दैनिक भास्कर हिंदी: Covid-19: बाबा रामदेव ने कहा, कोरोनिल और श्वसारि पर अब कोई प्रतिबंध नहीं, पूरे देश में मिलेंगी ये दवाएं

July 1st, 2020

हाईलाइट

  • कोरोना की आयुर्वेदिक दवा कोरोनिल पर रामदेव की सफाई
  • कोरोनिल के काम पर आयुष मंत्रालय ने हमारे प्रयासों को सराहा
  • क्लीनिकल ट्रायल, रजिस्ट्रेशन दोनों प्रक्रिया में नियमों का पालन किया

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली।  कोरोना वायरस की आयुर्वेदिक दवा 'कोरोनिल' पर हो रहे विवाद को लेकर आज (1 जुलाई) योग गुरु बाबा रामदेव ने सफाई दी। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा, कोरोनिल के काम पर आयुष मंत्रालय ने हमारे प्रयासों की सराहना की है। दवा के लिए क्लीनिकल ट्रायल और रजिस्ट्रेशन दोनों प्रक्रिया में नियमों का पालन किया गया। हमने कोरोनिल दवा से जुड़ी पूरी रिसर्च आयुष मंत्रालय को दी थी जिसको भी देखना है वो देख सकता है। मॉडर्न साइंस के प्रोटोकॉल के तहत रिसर्च की गई। बाबा रामदेव ने कहा कि कोरोना के इलाज के लिए पतंजलि की कोरोनिल और श्वसारि दवा पर अब कोई कानूनी प्रतिबंध नहीं है।

बाबा रामदेव ने कहा...

  • बाबा रामदेव ने ये भी कहा कि, हम आज से बिना किसी कानूनी बाधा के कोरोनिल दवा को मार्केट में भेज रहे हैं। लोगों को हमारी दवा का इंतजार है। उन्होंने कहा,आयुर्वेद में ड्रग लाइसेंस किसी भी औषधि के परंपरागत गुणों के आधार पर मिलते हैं। कोरोनिल और श्वसारि का संयुक्त ट्रायल किया गया है।                              
  • रामदेव ने कहा, ड्रग माफिया व MNC माफिया सब बेनकाब होंगे और आयुर्वेद प्रतिष्ठापित होगा। ड्रग माफियाओं ने दवा का दुष्प्रचार किया। वे अपने फायदे के लिए देश में योग, स्वदेशी और भारतीयता के खिलाफ माहौल बनाना चाहते हैं।
  • हमने कोरोना की दवा पर अच्छी पहल की, लेकिन लोग हमें गाली दे रहे हैं। आप हमें खूब गाली दीजिए, लेकिन कम से कम उन लोगों के साथ हमदर्दी रखो, जो कोरोना से पीड़ित हैं और जिन लाखों-करोड़ों बीमार लोगों का पतंजलि ने इलाज किया है। उन्होंने बताया, कोरोनिल में गिलोय, अश्वगंधा और तुलसी का संतुलित मात्रा में मिश्रण है। 
     
  • आयुष मंत्रालय ने अपनी बात में कहा कि, पतंजलि ने कोविड मैनेजमेंट में अच्छा काम किया है। इसमें ट्रीटमेंट का जिक्र नहीं किया है। लेकिन लोगों ने कहा, पतंजलि ने कोरोनिल पर यूटर्न ले लिया। कुछ लोगों ने सोशल मीडिया पर यह बात भी फैला दी कि 7 दिनों में बाबा जेल चले जाएंगे। 
     
  • शब्दों के मायाजाल में हमें नहीं पड़ना चाहिए। मोदी जी ने कहा कि कोरोना की एक ही दवाई है- दो गज की दूरी। जब दो गज की दूरी कोरोना की दवा हो सकती है, कोरोनिल तो उससे बहुत ज्यादा ताकतवर है।