दैनिक भास्कर हिंदी: वेतन छोड़ने की घोषणा से शिवसेना और स्वामी ने बनाई दूरी, अनंत कुमार ने किया था ऐलान

April 5th, 2018

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। संसद में गतिरोध के दिनों का वेतन नहीं लेने संबंधी संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार की घोषणा का विरोध शुरू हो गया है। दिलचस्प यह कि इस घोषणा से न केवल BJP के सहयोगी दल किनारा कर रहे हैं, बल्कि BJP सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने भी अपना वेतन छोड़ने से साफ मना कर दिया है। 

अनंत की घोषणा में शिवसेना की सहमति नहीं : राऊत 
अनंत कुमार ने बुधवार की शाम बयान दिया था कि सत्ताधारी राजग के सांसद मौजूदा संसद सत्र में कामकाज नहीं होने वाले 23 दिनों का वेतन नहीं लेंगे। उनके इस बयान से शिवसेना ने दूरी बना ली है। शिवसेना सांसद संजय राऊत ने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री की इस घोषणा से उनकी पार्टी का कोई लेना देना नहीं है। उन्होने कहा कि सदन चलाने की जिम्मेदारी सरकार की है। जहां तक वेतन छोड़ने का सवाल है तो यह शिवसेना के सांसद तय करेंगे कि किसानों के लिए वे अपना वेतन छोड़ेंगे या नहीं।

राऊत ने साफ कहा कि अनंत कुमार की इस घोषणा में शिवसेना की सहमति नहीं है। राजग के एक अन्य सहयोगी राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (RLSP) ने भी संसदीय कार्य मंत्री की इस घोषणा से अनभिज्ञता जताई है। केन्द्रीय मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री और RLSP अध्यक्ष उपेन्द्र कुशवाहा ने कहा कि गतिरोध के चलते संसद नहीं चलने के दौरान का वेतन नहीं लेने संबंधी घोषणा की उन्हें कोई जानकारी नहीं है। 

अपना वेतन क्यों छोड़ूं : स्वामी 
अनंत कुमार की इस एकतरफा घोषणा से BJP सांसद सुब्रमण्यम स्वामी भी बिफर गए हैं। नाराज स्वामी ने कहा कि मैं रोजाना संसद जाता हूं। यदि सदन में कामकाज नहीं होता है तो यह मेरी गलती नहीं है। खुद को राष्ट्रपति का प्रतिनिधि बताते हुए स्वामी ने कहा कि जब तक राष्ट्रपति नहीं कहते, मैं कैसे कह सकता हूं कि तनख्वाह नहीं लूंगा। सहयोगी दलों के साथ स्वामी की नाराजगी सामने आने के बाद इस मसले पर विपक्षी दलों को उलझन में डालने की BJP की रणनीति नाकामयाब होती दिख रही है। बता दंे कि अन्नाद्रमुक और तेलूगुदेशम जैसी पार्टियों के हंगामे के चलते संसद की कार्यवाही लगातार बाधित हो रही है।