पिता को बेटे की शहादत पर गर्व: आतंकियों को ढेर करने के बाद सतना का सपूत कर्णवीर सोपियां में शहीद

October 20th, 2021

 डिजिटल डेस्क सतना।  कश्मीर घाटी के सोपियां में 2 आंतकियों को मार गिराने के बाद विंध्य के जाबांज सपूत कर्णवीर सिंह राजपूत ने शहादत को गले लगा लिया। 21 राजपूत रेजिमेंट 44 के 24 वर्षीय जवान कर्णवीर के सीने में गोलियां लगीं। दो अन्य जवान भी गंभीर रुप से घायल हो गए। मूलत रामपुर बघेलान थाना क्षेत्र के दलदल (छिबौरा) निवासी अमर शहीद कर्णवीर के पिता रवि कुमार सेना की  22 राजपूत रेजीमेंट से वर्ष 2017 में सूबेदार मेजर के पद से निवृत्त हैं। उन्हें यहां उतैली स्थित आवास में दोपहर 12 बजे जाबांज बेटे की शहादत की खबर मिली। सरहद की हिफाजत के लिए कर्णवीर ने महज 4 साल पहले आर्मी ज्वाइन की थी। बुजुर्ग पिता को बेटे की शहादत पर गर्व तो है पर आतंकियों के विरुद्ध गुस्सा भी है। यहां शहादत की खबर मिलने पर मां मिथलेश की तबियत बिगड़ गई। कर्णवीर के बड़े भाई शक्ति सिंह इंदौर में इंजीनियर हैं।
सुबह 4 बजे एनकाउंटर-
खबरों के मुताबिक कश्मीर घाटी के आतंक प्रभावित शोपियां के चीरबाग द्रगाड़ इलाके में आतंकियों के खिलाफ चल रहे आपरेशन के दौरान बुधवार की भोर  4 बजे सेना और आतंकियों के बीच उस वक्त एनकाउंटर हुआ जब एक संदिग्ध कार ने सेना के फिक्स पिकेट को पार करने की कोशिश की। कार को रोकने पर उसमें सवार आतंकियों ने फायर खोल दिए। सैन्य जवानों ने मोर्चा संभाला और 2 आतंकी ढेर कर दिए। जवाबी हमले में कर्णवीर सिंह राजपूत समेत 2 अन्य जवान घायल हो गए। गंभीर रुप से घायल कर्णवीर उपचार के दौरान वीरगति को प्राप्त हो गए। मारे गए आतंकियों में से एक की पहचान आदिल वानी के रुप में की गई है। यह जुलाई 2020 में आतंकी संगठन से जुड़ा था और पुलवामा में यूपी के सहारनपुर के एक श्रमिक शाकिर का हत्यारा था।