सुप्रीम कोर्ट : परमबीर सिंह को गिरफ्तारी से दी राहत, महाराष्ट्र सरकार को जारी नोटिस

November 22nd, 2021

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह को उनके खिलाफ महाराष्ट्र पुलिस द्वारा दर्ज विभिन्न मामलों में गिरफ्तारी से अंतरिम राहत प्रदान की है। साथ ही कोर्ट ने उन्हें जांच में शामिल होने को कहा है। जस्टिस संजय किशन कौल और जस्टिस एमएम सुंदरेश की पीठ परमबीर सिंह की याचिका पर सुनवाई कर रही है। सुनवाई के दौरान परमबीर सिंह के वकील वरिष्ठ अधिवक्ता पुनीत बाली ने अदालत को बताया कि अगर सिंह ने महाराष्ट्र में कदम रखा तो उन्हें मुंबई पुलिस से जान से मारने की धमकी मिली है। लिहाजा उन्हें गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दी जानी चाहिए। दलील सुनने के बाद और यह सूचित किए जाने के बाद कि सिंह भारत में बहुत ज्यादा है, अदालत ने यह कहते हुए कि आदेश पारित किया कि उन्हें गिरफ्तार नहीं किया जाएगा और वे जांच में शामिल होंगे।

शीर्ष अदालत ने अपने आदेश में यह भी कहा कि मामले के तथ्य बहुत परेशान करने वाले हैं और पूर्व गृहमंत्री और मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त के बीच लड़ाई जिज्ञासु हो गई है। परमबीर सिंह ने अपनी याचिका में उनके खिलाफ दायर भ्रष्टाचार और जबरन वसूली के मामलों में गिरफ्तारी से सुरक्षा की मांग की थी। शीर्ष अदालत ने 18 नवंबर को कहा था कि वह महाराष्ट्र सरकार द्वारा उनके खिलाफ शुरु की गई जांच को चुनौती देने वाली सिंह की याचिका पर तब तक सुनवाई नहीं करेगी, जब तक कि फरार अधिकारी अदालत को अपने ठिकाने का खुलासा नहीं कर देता। पीठ ने पूछा था कि कोई सुरक्षा नहीं, कोर्ट सुनवाई नहीं जब तक हमें इस सवाल का जवाब नहीं मिलता कि आप कहां है। साथ ही कोर्ट ने सिंह की ओर से पेश वकीलों को मामले की सुनवाई शुरू करने से पहले इस संबंध में निर्देश लेने को कहा था।

परमबीर सिंह के वकील ने कोर्ट को बताया कि बॉम्बे हाईकोर्ट के समक्ष उनकी याचिका में सीबीआई जांच के लिए प्रार्थना की गई थी, जबकि उच्च न्यायालय ने याचिकाकर्ता को केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण से संपर्क करने के लिए कहा था। सुप्रीम कोर्ट ने सिंह को अंतरिम राहत देते हुए अपील पर महाराष्ट्र सरकार को नोटिस जारी किया।