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कठुआ गैंगरेप : बैंक मैनेजर ने लिखा 'अच्छा हुआ वो मर गई, नहीं तो आतंकी बनती'

कठुआ गैंगरेप : बैंक मैनेजर ने लिखा 'अच्छा हुआ वो मर गई, नहीं तो आतंकी बनती'

डिजिटल डेस्क, कोच्चि। जम्मू-कश्मीर के कठुआ में 8 साल की बच्ची के साथ हुए गैंगरेप और मर्डर को लेकर एक बैंक अधिकारी ने बेहद ही आपत्तिजनक बात कही है। कोटक महिंद्रा बैंक की केरल की एक ब्रांच में असिस्टेंट मैनेजर रहे विष्णु नंद कुमार ने कठुआ गैंगरेप पीड़ित के बारे में सोशल मीडिया पर बेहद ही शर्मनाक कमेंट किया है। विष्णु कुमार ने फेसबुक पर लिखा 'अच्छा हुआ वो मर गई, नहीं तो आतंकी बन जाती'। इस कमेंट के बाद बैंक ने विष्णु को जॉब से निकाल दिया है।   



विष्णु ने क्या लिख था?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कोटक महिंद्रा बैंक के कोच्चि स्थित पलरिवत्तम ब्रांच में असिस्टेंट मैनेजर के तौर पर काम कर रहे विष्णु ने फेसबुक पर लिखा था 'अच्छा हुआ कि वो इस उम्र में ही मर गई, नहीं तो बड़ी होकर भारत के खिलाफ सुसाइड बम बनकर सामने आती।' 



बैंक ने जॉब से निकाला

सोशल मीडिया पर कठुआ गैंगरेप पीड़िता पर किया गया विष्णु का ये कमेंट सोशल मीडिया पर तुरंत वायरल हो गया। जिसके बाद बैंक ने एक्शन लेते हुए विष्णु को जॉब से निकाल दिया। बैंक ने एक बयान जारी कर बताया कि 'हमने विष्णु नंद कुमार को उसकी खराब परफॉर्मेंस के चलते 11 अप्रैल 2018 को सर्विस से निकाल दिया है। ऐसी घटना के बाद ऐसा कमेंट बेहद दुखद है। हम इस बयान की कड़ी निंदा करते हैं।' 

कठुआ रेप और मर्डर : नशा देकर बच्ची से गैंगरेप, पुलिसकर्मी भी शामिल

उमर अब्दुल्ला ने भी किया ट्वीट

जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने ट्वीट कर लिखा 'अच्छा हुआ, वो निकाला गया।'



क्या है पूरा मामला?

दरअसल, 10 जनवरी को जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले की हीरानगर तहसील के रसाना गांव से एक 8 साल की बच्ची अगवा हो गई थी। इस बच्ची के साथ कई दिनों तक रेप किया गया और बाद में उसकी हत्या कर दी गई। गांव के जंगलों में बच्ची की लाश पड़ी मिली थी। जानकारी के मुताबिक, बच्ची को अगवा करके गांव के एक धार्मिक स्थल में रखा गया था, जहां उसे बार-बार नशा दिया और कई बार रेप किया गया। बच्ची को अपनी हवस का शिकार बनाने के बाद आरोपियों ने पहले बच्ची का गला घोंटा और बाद में उसके सिर पर पत्थर मार कर उसकी हत्या कर दी।

किस-किसके खिलाफ केस दर्ज

इस पूरे मामले में क्राइम ब्रांच ने 8 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। मामले का मास्टरमाइंड रिटायर्ड राजस्व अधिकारी संजी राम बताया जा रहा है। इस मामले में क्राइम ब्रांच ने संजी राम, उसके बेटे विशाल और भतीजे को आरोपी माना है। इसके साथ ही स्पेशल पुलिस ऑफिसर दीपक खजुरिया, सब इंस्पेक्टर आनंद दत्ता, पुलिस ऑफिसर सुरेंद्र कुमारा, रसाना गांव का रहने वाला परवेश कुमार और हेड कॉन्स्टेबल तिलक राज को इस मामले में भूमिका निभाने और सबुत मिटाने की कोशिश करने का आरोपी बनाया गया है। दीपक खजुरिया पर बच्ची के साथ रेप करने का आरोप भी लगाया गया है। 
 

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