गजब डेयरिंग: सरकारी वाहन में दूध की सप्लाई, सोशल मीडिया पर पीडब्ल्यूडी के अभियंता की गाड़ी का वीडियो वायरल, गरिमा का चीरहरण

सरकारी वाहन में दूध की सप्लाई, सोशल मीडिया पर पीडब्ल्यूडी के अभियंता की गाड़ी का वीडियो वायरल, गरिमा का चीरहरण
  • सरकारी पद का अजब डेयरीकरण
  • डेयरी फार्म में 150 से अधिक गायें

Nagpur News. नीरज दुबे | सरकारी तंत्र में ‘सेवा' की परिभाषा कितनी बदल गई है, यह एक वायरल वीडियो को देखकर समझ में आता है। लोकनिर्माण क्रमांक-1 अंतर्गत एक उपविभाग के उप अभियंता अविनाश गुल्हाणे को आवंटित वाहन का वीडियो वायरल हुआ है। इस वीडियो में सरकारी वाहन क्रमांक एमएच-31-एफएक्स-2084 से निजी दूध संकलन केन्द्र में दूध पहुंचाया जा रहा है। इस वीडियो को पेन ड्राइव में शिकायत के साथ मुख्य अभियंता कार्यालय में दिया गया है। हालांकि मुख्य अभियंता समेत आला अधिकारी कोई भी आधिकारिक रूप से वीडियो अथवा शिकायत मिलने से इनकार कर रहे हैं।

चर्चा तेज है

फाइलों को ‘दुहकर' मोटी मलाई खाने वाले साहब ने सीधे सरकारी गाड़ी को अपने निजी धंधे का वाहन बना दिया। जनता के टैक्स के पैसे से खरीदे गए ईंधन का धुआं साहब के निजी व्यापार की खुशबू फैला रहा है। यह सिर्फ एक गाड़ी का दुरुपयोग नहीं, बल्कि उस पद की गरिमा का चीरहरण है। सरकारी पद का ऐसा ‘डेयरीकरण'....अजब-गजब।

डेयरी फार्म में 150 से अधिक गायें

लोकनिर्माण उपविभाग क्रमांक 3 के उप अभियंता अविनाश गुल्हाणे को विभाग से सरकारी वाहन क्रमांक एमएच-31-एफएक्स-2084 आवंटित है। अविनाश गुल्हाणे का निजी तौर पर पारसिवनी में डेयरी फार्म है। इस डेयरी फार्म में करीब 150 से अधिक गायें हैं। शहर में अनेक स्थानों पर इस फार्म से दूध भेजे जाते हैं। वायरल वीडियो में दिख रहा है कि 2 कैन में दूध भरकर अविनाश गुल्हाणे के उक्त सरकारी वाहन क्रमांक एमएच-31-एफएक्स-2084 से ले जाया जा रहा है। शहर के एक स्थान पर दूध संकलन केन्द्र में दूध का कैन उतारा भी जा रहा है। हालांकि इस मामले में उप अभियंता अविनाश गुल्हाणे ने निजी डेयरी के दूध को वितरण के लिए सरकारी वाहन के इस्तेमाल से इनकार किया गया है।

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चर्चा में रहे हैं साहब

अविनाश गुल्हाणे अक्सर सुर्खियों में रहते हैं। करीब दो साल पहले विधानभवन में अत्याधुनिक सुविधाओं को लेकर तत्कालीन मुख्य अभियंता दिनेश नंदनवार, अधीक्षक अभियंता जनार्दन भानुसे और कार्यकारी अभियंता अभिजीत कुचेवार ने जल्दबाजी में कामों को पूरा करने से इनकार कर दिया था, लेकिन आला अधिकारियों को दरकिनार कर दो माह में सुविधा तैयार करने को लेकर विधानमंडल प्रशासन को अविनाश गुल्हाणे ने हामी भर दी थी। हंगामा मचने के बाद अविनाश गुल्हाणे को अपने कदम पीछे लेने पड़े थे। अब गुल्हाणे के कब्जे वाले सरकारी वाहन का वीडियो सामने आया है।

सरकारी काम में इस्तेमाल

  • अविनाश गुल्हाणे, उप अभियंता, लोकनिर्माण उपविभाग क्रमांक 3 के मुताबिक सरकारी वाहन से मेरे निजी डेयरी फार्म के दूध वितरण का प्रश्न ही नहीं उठता है। पिछले माह कार्यालय के कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति थी। इस समारोह में भोजन के साथ छांछ और दूध लाने के लिए सरकारी वाहन का इस्तेमाल हुआ है। मुझे भी वीडियो वायरल होने को लेकर जानकारी मिली है, लेकिन ऐसा कोई भी वीडियो मैंने देखा नहीं है।

सुना है, शिकायत नहीं मिली

  • लक्ष्मीकांत राऊलकर, कार्यकारी अभियंता, लोकनिर्माण विभाग क्रमांक-1 के मुताबिक लोकनिर्माण उपविभाग क्रमांक 3 के उप अभियंता के वाहन से निजी दूध वितरण को लेकर सुना है, लेकिन मुझे कोई भी शिकायत अथवा जानकारी कार्यालय में नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर आला अधिकारियों से चर्चा कर स्पष्टीकरण मांगा जाएगा।

कार्यालय में नहीं शिकायत

  • जनार्दन भानुसे, अधीक्षक अभियंता, लोकनिर्माण विभाग के मुताबिक लोकनिर्माण उपविभाग क्रमांक 3 के उप अभियंता के लिए वाहन से दूध वितरण को लेकर मेरे कार्यालय में शिकायत नहीं मिली है, मैंने पूरी डाक को देखा है। मुख्य अभियंता कार्यालय में शिकायत मिलने पर मेरे कार्यालय को भेजी जाएगी। इस मामले में संबंधित विभाग के कार्यकारी अभियंता से भी जानकारी लूंगा।





Created On :   16 March 2026 5:36 PM IST

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