तमिलनाडु में सरकार गठन पर सियासी घमासान: 'गवर्नर बीजेपी के एजेंट', राज्यपाल ने विजय को लौटाया तो आग बबूला हुए कपिल सिब्बल

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। तमिलनाडु में नई सरकार बनने से पहले राजनीति काफी गरमाई हुई है। विधानसभा चुनाव में पहली बार उतरी टीवीके सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आई लेकिन उसे पूरा बहुमत नहीं मिली जिसके चलते नई सरकार के गठन को लेकर मुश्किलें आ रही हैं। टीवीके प्रमुख विजय ने सरकार बनाने का दावा पेश किया और कहा कि उन्हें दूसरे दलों और विधायकों का समर्थन हासिल है। इस बीच वरिष्ठ वकील और पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल ने भी राज्यपाल की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि सबसे बड़ी पार्टी को सरकार बनाने का मौका मिलना चाहिए और बहुमत का फैसला विधानसभा में होना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने गवर्नर्स को बीजेपी का एजेंट भी बताया है।
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कपिल सिब्बल ने उठाए सवाल
कपिल सिब्बल ने कहा कि कई राज्यपाल संविधान का सही इस्तेमाल नहीं करते और राजनीतिक दबाव में फैसले लेते हैं। उन्होंने कहा कि विजय सबसे बड़ी पार्टी के नेता हैं इसलिए उन्हें पहले सरकार बनाने के लिए बुलाना चाहिए। सिब्बल ने कहा कि बहुमत का परीक्षण विधानसभा में होना चाहिए न कि राजभवन में।
राज्यपाल से मिले विजय
विजय ने गुरुवार को तमिलनाडु के राज्यपाल आरएन रवि से मुलाकात की। उन्होंने सरकार बनाने का दावा पेश करते हुए कहा कि उन्हें जरूरी समर्थन मिल चुका है। टीवीके ने चुनाव में 108 सीटें जीतकर बड़ा प्रदर्शन किया है।
बहुमत साबित करने का भरोसा
सूत्रों के अनुसार, विजय ने राज्यपाल को भरोसा दिलाया कि शपथ लेने के बाद वे आसानी से विधानसभा में बहुमत साबित कर देंगे। उन्होंने समर्थन देने वाले विधायकों और दलों की जानकारी भी दी। बताया जा रहा है कि राज्यपाल विजय की बातों से संतुष्ट नजर आए और बाद में उन्हें सरकार बनाने का न्योता दे दिया।
Created On :   7 May 2026 4:58 PM IST













