खतरा: अस्पतालों में बढ़ रहे कोरोना मरीज,22 दिन बाद एक मौत दर्ज

July 25th, 2022

डिजिटल डेस्क, नागपुर। महीनाभर पहले शहर के अस्पतालाें में कोराना मरीजों की संख्या शून्य थी। लक्षण सामान्य होने से व कुछ मरीजों में लक्षण नहीं होने के कारण उन्हें होम आइसोलेट किया जा रहा था। पिछले महीनाभर से तीव्र लक्षण वाले मरीजों की संख्या धीरे-धीरे बढ़ रही है।  सरकारी व निजी अस्पतालों मेें मिलाकर कुछ 65 मरीज भर्ती थे। यह मरीज पहले से विविध बीमारियों से पीड़ित हैं। तबीयत बिगड़ने के बाद उनकी कोराेना जांच करायी गई, जिसमें वे पॉजिटिव पाए गए हैं।

शुगर, मधुमेह, रक्तदाब के मरीज अधिक : शनिवार को शहर के सरकारी व निजी अस्पतालों में 65 मरीज भर्ती थे। इनमें से 11 मरीज मेडिकल में, 3 मरीज मेयो में, 3 मरीज रेलवे अस्पताल में, 8 मरीज एम्स में व निजी अस्पतालों में 40 मरीज भर्ती थे। इनमें से अाधे से अधिक मरीजों में तीव्र लक्षण पाए गए थे। इनकी उम्र 60 साल से अधिक बतायी गई है। मनपा के स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों के अनुसार इन मरीजों को पहले से विविध बीमारियां हैं। अधिकतर मरीजों को शुगर, मधुमेह, रक्तदाब, किडनी की समस्या जैसी बीमारियां हैं। इन बीमारियों के कारण उनकी तबीयत खराब होने पर उन्हें जांच की सलाह दी जाती है। जांच के बाद उनमें लक्षणों का पता चल जाता है। यदि तीव्र लक्षण पाए गए, तो अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उपचार किया जा रहा है। वहीं हृदयरोगियों को भी कोरोना अपनी चपेट में जल्दी ले लेता है। ऐसे में जिन्हें पहले से दूसरी बीमारियां हैं, उन्हें सावधान रहने की व सुरक्षा नियमों का पालन करने की सलाह स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी जाती है।  

निमोनिया के मरीजों में भी लक्षण : शनिवार को 1,465 मरीज होम आइसोलेट थे। इनमें सामान्य लक्षण और बिना लक्षण वालों का समावेश है। कोरोना से बचाव के लिए सरकार की मार्गदर्शक सूचनानुसार उन्हें 10 दिन तक होम आइसोलेट रहने को कहा गया है। मरीजों की तबीयत खराब होने पर जांच की गई थी। इन दिनों संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा बना रहता है। तबीयत खराब होने पर सर्दी, खांसी, बुखार आदि समस्या होती है। ऐसे में कोरोना जांच करवाना जरूरी है। यदि पॉजिटिव पाए गए, तो उसके अनुसार उपचार किया जा रहा है। इन दिनों निमोनिया के मरीज अधिक पाए जाते हैं। उनकी जांच कराने पर वे भी काेरोना पॉजिटिव पाए जाते हैं। 

22 दिन बाद जिले में कोरोना से एक मौत दर्ज
जिले में 22 दिन बाद कोरोना से एक मौत दर्ज हुई है। इससे पहले 2 जुलाई को कोरोना से एक मौत हुई थी। पिछले सप्ताहभर से नए कोरोना मरीजों की संख्या 200 से अधिक होने से प्रशासन चिंता में है। रविवार को 1,838 सैंपल की जांच में 214  सैंपल पॉजिटिव पाए गए हैं। अब तक कुल पॉजिटिव मरीजों की संख्या 5,82,710 हो गई है। मेयो अस्पताल की अधिष्ठाता डॉ. लीला गुलअभिचंदानी भी कोरोना पॉजिटिव हैं। फिलहाल वे होम आइसोलेट हैं। इस दिन 262 मरीज स्वस्थ हुए हैं। अब तक कुल 5,70,892 मरीज स्वस्थ हुए हैं। 

1,478 एक्टिव मरीज : एक्टिव मरीजों की संख्या 1,478 है। इनमें शहर के 1,013 व ग्रामीण के 465 मरीज शामिल हैं। रिकवरी दर 98.21 फीसदी है। इस दिन कोरोना से एक मौत दर्ज की गई है। मृतक 55 साल की महिला है। उसे पहले से विविध बीमारियां थीं। तबीयत खराब पर सप्ताह के शुरुआत में उसे मेयो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दो दिन पहले नागपुर शहरी क्षेत्र की निवासी इस महिला की मौत हुई। सरकारी रिकॉर्ड में रविवार को उसकी मौत दर्ज की गई है। इसके साथ मृतकों की संख्या 10,340 हो गई है। एक्टिव मरीजों में 1,414 बिना लक्षण वाले होम आइसोलेट व लक्षण वाले 65 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं।  भर्ती मरीजों में से 11 मेडिकल, 3 मेयो, 3 रेलवे अस्पताल, 7 एम्स में व अन्य निजी अस्पतालों में भर्ती हैं।