दैनिक भास्कर हिंदी: करणी सेना की धमकी से जयपुर लिट फेस्ट में नहीं जाएंगे प्रसून जोशी

January 27th, 2018

डिजिटल डेस्क, जयपुर। सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (सेंसर बोर्ड) के अध्यक्ष प्रसून जोशी 2018 के जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल (JLF) में नहीं जाएंगे। जोशी को ज़ी जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में 28 जनवरी (रविवार) को शामिल होना था। इस दिन का इवेंट जयपुर के बैंक ऑफ बड़ौदा लॉन में दोपहर 2।30 बजे से 3।30 बजे के बीच होना था। लेकिन प्रसून जोशी अब इसमें शामिल होने से इंकार कर दिया है।

कई दिनों से कयास चल रहे थे कि करणी सेना के विरोध को देखते हुए प्रसून जोशी का सेशन कैंसल किया जा सकता है। प्रसून ने खुद लिटरेचर फेस्टिवल में शिरकत न करने की पुष्टि की। उन्होंने कहा, 'इस साल जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल में शामिल नहीं होंगे और जरूर कहना चाहूंगा कि कविता प्रेमियों और साहित्य के महान क्षणों को शेयर करना मिस करूंगा।

प्रसून ने कहा, 'फ़िल्म पद्मावत से जुड़े विवादों की तो यहां मैं एक बार फिर यह कहना चाहता हूं कि फ़िल्म पद्मावत को, नियमों के अंतर्गत सुझावों को जहां तक संभव हो सम्मिलित करते हुए, सकारात्मक सोच के साथ, भावनाओं का सम्मान करते हुए ही प्रमाणित किया गया है। ये पूरी निष्ठा से एक संतुलित और संवेदनशील निर्णय का प्रयास है। अब थोड़ा विश्वास भी रखना होगा। विश्वास एक दूसरे पर भी और हमारी स्वयं की बनायी प्रक्रियाओं और संस्थाओं पर भी। विवादों की जगह विचार विमर्श को लेनी होगी, ताकि भविष्य में हमें इस सीमा तक जाने की आवश्यकता न पड़े।

'प्रसून जोशी को राजस्थान में घुसने नहीं देंगे'
गौरतलब है कि 19 जनवरी को राजपूत करणी सेना के सुखदेव सिंह ने सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) के प्रमुख प्रसून जोशी को लेकर भी धमकी दी थी। उन्होंने कहा था कि 'हम प्रसून जोशी को राजस्थान में घुसने नहीं देंगे। हालांकि राजस्थान के गृह मंत्री गुलाब चंद कटारिया प्रसून जोशी को पूरी सुरक्षा मुहैया कराने का आश्वासन दिया था।

इस लिटरेचर फेस्टिवल में शामिल होने के लिए पहुंचे विशाल भारद्वाज ने कहा, 'यह दुखद है कि भारतीय फिल्‍मों को निशाना बनाया जा रहा है। सबसे डरावनी बात यह है कि प्रदर्शनकारी कानून को अपने हाथ में लेते हुए ऐसा कर रहे हैं। मैं उम्‍मीद करता हूं कि राज्‍यों की सरकारें इतनी मजबूत हों कि वह सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाजवूद कानून का उल्‍लंघन कर रहे ऐसे लोगों पर सख्‍त कार्रवाई कर सकें'।