comScore

महाराष्ट्र: वाधवन ब्रदर्स समेत 23 लोगों पर FIR, लॉकडाउन के बीच सभी गए थे महाबलेश्वर

महाराष्ट्र: वाधवन ब्रदर्स समेत 23 लोगों पर FIR, लॉकडाउन के बीच सभी गए थे महाबलेश्वर

हाईलाइट

  • लॉकडाउन के बीच महाबलेश्वर गए थे DHFL के प्रमोटर कपिल और धीरज वधावन
  • वधावन ब्रदर्स समेत 23 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया

डिजिटल डेस्क, मुंबई। देश में कोरोना वायरस के कारण लगाए गए लॉकडाउन के बीच महाराष्ट्र के महाबलेश्वर पहुंचे दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (DHFL) के प्रमोटर कपिल और धीरज वाधवन समेत 23 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। इन सभी पर शुक्रवार को अलग-अलग धाराओं में केस दर्ज किया गया। सतारा जिले की पुलिस ने लॉकडाउन का उल्लंघन करने के आरोप में 9 अप्रैल की रात को ही सभी को हिरासत में ले लिया था।

लॉकडाउन के उल्लंघन का आरोप
महाराष्ट्र के सतारा जिले के महाबलेश्वर पहुंचे डीएफएचएल के प्रमोटर कपिल और धीरज वधावन सहित 23 लोगों के खिलाफ लॉकडाउन और Covid-19 से जुड़ी पाबंदियों के उल्लंघन के आरोप में शुक्रवार को FIR दर्ज की गई। सभी लोगों पर आईपीसी, डिजास्टर मैनेजमेंट और महामारी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। स्थानीय पुलिस के अनुसार कोरोना की रोकथाम के लिये पुणे और सतारा दोनों जिले सील हैं, इसके बावजूद वधावन परिवार ने कई लोगों साथ अपनी कारों से खंडाला से महाबलेश्वर की यात्रा की।

यस बैंक और डीएफएचएल धोखाधड़ी मामलों में आरोपी हैं वधावन ब्रदर्स 
कपिल और धीरज वधावन यस बैंक और डीएफएचएल धोखाधड़ी मामलों में आरोपी हैं। पुलिस ने कहा, नगर निगम के अधिकारियों ने उन्हें दीवान फार्म हाउस में देखा था। सभी 23 आरोपियों के खिलाफ IPC की धारा 188, 269, 270, 34 के तहत केस दर्ज किया गया है। इससे पहले सतारा पुलिस ने लॉकडाउन का उल्लंघन करने के आरोप में 9 अप्रैल की रात 23 लोगों को हिरासत में ले लिया था। इनमें DHFL के प्रमोटर वधावन ब्रदर्स कपिल और धीरज भी शामिल थे। जानकारी के मुताबिक 23 लोगों में वधावन ब्रदर्स के परिवार के सदस्य, कुक, हाउस सर्वेंट और एक बॉडीगार्ड भी शामिल है। ये सभी लोग 9 अप्रैल को ही अपनी पांच कारों में NH4 से होते हुए महाबलेश्वर पहुंचे थे। 

हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन: दवा मिलने पर PM नेतन्याहू बोले- थैंक्यू दोस्त, मोदी ने कहा- भारत हर मदद को तैयार

ये है पूरा मामला
दरअसल DHFL के प्रमोटर कपिल और धीरज वधावन देश में जारी 21 दिन के लॉकडाउन के बीच गुरुवार को सतारा जिले के महाबलेश्वर घूमने गए थे, उनके साथ परिवार के अन्य सदस्य और कुछ सहायक भी थे। जब वो महाबलेश्वर में स्थित अपने बंगले पर पहुंचे तो आस-पास के लोगों ने उनके आने की सूचना पुलिस को दे दी। जिसके बाद पुलिस ने सभी को हिरासत में ले लिया और लॉकडाउन उल्लंघन का केस भी दर्ज किया।

बीजेपी-शिवसेना के बीच सियासत
इस मामले में बीजेपी और शिवेसना के बीच सियासत भी शुरू हो गई। बीजेपी नेता किरीट सोमैया ने लॉकडाउन में  वधावन ब्रदर्स को यात्रा की अनुमति देने के मामले में महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख के इस्तीफे की मांग की। बीजेपी नेता का आरोप है, लॉकडाउन के बीच वधावन फैमिली मुंबई से महाबलेश्वर कैसे पहुंची, क्या सरकार येस बैंक के आरोपियों को VVIP ट्रीटमेंट दे रही है।

एक पत्र भी सामने आया है जिसमें महाराष्ट्र के गृह विभाग के विशेष सचिव और एडिशनल डीजीपी अमिताभ गुप्ता ने अपने आधिकारिक पत्र पर वधावन परिवार के सदस्यों को खंडाला से महाबलेश्वर जाने की इजाजत दी है

वहीं जांच एजेंसियों CBI और ED ने जानकारी दी है कि, वधावन परिवार पहली बार महाबलेश्वर नहीं गया है। कपिल और धीरज वधावन अपने परिवार के साथ मार्च में भी महाबलेश्वर गए थे। ईडी और सीबीआई ने इसी दौरान वधावन ब्रदर्स को कई समन भी भेजे थे। उनसे येस बैंक की जांच में शामिल होने के लिए कहा गया था, तब कोरोना वायरस का हवाला देकर दोनों जांच में शामिल नहीं हुए थे।

कमेंट करें
2LQRc