दैनिक भास्कर हिंदी: बारिश से ट्रेनें घंटों लेट, 10 किलो सोना और नकदी लेकर सफर कर रहे युगल की मौत

August 20th, 2018

डिजिटल डेस्क, नागपुर। देश के कई इलाकों में हो रही बारिश का असर ट्रेनों पर देखने को मिल रहा है। सोमवार को नागपुर आनेवाली एक दर्जन से ज्यादा गाड़ियां प्रभावित रहीं। 16 घंटों तक ट्रेनें स्टेशन पर देरी से पहुंची। ऐसे में यात्रियों को गाड़ियों के इंतजार में भारी दिक्कत का सामना करना पड़ा। प्लेटफार्म पर खाने-पीने की पर्याप्त व्यवस्था नहीं रहने से यात्रियों को परेशान होना पड़ा। प्रतिक्षालय, प्लेटफार्म पर यात्रियों की संख्या इतनी थी कि पैर रखने के लिए भी जगह नहीं थी। विलंब से आनेवाली गाड़ियों में सबसे देरी से स्पेशल ट्रेन 07006 रक्सौल-हैद्राबाद 16 घंटे लेट आई। वही 12625 केरला एक्सप्रेस 7 घंटे, 30 मिनट देरी से आई। इसी तरह 12886 टाटा नगर लोकमान्य एक्सप्रेस 7 घंटे विलंब से पहुंची। 12950 संत्रागाछी एक्सप्रेस 4.15 मिनट देरी से आई। 12296 संघमित्रा एक्सप्रेस 7 घंटे इंतजार के बाद स्टेशन पहुंची। वही 12834 हावड़ा-अहमदाबाद एक्सप्रेस, 12404 पांडूचेरी एक्सप्रेस, 12102 ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस, 12722 दक्षिण एक्सप्रेस, 12130 आजाद हिंद एक्सप्रेस 3 घंटें विलंब से पहुंची। वही 12647 कोंगू एक्सप्रेस भी 2 घंटे लेट रही।

परिसर हुआ जलमग्न 

स्टेशन पर जलनिकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण जलमग्न हो गया था। प्रतिक्षालय में भी पानी घुस गया था। पीआरएस में पानी टपकने लगा था। वही आरपीएफ व जीआरपी थाने में भी पानी घूस गया।

10 किलो सोना और 2 करोड़ रुपए लेकर ट्रेन से जा रहे युगल की मौत

उधर आरपीएफ के एक वरिष्ठ अधिकारी को सूचना मिली थी, कि एर्नाकुलम-पटना एक्सप्रेस में एक युगल 10 किलो सोना और 2 करोड़ रुपए लेकर सफर कर रहा हैं। तलाश में ट्रेन में चढ़ी पुलिस जब उनकी बर्थ पर पहुंची तो दोनों बेहोशी की हालत में मिले। दोनों को नरखेड के अस्पताल में भरती कराया गया। जहां शाम को उनकी मौत हो गई। दोनों की पहचान नहीं हो सकी है। घटना की जानकारी मिलते ही जीआरपी की एक टीम नरखेड के लिए रवाना हुई है। सूत्रों के अनुसार लगेज की जांच-पड़ताल में कोई विशेष सामान नहीं मिला। ऐसे में जीआरपी जांच-पड़ताल में जुटी हैं। 

सूत्रों के अनुसार उपरोक्त गाड़ी के एस-5 कोच में 10,11 बर्थ पर एक युगल सफर कर रहा था। उन्होंने किसी से धोखाधड़ी की है। वह अपने साथ सोना और  रुपये लेकर सफर कर रहे थे। गुप्त सूचना के आधार पर जब नागपुर स्टेशन से गाड़ी छूटी, तो गाड़ी में सक्रीय स्टॉफ को जानकारी दी गई। लेकिन जब यह स्कॉड बर्थ पर पहुंचे, तो दोनों बेहोशी की हालत में थें। तुरंत नरखेड में उन्हें उतारकर अस्पताल भेजा गया। लेकिन वहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।