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Corona in India: पहली बार 24 घंटे में दो हजार से ज्यादा की मौत, 10974 नए केस, कुल मामले 3.54 लाख के पार

Corona in India: पहली बार 24 घंटे में दो हजार से ज्यादा की मौत, 10974 नए केस, कुल मामले 3.54 लाख के पार

हाईलाइट

  • बीते 24 घंटे में 10,974 नए केस, 2003 की मौत
  • देश में कोरोना के कुल मामले 3.54 लाख के पार

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारत में कोरोना वायरस का कहर बढ़ता जा रहा है। यहां संक्रमित मरीजों का आंकड़ा 3.54 लाख के पार पहुंच गया है। बुधवार सुबह स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी रिपोर्ट के अनुसार, बीते 24 घंटों के दौरान 10 हजार 974 मरीज मिले हैं और 2003 की मौत हुई है। कोरोना से एक दिन में मरने वालों की यह सबसे ज्यादा संख्या है। इसी के साथ देश में कोरोना के कुल मामलों की संख्या 3 लाख 54 हजार 65 हो गई है। अब तक 11 हजार 903 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 1 लाख 86 हजार 935 मरीज ठीक हुए हैं। देश में कोविड-19 के 1 लाख 55 हजार 227 मामले अभी भी सक्रिय हैं। 

देश में लगातार 6वें दिन कोरोना के 10 हजार से अधिक मामले सामने आए हैं। वहीं लगातार 9वें दिन इससे उबरने वाले लोगों की संख्या (1,86,934) सक्रिय मामलों (1,55,226) की तुलना में अधिक रही। भारत में रिकवरी दर भी 50 फीसदी के आंकड़े को पार कर गई है।

महाराष्ट्र देश का सबसे प्रभावित राज्य है, जहां अब तक कुल 1,13,445 मामले सामने आ चुके हैं, जबकि 5537 मौतें हो चुकी हैं। राज्य में बीते 24 घंटे में 1409 लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं 2701 नए मामले सामने आए हैं। वहीं कोविड-19 के करीब 48,019 मामलों के साथ तमिलनाडु और फिर 44,688 मामलों के साथ राष्ट्रीय राजधानी का स्थान आता है। दिल्ली में बीते 24 घंटों में 1,859 नए मामले सामने आए हैं, जबकि अब तक 1837 लोगों की मौत हो चुकी है।

कोरोना के 10 हजार से अधिक मामलों वाले राज्यों में 24,576 मामलों के साथ गुजरात, जहां 1,533 मौतें, उत्तर प्रदेश (14,091), राजस्थान (13,216), मध्य प्रदेश (11,083) और पश्चिम बंगाल (11,909) शामिल हैं।

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jitendra mathur June 17th, 2020 10:36 IST

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।