दैनिक भास्कर हिंदी: दिल्ली के सभी जिले रेड जोन में होने के जिम्मेदार केजरीवाल व उनकी सरकार : मनोज तिवारी

May 8th, 2020

हाईलाइट

  • दिल्ली के सभी जिले रेड जोन में होने के जिम्मेदार केजरीवाल व उनकी सरकार : मनोज तिवारी

नई दिल्ली, 8 मई (आईएएनएस)। भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने शुक्रवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को शहर की वास्तविक स्थिति को जाने बिना शराब की दुकान खोलने के लिए दोषी ठहराया।

इसके साथ ही उन्होंने राष्ट्रीय राजधानी के सभी जिलों के रेड जोन में आने के लिए आम आदमी पार्टी (आप) सरकार को जिम्मेदार ठहराया।

तिवारी ने आईएएनएस से कहा कि एक तरफ तो शहर से रोजाना 400 से अधिक कोरोना मामले सामने आ रहे हैं और दूसरी तरफ सरकार ने शराब की दुकानों को खोलने की अनुमति दे दी है।

तिवारी ने कहा, दिल्ली देश के सबसे खराब प्रभावित (कोरोना) शहरों में से एक है। इसके बावजूद उन्होंने (दिल्ली सरकार ने) वायरस की श्रृंखला को तोड़ने के लिए कुछ नहीं किया। उन्होंने केंद्र की गाइडलाइन की गलत व्याख्या की और दिल्ली में शराब की दुकानों को खोला।

उन्होंने सरकार से सवाल किया कि अगर शराब की दुकानों पर भीड़ में एक भी कोरोना संक्रमित व्यक्ति होता है तो कौन जिम्मेदार होगा।

भाजपा सांसद ने कहा, संपर्कों का पता लगाने के लिए कोई साधन नहीं होगा। इससे तस्वीर खराब हो सकती है। उन्हें शराब की दुकानों को खोलने की अनुमति नहीं देनी चाहिए थी और भीड़ को प्रबंधित करने के लिए व्यवस्था करनी चाहिए थी।

दिल्ली भाजपा प्रमुख ने कहा कि दिल्ली सरकार जो कहती और करती है, उसमें अंतर है।

तिवारी ने कहा कि वह केजरीवाल के खिलाफ कोई भी राजनीतिक बयानबाजी करने से दूर रहे हैं क्योंकि यह वो समय है जब हम सभी को एक साथ खड़ा होना चाहिए। उन्होंने कहा, लेकिन, हमें कहना पड़ रहा है कि केजरीवाल और उनकी सरकार की वजह से सभी जिले रेड जोन में हैं।

तिवारी ने कहा कि बतौर विपक्ष यह उनका कर्तव्य है कि यह उजागर किया जाए कि पूरी प्रणाली कैसे विफल हो गई। उन्होंने कहा, दिल्ली भाजपा अध्यक्ष होने के नाते मैं केजरीवाल से पूछना चाहूंगा कि अगर संकट के समय में सरकार में इतनी सारी कमियां हैं, तो सरकार किसके लिए है?

तिवारी ने कहा कि वह अभी भी सरकार का विरोध नहीं कर रहे हैं लेकिन विपक्ष के रूप में असली तस्वीर सामने लाना हमारा कर्तव्य है।

उन्होंने यह भी कहा कि अगर दिल्ली सरकार को लगता है कि मदद के मामले में केंद्र की तरफ से कोई मुद्दा है और अगर उन्हें लगता है कि केंद्र पर्याप्त कदम नहीं उठा रहा है तो वे अदालत जा सकते हैं।

तिवारी ने कहा कि केजरीवाल को शराब की दुकानें खोलने से पहले दिल्ली की हालत देखनी चाहिए थी।

राष्ट्रीय राजधानी से अब तक लगभग 6,000 कोरोना पॉजिटिव मामले सामने आ चुके हैं।