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Coronavirus in World: दुनिया भर में कोरोना महामारी की दूसरी लहर को लेकर चिंता बढ़ी, अब तक 77.32 लाख संक्रमित

Coronavirus in World: दुनिया भर में कोरोना महामारी की दूसरी लहर को लेकर चिंता बढ़ी, अब तक 77.32 लाख संक्रमित

हाईलाइट

  • राजधानी बीजिंग में कोरोना वायरस संक्रमण के दो और मामले
  • ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री ने कोविड-19 के नियमों में ढील दी
  • लॉकडाउन से ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था में 20.4 प्रतिशत की गिरावट

डिजिटल डेस्क, वॉशिंगटन। दुनिया में अब तक 77.32 लाख से ज्यादा लोग संक्रमित हो चुके हैं और 4.28 लाख से ज्यादा लोग अपनी जान गवा चुके हैं। कोरोना संक्रमण के सबसे अधिक मामले अमरीका में हैं। यहां 21.16 लाख लोग इस वायरस की चपेट में हैं जबकि 1.16 लाख से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। दुनिया भर में कोरोना महामारी की दूसरी लहर को लेकर चिंता बढ़ रही है। चीन के बीजिंग में लगातार दूसरे दिन संक्रमण के मामले सामने आने के बाद प्रशासन ने 6 होलसेल फूड मार्केट को बंद कर दिया है।

www.worldometers.info के अनुसार शुक्रवार रात 2 बजे तक दुनियाभर में अब तक 77,32,952 लोग संक्रमित हो चुके हैं। इनमें से 4,28,248 लोगों की मौत हो चुकी है और 39,56,299 लोग स्वस्थ हुए हैं। वहीं 33,48,405 लोग अस्पतालों में संक्रमण से जूझ रहे हैं। इनमें से 53,887 हजार लोगों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है।

कोरोनावायरस संक्रन 10 सबसे ज्यादा प्रभावित देश

देश

संक्रमितमौतेंठीक हुए
अमेरिका21,16,9221,16,8258,41,934
ब्राजील8,29,90241,9013,96,692
रूस 5,11,4236,715 2,69,370
भारत3,09,6038,8901,54,231
ब्रिटेन2,92,95041,481उपलब्ध नहीं
स्पेन2,90,289 27,136उपलब्ध नहीं
इटली2,36,30534,2231,73,085
पेरू2,20,7496,3081,07,133
जर्मनी1,87,2518,8631,71,600
ईरान1,82,5258,6591,44,649

अमरीका के बाद कोरोना से सबसे बुरी तरह प्रभावित ब्राजील में संक्रमण के मामले 8 लाख का आंकड़ा पार कर चुके हैं, जबकि 40.919 लोग इस वायरस के कारण मर चुके हैं।विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार ब्राजील में अस्पतालों के आईसीयू अपनी क्षमता के 90 फीसदी तक भर चुके हैं। संगठन का कहना है कि यहां घनी आबादी वाले इलाकों में स्थिति चिंताजनक है। भारत में कोरोना संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। ये अब दुनिया चौथा सबसे बुरी तरह प्रभावित देश बन चुका है, जहां 3 लाख से ज्यादा लोग संक्रमित हैं।

राजधानी बीजिंग में कोरोना वायरस संक्रमण के दो और मामले
राजधानी बीजिंग में कोरोना वायरस संक्रमण के दो और मामले समेत चीन में 10 नए मामले सामने आए हैं जिसके मद्देनजर प्रशासन ने बीजिंग में स्कूलों की पहली से तीसरी कक्षाएं खोलने की योजना स्थगित कर दी है। बीजिंग में 56 दिनों के अंतराल के बाद गुरुवार को कोविड-19 का पहला मामला समाने आया था। शुक्रवार को दो और लोगों के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई।

ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री ने कोविड-19 के नियमों में ढील दी
ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री स्कॉट मौरिसन ने शुक्रवार को कोरोना वायरस पाबंदियों में और ढील देने की घोषणा की जिसमें 40,000 लोगों की क्षमता वाले खेल स्टेडियमों को अगले महीने से 10,000 लोगों की मेजबानी की अनुमति देना शामिल है। राष्ट्रीय कैबिनेट बैठक के बाद प्रधानमंत्री ने कहा कि ये बदलाव खेल, मैच, कंसर्ट और महोत्सव जैसे कार्यक्रमों में लागू होंगे। हालांकि ये स्थल अपनी क्षमता की 25 प्रतिशत सीट ही भर पाएंगे। उन्होंने कहा कि राज्य उन नियमों के लिए काम कर रहे हैं जिसमें जुलाई से 40,000 लोगों की क्षमता वाले स्टेडियम 10,000 लोगों की मेजबानी कर सकेंगे।

लॉकडाउन से ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था में 20.4 प्रतिशत की गिरावट
ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था में अप्रैल में 20.4 प्रतिशत की जबरदस्त गिरावट आई। कोरोना वायरस की वजह से देश में लागू लॉकडाउन का यह पहला महीना था। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय ने शुक्रवार को कहा कि 'इस महामारी से अर्थव्यवस्था के सभी क्षेत्र विशेष रूप से पब, शिक्षा, स्वास्थ्य और वाहन बुरी तरह प्रभावित हुए। इस दौरान कारों की बिक्री में जोरदार गिरावट आई।'

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।