महाराष्ट्र पॉलिटिक्स: बारामती उपचुनाव में कांग्रेस के उम्मीदवार उतारने से भड़के पार्थ पवार, अब सुप्रिया सुले ने दी ये नसीहत

बारामती उपचुनाव में कांग्रेस के उम्मीदवार उतारने से भड़के पार्थ पवार, अब सुप्रिया सुले ने दी ये नसीहत
महाराष्ट्र में बारामती विधानसभा में उपचुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज है। इस सीट पर एनसीपी (अजित गुट) के नेता पार्थ पवार कांग्रेस के उम्मीदवार से नाराज है।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। महाराष्ट्र में बारामती विधानसभा में उपचुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज है। इस सीट पर एनसीपी (अजित गुट) के नेता पार्थ पवार कांग्रेस के उम्मीदवार से नाराज है। इसे लेकर अब एनसीपी (शरद गुट) की नेता और बारामती से सांसद सुप्रिया सुले ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने मंगलवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि चुनाव लड़ना एक संवैधानिक अधिकार है और कांग्रेस सम्मान की पात्र है। सुले ने कहा कि एनसीपी नेताओं ने सोमवार को पार्थ की मां और महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार द्वारा नामांकन पत्र दाखिल किये जाने के वक्त उपस्थित रहने के लिए उन्हें और एनसीपी (एसपी) अध्यक्ष शरद पवार को आमंत्रित किया गया था।

बारामती में कांग्रेस के उम्मीदवार उतारने से भड़के पार्थ पवार

पार्थ पवार ने सोमवार को कहा कि सुनेत्रा पवार के खिलाफ उम्मीदवार उतारने से कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ेगा। पार्थ के बयान पर एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार ने सार्वजनिक रूप से कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए उनकी राजनीतिक परिपक्वता पर सवाल उठाया था। पवार परिवार के वरिष्ठ नेता ने कहा था कि कांग्रेस को स्वतंत्र राजनीतिक दल के रूप में चुनाव लड़ने का अधिकार है।

एनसीपी प्रमुख और सुनेत्रा पवार के पति अजित पवार की 28 जनवरी को एक विमान दुर्घटना में मृत्यु के कारण 23 अप्रैल को इस सीट से उपचुनाव कराना आवश्यक हो गया था। पार्थ की टिप्पणी और उसपर शरद पवार की प्रतिक्रिया के बारे में पूछे जाने पर सुले ने कहा, "हमारे परिवार में, जब बड़े बोलते हैं, तो हम सुनते हैं, और निजी सलाह घर पर ही दी जाती है, सार्वजनिक रूप से नहीं। मेरा पालन-पोषण इसी सिद्धांत के साथ किया गया है और मैं इसका पालन अपने परिवार और राजनीति दोनों में करती हूं।"

बारामती सांसद सुले ने कहा कि कांग्रेस ने स्वतंत्रता आंदोलन में भूमिका निभाई और देश की प्रगति तथा विकास के लिए काम किया है। उन्होंने कहा कि डॉ। बी। आर। आंबेडकर द्वारा तैयार किए गए संविधान के अनुसार कांग्रेस को चुनाव लड़ने का अधिकार है। सुले ने कहा, "यह एक ऐसी पार्टी है, जो संविधान के दायरे में रहकर काम करती है और सम्मान की पात्र है। मैंने कांग्रेस के समर्थन और मार्गदर्शन में चुनाव लड़ा है। हम कांग्रेस की विचारधारा के साथ बड़े हुए हैं।"

सुप्रिया सुले ने शरद पवार को लेकर कही ये बात

सुप्रिया सुले के पिता और एनसीपी के चीफ शरद पवार ने 1999 में कांग्रेस से नाता तोड़ लिया था, लेकिन बाद में उसके साथ गठबंधन कर लिया। उन्होंने कहा कि एनसीपी नेता छगन भुजबल और दिलीप वलसे पाटिल ने सुनेत्रा पवार द्वारा नामांकन पत्र दाखिल किये जाने के समय मुझे और शरद पवार को उपस्थित रहने के लिए आमंत्रित किया। सुले ने अपनी अनुपस्थिति का कारण बताए बिना कहा, "पवार साहब को दिल्ली में राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेनी थी, इसलिए वह वहां उपस्थित नहीं हो सके।"

जब उनसे पूछा गया कि क्या वह चुनाव प्रचार के लिए बारामती जाएंगी, तो उन्होंने सीधे जवाब देने से परहेज किया। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)-नीत 'महायुति' ने एनसीपी अध्यक्ष रहे अजित पवार के सम्मान में उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार को निर्विरोध निर्वाचित कराने की अपील की थी। एनसीपी (SP) और शिवसेना (UBT) ने इस सीट पर अपने उम्मीदवार नहीं उतारे, लेकिन कांग्रेस ने आकाश मोरे को प्रत्याशी बनाने की घोषणा की।

Created On :   8 April 2026 12:09 AM IST

Tags

और पढ़ेंकम पढ़ें
Next Story