comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

बरेली के दरगाह में अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का विरोध

June 10th, 2020 15:31 IST
 बरेली के दरगाह में अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का विरोध

हाईलाइट

  • बरेली के दरगाह में अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का विरोध

बरेली, 10 जून (आईएएनएस)। मथुरा में स्थित एक मंदिर में अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर्स पर आपत्ति जताए जाने के बाद, अब बरेली में दरगाह आला हजरत में इसका विरोध किया जा रहा है। यहां अपने अनुयायियों व मस्जिद के प्रमुखों को अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर के इस्तेमाल से बचने की सलाह दी गई है।

दरगाह आला हजरत में सुन्नी मरकज दारुल इफ्ता के मुफ्ती नश्तर फारूकी ने बुधवार को कहा, इस्लाम में शराब पर पाबंदी है। मुसलमानों को अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का उपयोग नहीं करना चाहिए। यदि परिसर में सफाई के लिए अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का उपयोग किया जाता है, तो इससे मस्जिद नापाक हो जाएगी। हम अल्लाह के घर को नापाक नहीं बना सकते। नमाज किसी नापाक जगह पर अदा नहीं की जा सकती। यदि मस्जिद को जानबूझकर नापाक किया जाता है, तो यह गुनाह होगा। मैंने मस्जिदों और मस्जिदों की समितियों के इमामों से अपील की है कि वे अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का उपयोग करने से परहेज करें।

मुफ्ती ने अल्कोहॉल-आधारित सेनिटाइजर का एक विकल्प भी दिया है।

उन्होंने कहा, अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर का उपयोग करने के बजाय मुसलमानों को अपने हाथों और मस्जिद परिसर की सफाई साबुन, डिटर्जेंट पाउडर और शैम्पू से करनी चाहिए।

हालांकि धार्मिक स्थलों में अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर के उपयोग पर विरोध जताने का यह कोई पहला मामला नहीं है, बल्कि इससे पहले मथुरा के कुछ प्रमुख मंदिरों के पुजारी इसके इस्तेमाल पर विरोध जता चुके हैं।

मथुरा और वृंदावन में इस्कॉन, बांके बिहारी, मुकुट मुखारविंद और श्री रंग नाथ जी सहित कुछ प्रमुख मंदिरों ने सोमवार से श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के द्वार को नहीं खोलने का फैसला लिया और उनके इस निर्णय के पीछे का एक कारण यही अल्कोहॉल-बेस्ड सेनिटाइजर है, जिसका परिसर में इस्तेमाल सरकार ने अनिवार्य कर दिया है।

कमेंट करें
nDN4J
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।