीवा राज्य के नरेश व्यंकट रमण सिंह ने बनवाया था. उन्होंने जगन्नाथ धाम से जगन्नाथ स्वामीए बलभद्र एवं बहन सुभद्रा की प्रतिमा लाकर मंदिर में स्थापित करवाई थी. तभी से यहां भी हर साल परंपरानुसार पूजन-अर्चन किया जाता है.

आषाढ़ मास शुरू होते ही भगवान के बीमारी हालत में आने पर उन्हें गर्भगृह से बाहर स्थापित किया जाता है. 15 दिनों तक उनकी देखभाल गर्भगृह के बाहर की जाती है. यहां से भी विशाल रथ यात्रा निकाली जाती है. जिसके लिए सालभर तैयारी होती है.