राम मंदिर ट्रस्ट: अंतरिम महासचिव कृष्ण मोहन का बड़ा बयान, कहा - 'नहीं बख्शे जाएंगे दोषी, गोविंद गिरी ने किया चंपत राय का बचाव

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला सामने आने के बाद सोमवार को पहली बार मंदिर ट्रस्ट ने बैठक की। इस बैठक में ट्रस्ट ने पूर्व महासचिव चंपक राय और सदस्य अनिल मिश्रा के इस्तीफे को स्वीकार कर लिया। नए ट्रस्टी रिटायर्ड IFS कृष्ण मोहन को चंपक राय की जगह कार्यवाहक महासचिव बनाया गया है।
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क्या बोले कृष्ण मोहन?
ट्रस्ट का नया कार्यवाहक महासचिव बनने के बाद कृष्ण मोहन की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। उनका कहना है कि चढ़ावे को चोरी करने वालों को सजा दिला जाएगी। उन्होंने आगे कहा कि प्रबंधन की कमियों का फायदा उठाया गया है। अब हम उन कमियों को दूर करेंगे ताकि दोबारा ऐसा न हो।
मीडिया से बातचीत में श्रीकृष्ण मोहन ने कहा, 'कहीं न कहीं प्रबंधन और संचालन में कमियां रह गईं थीं। जहां कहीं लूप होल्स हैं, अब इसे बंद करना है। इसका पूरा प्रयत्न करूंगा। समाज में जो माहौल बना है, इससे हमारे न्यास की छवि धूमिल हुई है। मेरा प्रयास रहेगा कि हम सभी न्यासी लोग इस धूमिल छवि को सही करने का प्रयास करेंगे।'
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गोविंद देव गिरी ने किया चंपत राय का बचाव
बैठक के बाद ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी ने मीडिया से कहा कि घटना बेहद दुखद है। उन्होंने कहा, 'हम सभी इस घटना से बेहद आहत और दुखी हैं। चोरी छोटी थी या बड़ी, ये दूसरी बात है। हम असल में इस बात से परेशान हैं कि यहां ऐसा माहौल कैसे बनने दिया गया। लेकिन असलियत हमारे सामने है और इस पर विचार करना हमारा फर्ज है। इसी गहरी चिंता और दुख की वजह से हम तय तारीख से पहले आज यहां जमा हुए।'
चंपत राय के इस्तीफे पर बात करते हुए गोविंद देव गिरी ने कहा कि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय चढ़ावा चोरी मामले के सामने आने से बेहद आहत थे। उनका कहना है कि जब तक पूरी जांच नहीं हो जाती, यानि अपराधी पकड़ाए नहीं जाते, तब तक उनका इस पद पर बने रहना सही नहीं होगा। इसी के चलते उन्होंने इस्तीफा दिया।
Created On :   6 July 2026 10:00 PM IST




