Israel-Lebanon Ceasefire: युद्धविराम के बाद बदलेंगे ईरान के तेवर या ट्रंप बढ़ाएंगे मुसीबत? होर्मुज पर अब भी तनाव बरकरार

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट तनाव को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। आखिरकार इजरायल और लेबनान के बीच सीजफायर पर सहमति बन गई है। दोनों देशों के बीच 10 दिन का युद्धविराम हुआ है। अब सवाल यह है कि क्या इससे ईरान के रवैये में बदलाव आएगा? क्या ईरान का रुख अगली शांति वार्ता में नरम दिखेगा? ऐसा इसलिए क्योंकि ईरान की बड़ी शर्त पूरी हो गई है। हाल ही में, ईरान और अमेरिका के बीच 15 दिन का सीजफायर हुआ था। युद्धविराम करने के लिए ईरान ने अमेरिका के सामने कई शर्तें रखी थीं। इनमें एक बड़ी शर्ता लेबनान पर हमला न करने की थी।
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ईरान का रवैया बदलेगा?
आपको बता दें कि, ईरान ने लेबनान को सीजफायर में शामिल करने की बात रखी थी। अमेरिका तो इस बात पर सहमत हो गया था लेकिन इजरायल ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया था। उसने कहा था कि सीजफायर लेबनान पर लागू नहीं होगा। इसके बाद दोनों देशों के बीच ताबड़तो हमले हुए थे। लेकिन अब अंतत: 10 दिन का सीजफायर हो गया है। इसे ईरान के लिए बड़ी सफलता के रूप में देखा जा रहा है क्योंकि उसकी बड़ी शर्त मान ली गई है।
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होर्मुज बढ़ा सकता है तनाव
इन सब के बीच एक चिंता की बात यह है कि अगर यूएस के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर अड़े रहते हैं तो बात और बिगड़ सकती है। पाकिस्तान में हुई शांति वार्ता के विफल होने के बाद अमेरिका ने होर्मुज के पास नाकाबंदी कर दी थी। इस वक्त भी यूएस के नौसैनिक समुद्री रास्ते पर तैनात हैं। इससे ईरान काफी भड़का हुआ है। बता दें कि, इस पूरे मामले पर ड्रैगन की भी प्रतिक्रिया सामने आई थी। चीन ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा था कि कोई उसके काम में बाधा डालने की कोशिश न करे। अब देखना यह होगा कि मध्य पूर्व तनाव कब तक खत्म हो पाता है?
Created On :   17 April 2026 10:41 AM IST













