दैनिक भास्कर हिंदी: दिल्ली हिंसा : आप पार्षद के घर से मिले पेट्रोल बम और एसिड

February 27th, 2020

हाईलाइट

  • दिल्ली हिंसा : आप पार्षद के घर से मिले पेट्रोल बम और एसिड

नई दिल्ली, 27 फरवरी (आईएएनएस)। नेहरू विहार से आम आदमी पार्टी (आप) के नगर पार्षद ताहिर हुसैन के चांद बाग स्थित घर के अंदर व छत पर अभी भी कई पेट्रोल बम की बोतलें, एसिड पाउच और पत्थर बिखरे पड़े हैं।

हुसैन का घर उस समय सवालों व जांच के घेरे में आ गया, जब सोमवार और मंगलवार की दोपहर सोशल मीडिया पर कई ऐसे वीडियो देखे गए, जिसमें 100 से 150 लोग पथराव करने के साथ ही पेट्रोल बम व तेजाब फेंकते नजर आए।

इसके बाद भाजपा नेता कपिल मिश्रा ने गुरुवार को आप प्रमुख और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर पलटवार किया। मिश्रा इससे पहले बैकफुट पर थे, क्योंकि उनके कथित भड़काऊ वीडियो के लिए दिल्ली हाईकोर्ट ने पुलिस को उन पर मुकदमा दर्ज करने को कहा था।

मिश्रा ने गुरुवार को एक ट्वीट में कहा, डंके की चोट पर कह रहा हूं। अगर दंगों के दिनों की ताहिर हुसैन के फोन के कॉल डिटेल्स खुल गई तो दंगों में और अंकित शर्मा की हत्या में संजय सिंह और केजरीवाल दोनों की भूमिका सामने आ जाएगी।

खुफिया ब्यूरो (आईबी) के कर्मचारी अंकित शर्मा का शव बुधवार को दंगा प्रभावित इलाके में एक नाले से बरामद किया गया था। आईबी के कर्मचारी के परिजनों ने कथित तौर पर हुसैन पर शर्मा की मौत की साजिश रचने का आरोप लगाया है।

हालांकि आप नेता हुसैन ने एक वीडियो साझा कर दावा किया है कि उन पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं और वह दो दिनों तक अपने घर में मौजूद नहीं थे।

हुसैन के घर के बाहर का दृश्य बड़ा सुनसान नजर आ रहा है, जहां ईंट-पत्थरों के साथ ही धातु की छड़ें, लकड़ी, फर्नीचर और रेफ्रिजरेटर आदि जले पड़े हैं।

हुसैन के घर के आसपास के क्षेत्र में सोमवार और रविवार को हुई हिंसा के दौरान पथराव किया गया और पेट्रोल बमों से घर और दुकानों को जला दिया गया था। घर की दूसरी मंजिल पर 10 से 15 पेट्रोल बम और इतने ही एसिड के पाउच मिले हैं।

यहां तक कि इमारत की चार मंजिला छत पर कई पेट्रोल बम पाए गए, जो कि एक गुलेल के साथ रखे थे, जिनका इस्तेमाल आसपास के घरों पर पेट्रोल बम और पत्थर फेंकने के लिए किया गया था।

कई वीडियो में यह साफ तौर पर देखा गया कि लोग उनके घर से पत्थर और पेट्रोल बम फेंक रहे हैं। इसके बाद हुसैन ने एक वीडियो के जरिए दावा किया कि वह खुद पूर्वोत्तर दिल्ली के कई हिस्सों में हुई हिंसा का शिकार हैं।

शर्मा की मौत के बाद जब उन पर उंगली उठी तो हुसैन की यह टिप्पणी सामने आई है।

पूर्वोत्तर दिल्ली में इस हफ्ते हुई भीषण हिंसा में अब तक कम से कम 34 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं जबकि 200 से अधिक लोग घायल हुए हैं।

यहां नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) के समर्थक और विरोधी प्रदर्शनकारियों के बीच रविवार को पहली बार संघर्ष हुआ था, जिसके बाद हिंसा बढ़ती चली गई।