दैनिक भास्कर हिंदी: आखिर क्यों वायरल हो रहीं 'द लॉयन किंग' और ‘बाहुबली’ की तस्वीरें, जानिए क्या है राज

November 23rd, 2017

डिजिटल डेस्क, मुबंई। टॉलीवुड से लेकर बॉलीवुड तक जिस फिल्म की सफलता को लेकर दुनियाभर में झंडे गाड़ रहा है, उस फिल्म की कहानी डिज्‍नी ने 1994 में ही कह दी थी। इंटरनेट की दुनिया में कई ऐसा महारथी बैठे हैं जो कुछ न कुछ खोज ही निकालते हैं। इस बार इन खोजियों ने कुछ नया पेश करते हुए बताया है कि सिनेमा इतिहास की सबसे बड़ी फिल्म 'बाहुबली' की कहानी कोई नई कहानी नहीं थी, बल्कि इसकी कहानी कहीं न कहीं डिज्नी की फिल्म 'द लॉयन किंग' से मिलती जुलती है।

 

 

मूल रूप से तेलुगू में बनी ‘बाहुबली’ भारतीय सिनेमा जगत की अब तक की सबसे बड़ी फिल्‍म बन गई है। इस फिल्म ने आज तक के इतिहास की सबसे बड़ी कमाई की है। देश के अलावा विदेश में भी फिल्म ने अपना डंका बजाया है। इस फिल्‍म के क्‍लाइमेक्‍स और कहानी को लेकर लगातार दो साल दर्शकों के मन में कौतुहल बना रहा। हालंकि फिल्म की कहानी राजामौली के पिता केवी विजेंद्र प्रसाद ने लिखी है।

 

 

राजामौली खुद कहते हैं कि वह पिताजी से बचपन में एक कहानी सुनते थे, ‘बाहुबली’ उसी का विस्‍तार है, लेकिन सबसे रोचक बात यह है कि फिल्म की कहानी में डिज्नी की क्‍लासिक फिल्म ‘द लॉयन किंग’ से बहुत समानताए हैं।  

 

 

सोशल मीडिया पर इन दिनों ‘द लॉयन किंग’ और ‘बाहुबली’ की तस्‍वीरें वायरल हो रही हैं। जिसमें किरदारों का अंदाज वहीं हैं। फर्क सिर्फ इतना है कि जहां कार्टून फिल्‍म ‘द लॉयन किंग’ जंगल और जानवरों की कहानी थी। वहीं राजामौली की फिल्म इंसानों की कहानी कहती है, लेकिन प्लॉट एक ही है।

 

एक साम्राज्य की कहानी
 
कार्टून फिल्म ‘द लॉयन किंग’  में भी दो भाइयों की कहानी दिखाई गई है, और बाहुबली में भी दो भाइयों की ही कहानी दिखाई गई है। दोनों ही फिल्में सत्ता के इर्द-गिर्द बुनी गई हैं। दोनों ही फिल्मों में एक साम्राज्य दिखाया गया है। जिस पर शासन करने के लिए एक गलत नीयत रखता है और एक जनता का प्रिय है और राजा बनने के योग्य भी है।

डिज्‍नी की फिल्‍म में भी बुरे वाले राजा के चेहरे पर चोट के निशान थे। फिल्म में दिखाया गया है कि भल्लालदेव जनता पर राज करता है, वह एक बुरा आदमी है। वैसे ही डिज्नी की फिल्म में भी अच्‍छे वाले भाई (मुफासा) में राजा के सारे गुण हैं। जैसे कि अमरेंद्र बाहुबली में। एक षड़यंत्र के तहत मुफासा की हत्या हो जाती है और उसका भाई शासन करने लगता है। 


देवसेना की तरह ‘द लॉयन किंग’ में भी कैद थी रानी  

मुफासा की मौत के बाद उसके बेटे सिंबा को बचाने के लिए जंगल से दूर भेज दिया जाता है। जहां कुछ अन्य जानवर उसका पालन पोषण करते हैं। उसे यह भी पता नहीं कि वह राजा का बेटा है। जैसे ‘बाहुबली’ में शि‍वू को भी नहीं पता था। जब सिंबा बड़ा होता है, उसमें भी पिता जैसे अच्‍छे गुण आते हैं और वह भी अपने राज्य में कैद अपनी मां को छुड़ाने जाता है। वैसे ही ‘द लॉयन किंग’ में बुरे शेर ने भी अपने भाई मुफासा की पत्‍नी को कैद कर रखा था। 

  

‘बाहुबली’ में शि‍वू यानी महेंद्र बाहुबली अवंतिका से मिलता है। ठीक वैसे ही सिंबा की मुलाकात नला से होती है। कटप्‍पा मामा की तरह भी फिल्म में एक किरदार है जिसका नाम रफीकी है। यह वही शख्‍स है जो सिंबा को राजगद्दी पाने में मदद करता है, उसे रास्‍ता दिखाता है।
 

श‍िवू और सिंबा में भी समानता  

जैसे ‘बाहुबली’ में महेंद्र बाहुबली की शक्‍ल उसके पिता अमरेंद्र बाहुबली से हूबहू मिलती है। ‘द लॉयन किंग’ में भी सिंबा की शक्‍ल अपने पिता मुफासा से हूबहू मिलती है। ‘द लॉयन किंग’ और ‘बाहुबली’ में ऐसे कई सीन हैं, जो एक-दूसरे से मेल खाते हैं। खास बात यह कि इस फिल्म के भी दो पार्ट आए थे। इससे साफ है कि राजामौली की फिल्‍म डिज्‍नी की कहानी से कहीं न कहीं इंस्‍पायर है। खैर जो भी हो दोनों ही फिल्में दर्शकों के दिल में उतरी थीं।